डेढ़ महीने तक चला विश्वकप लॉर्ड्स में नाटकीय अंदाज में मेजबान इंग्लैंड को चैंपियन बनाकर चला गया। इस दौरान कई रोमांचक मुकाबले देखने को मिले, उलटफेर हुए। कई असाधारण रिकॉर्ड्स बने, कई टूटे। कई खिलाड़ी अपने प्रदर्शन से इस टूर्नामेंट में चार चांद लगाकर खुद भी चमक उठे। बल्लेबाजों ने रन बनाए। गेंदबाजों ने खूब गिल्लियां बिखेरी। बारिश ने भी क्रिकेट के साथ दो-दो हाथ किए। इस विश्व कप में कई रिकॉर्ड्स बने, आइए डालते हैं कुछ महत्पूर्ण आंकड़ों पर एक नजर।
2 of 6
रोहित शर्मा
- फोटो : social Media
टीम इंडिया के सलामी बल्लेबाज रोहित शर्मा का बल्ला पूरे टूर्नामेंट में जमकर रन उगला। रोहित ने अपने पूल शॉट और स्ट्रेट ड्राइव से गेंदबाजों की जमकर बखिया उधेड़ी। रोहित ने नौ मैच की नौ पारियों में 81.00 की औसत से 648 रन बनाए। वह टूर्नामेंटे सर्वश्रेष्ठ स्कोरर भी रहे। रोहित ने इस विश्व कप में पांच शतक लगाकर एक विश्व कप में सबसे अधिक शतक लगाने का रिकॉर्ड अपने नाम किया। उनसे पहले श्रीलंका के पूर्व कप्तान कुमार संगाकारा के नाम ये रिकॉर्ड था। उन्होंने 2015 के विश्व कप में चार शतक लगाए थे। रोहित तीन शतक लगातार लगाए और 14 छक्के भी जड़े।
3 of 6
शकिब अल हसन
- फोटो : सोशल मीडिया
बांग्लादेश की टीम भले ही विश्व कप के सेमीफाइनल में जगह नहीं बना सकी, लेकिन अपने खेल से उसने सभी को प्रभावित किया। बांग्लादेश का एक खिलाड़ी इस विश्व कप में ध्रुव तारे की तरह चमका और कई रिकॉर्ड्स अपने नाम किए। शकिब अल हसन विश्व कप में 600 से अधिक रन और 10 विकेट लेने वाले पहले खिलाड़ी बने। उन्होंने टूर्नामेंट की आठ पारियों में से सभी सात पारियों में 50 से अधिक का स्कोर किया। शकिब ने दो शतकों की मदद से 606 रन बनाए और 11 विकेट चटकाए।
4 of 6
शाहिन आफरीदी
- फोटो : social Media
पाकिस्तान के युवा तेज गेंदबाज शाहिन शाह आफरीदी ने एक मैच में छह विकेट चटकाकर इतिहास रच दिया। बांग्लादेश के खिलाफ मैच में शाहिन शाह ने छह विकेट लेकर विश्व कप इतिहास में एक मैच में छह विकेट चटकाने वाले सबसे युवा खिलाड़ी बने। अफरीदी ने पांच मैचों में 16 विकेट चटकाए। इस 19 साल के गेंदबाज को शुरुआती मुकाबलों में न खिलाकर पाकिस्तानी टीम ने घाटे का सौदा ही किया।
5 of 6
मोहम्मद शमी
- फोटो : social media
भारतीय तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी ने 22 जून को अफगानिस्तान के खिलाफ जबरदस्त गेंदबाजी का प्रदर्शन करते हुए हैट्रिक लिया। शमी ने टूर्नामेंट में चार मुकाबले खेलकर 14 विकेट चटकाए। उन्होंने लगातार तीन मैचों में चार या उससे अधिक विकेट लेने का कारनामा किया। इस विश्व कप में कीवी गेंदबाज ट्रेंट बोल्ट ने दूसरी हैट्रिक ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ ली थी।