Science News: वर्तमान समय में दुनिया के कई इलाकों में बढ़ते तापमान की वजह से भीषण गर्मी पड़ रही है। यूरोप, उत्तरी अमेरिका और चीन समेत दुनिया के कई इलाकों में गर्मी से लोग परेशान हैं। कई इलाकों में गर्मी से लोगों की मौत भी हुई है। बताया जा रहा है कि जुलाई में इतनी गर्मी 1,20,000 साल बाद पड़ी है। हाल ही में वैज्ञानिकों ने चेतावनी दी है कि अगर धरती ऐसे ही गर्म होती रही है, तो समुद्री धाराओं की एक अहम प्रणाली कुछ दशकों में खत्म हो सकती है।
Science News: धरती पर जल्द मचेगी तबाही! वैज्ञानिकों ने दी दुनिया को डराने वाली चेतावनी
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एक मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, इस अध्ययन में शामिल वैज्ञानिकों ने बताया है कि यह एक अहम प्रणाली है। इसके ढहने का सटीक बिंदु अनिश्चित है। उन्होंने कहा कि धाराओं के माप में बेहद कम परिवर्तन देखा गया है, लेकिन नया अध्ययन चिंतित करने वाला है। उन्होंने कहा कि जल्द ही निर्णायक समय आ सकता है।
ऐसे समझा जा सकता है कि एएमओसी की धाराएं एक विशाल कन्वेयर बेल्ट की तरह हैं। यह उष्ण कटिबंध से गर्म पानी को उत्तरी अटलांटिंक की ओर ले जाती है, जहां पानी ठंडा होता है और खारा हो जाता है। दक्षिण की तरफ फैलने से पहले समुद्र की गहराई में डूब जाता है।
बढ़ेगा समुद्र का जलस्तर
जलवायु प्रणाली और दुनिया के मौसम पैटर्न को नियमित रखने में इसकी अहम भूमिका होती है। इसके ध्वस्त होने का बहुत बड़ा प्रभाव होगा। समुद्र का जलस्तर बढ़ेगा और अमेरिका समेत दुनिया के तटीय इलाकों पर प्रभाव पड़ेगा। इन इलाकों में सर्दियों का मौसम भी भीषण होगा। मानसून उष्णकटिबंधीय क्षेत्रों में चला जाएगा और बारिश का पैटर्न भी बिगड़ जाएगा।
जलवायु संकट के बढ़ने की वजह से वैज्ञानिक सालों से इसकी अस्थिरता की चेतावनी दे रहे हैं। तापमान और खारेपन पर इन धाराओं की ताकत निर्भर है, लेकिन संतुलन बिगड़ने से इनके लिए खतरनाक होगा। महासागर गर्म होने से बर्फ पिघलती हैं और फिर साफ पानी समुद्र में मिलता है, जिससे जल का घनत्व कम होता है। इससे वह डूबने में कम सक्षम हो जाता है। पानी जब बेहद ताजा, ज्यादा गर्म या दोनों हो जाता है तो यह कन्वेयर बेल्ट बंद हो जाता है।