टीम इंडिया के तेज गेंदबाज उमेश यादव ने कहा कि भविष्य में टीम में जगह बरकरार रखने के लिए उन्हें और मोहम्मद शमी को ज्यादा जिम्मेदारी उठाना होगी। उमेश और शमी की जगह टेस्ट में तो पक्की चल रही है, लेकिन वन-डे में उन्हें नियमित तौर पर खेलने का मौका नहीं मिल रहा है। भुवनेश्वर कुमार और जसप्रीत बुमराह सीमित ओवरों में अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं, जिसकी वजह से उमेश और शमी को नियमित रूप से खेलने का मौका नहीं मिला।
2 of 5
उमेश यादव
- फोटो : Cricinfo
हालांकि, ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ चौथे वन-डे में उमेश को मौका मिला और उन्होंने 74 रन देकर चार विकेट लिए। टीम इंडिया को इस मुकाबले में 21 रन से शिकस्त झेलना पड़ी। अब टीम इंडिया और ऑस्ट्रेलिया के बीच सीरीज का अंतिम मैच नागपुर में रविवार को खेला जाएगा।
मैच से पहले प्रेस कांफ्रेंस में उमेश ने कहा, 'बेंगलुरु की हार का टीम के मनोबल पर कोई असर नहीं पड़ा है। मुझे लगता है हमने 15-20 रन ज्यादा लुटाए। शमी और मैं लंबे समय के बाद साथ खेले, लेकिन हम टीम के सीनियर खिलाड़ी है। हमें टीम की जरूरत के हिसाब से प्रदर्शन करना होगा। खासकर अंतिम के ओवरों में हमें ज्यादा जिम्मेदारी लेनी होगी।'
टेस्ट में खेलने की प्राथमिकता के बारे में उमेश ने कहा, 'मैं वन-डे के मुकाबले टेस्ट मैचों में खेलना ज्यादा पसंद करता हूं। वहां योजनाओं को मैदान में उतारने के लिये आपके पास ज्यादा समय होता हैं। पांच दिनों के दौरान आपके पास कई तरह की परिस्थितियां होती हैं और मुझे वह चुनौती पसंद है। इससे आप का आत्मविश्वास बढ़ता है और आप ज्यादा सटीक होते है।'
29 वर्षीय उमेश ने कहा, 'वन-डे में योजनाओं को उतारने के लिये ज्यादा समय नहीं होता, लेकिन करियर के किसी भी पड़ाव पर मैं यह खुद तय नहीं कर सकता कि किस मैच में खेलूंगा। मेरी सोच यह है कि जिस प्रारुप में भी मुझे मौका मिले उसमें खेलूं।'