टीम इंडिया के सलामी बल्लेबाज लोकेश राहुल जिन्होंने इसी जिम्बाब्वे दौरे से अपने वनडे करियर की शुरुआत बेहद लाजवाब अंदाज में की और पहले ही मैच में नाबाद शतक लगाते हुए पदार्पण मैच में सेंचुरी लगाने वाले भारत के पहले बल्लेबाज बने थे। फिर शेष सीरीज में वह सिर्फ एक बार हीआउट हुए। लेकिन टी-20 में उनका मामला बिगड़ गया, जिससे टीम इंडिया का भी एक रिकॉर्ड आज खत्म हो गया।
लोकेश के 'गोल्डन डक' ने तोड़ दिया टीम इंडिया का एक अनोखा रिकॉर्ड
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लोकेश राहुल
- फोटो : Twitter/BCCI
सीरीज के पहले मैच से टी-20 में उतरने के साथ ही लोकेश राहुल उन चुनिंदा भारतीय बल्लेबाजों में शुमार हो गए हैं जिन्होंने टीम के लिए तीनों प्रारुपों में मैच खेले हैं। लेकिन उनका यह शानदार रिकॉर्ड उस समय प्रशंसकों को निराश कर गया जब 171 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए वह पहली ही गेंद पर बोल्ड हो गए। इस तरह से टी-20 में उनकी गोल्डन डक से शुरुआत हुई।
लोकेश के 'गोल्डन डक' ने तोड़ दिया टीम इंडिया का एक अनोखा रिकॉर्ड
लोकेश राहुल के टी-20 के अपने पहले ही मैच में पारी की पहली ही गेंद पर आउट होने से टीम इंडिया का 2007 से चला आ रहा एक नायाब रिकॉर्ड टूट गया। ऐसा पहली बार हुआ है जब भारतीय टीम की ओर से पारी की पहली ही गेंद पर पहला विकेट गिरा।
लोकेश के 'गोल्डन डक' ने तोड़ दिया टीम इंडिया का एक अनोखा रिकॉर्ड
टीम इंडिया की ओर से 5 नवोदित क्रिकेटरों ने अपने टी-20 करियर का आगाज किया। जिसमें पंजाब के उभरते बल्लेबाज मंदीप सिंह ने टीम में शामिल होते ही शतक लगा दिया। हुआ यह कि इस मैच से पहले 95 क्रिकेटरों ने भारत के लिए फटाफट क्रिकेट खेला था और 5 खिलाड़ियों की एंट्री के साथ ही मंदीप इस खेल में टीम का कैप पहनने वाले भारत के 100वें खिलाड़ी बन गए। हालांकि मंदीप ने 27 गेंदों में 33 रनों की पारी खेली।
लोकेश के 'गोल्डन डक' ने तोड़ दिया टीम इंडिया का एक अनोखा रिकॉर्ड
2007 में टी-20 क्रिकेट का पहला मैच खेलने के बाद टीम इंडिया की ओर फटाफट क्रिकेट में ऐसा पहली बार हुआ है जब किसी मैच में एक साथ 5 नए क्रिकेटरों ने अपने करियर का आगाज किया है। रिषि धवन, मंदीप सिंह, जयदेव उनादकट, लोकेश राहुल और यजुवेंद्र चहल ने इस मैच से अपने टी-20 करियर शुरू किया। भारत के खेले अपने पहले टी-20 में सभी 11 खिलाड़ियों ने अपना पहला मैच खेला था।