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Ancient Civilizations: दुनिया की ऐसी लुप्त प्राचीन सभ्यताएं, जिनसे आज भी लोग हैं अनजान
Mon, 13 Feb 2023 10:42 AM IST
ज्योति मेहरा
फीचर डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
फीचर डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: ज्योति मेहरा
Updated Mon, 13 Feb 2023 10:42 AM IST
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इन प्राचीन सभ्यताओं के बारे में शायद ही जानते होंगे आप
- फोटो : istock
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Ancient Civilizations: मिस्र, ग्रीस और रोम के प्राचीन सभ्यता से तो ज्यादातर लोग परिचित हैं, लेकिन इसके अलावा भी दुनिया में कई ऐसी प्राचीन सभ्यताएं हैं जिनके बारे में आम लोगों को शायद ही जानकारी है। अगर आप एक इतिहासकार या पुरातत्वविद् नहीं हैं तो आपने भी शायद इन आकर्षक और विस्मृत प्राचीन सभ्यताओं के बारे में कभी नहीं सुना होगा। आज हम आपको कुछ ऐसी ही सभ्यताओं के बारे में बताने जा रहे हैं, जिनके बारे में जानकर आप हैरान भी हो सकते हैं।
इन प्राचीन सभ्यताओं के बारे में शायद ही जानते होंगे आप
- फोटो : istock
कुश (Kush)
कुश की उत्पत्ति 8 हजार ईसा पूर्व हुई थी। इसकी राजधानी केर्मा के पास पाए जाने वाली सिरेमिक कलाकृतियां इस सभ्यता को प्रमाणित करती हैं। कुश सभ्यता पूर्वोत्तर अफ्रीका में नूबिया के दक्षिणी भाग में स्थित थी, जो बड़े पैमाने पर कृषि द्वारा समर्थित और एक जटिल शहरी समाज था। कुशित शासकों ने पिरामिडों के निर्माण को पुनर्जीवित किया। साथ ही पूरे सूडान में उनके निर्माण को बढ़ावा दिया। दिलचस्प बात यह है कि मेरोइटिक नामक उनकी अनोखी लिपि और उनकी मौत भी एक रहस्य है।
कुश की उत्पत्ति 8 हजार ईसा पूर्व हुई थी। इसकी राजधानी केर्मा के पास पाए जाने वाली सिरेमिक कलाकृतियां इस सभ्यता को प्रमाणित करती हैं। कुश सभ्यता पूर्वोत्तर अफ्रीका में नूबिया के दक्षिणी भाग में स्थित थी, जो बड़े पैमाने पर कृषि द्वारा समर्थित और एक जटिल शहरी समाज था। कुशित शासकों ने पिरामिडों के निर्माण को पुनर्जीवित किया। साथ ही पूरे सूडान में उनके निर्माण को बढ़ावा दिया। दिलचस्प बात यह है कि मेरोइटिक नामक उनकी अनोखी लिपि और उनकी मौत भी एक रहस्य है।
इन प्राचीन सभ्यताओं के बारे में शायद ही जानते होंगे आप
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जिओनाग्नू साम्राज्य (The Xiongnu Empire)
तीसरी शताब्दी ईसा पूर्व के अंत में खानाबदोश देहाती लोगों ने घोड़े पर सवार होकर लड़ने वाले भयंकर योद्धाओं के एक आदिवासी संघ का गठन किया था। यह पूर्वी एशियाई स्टेपी में बसे हुए थे। जिओनाग्नू साम्राज्य 500 से अधिक वर्षों के लिए मध्य एशिया के एक बड़े हिस्से पर हावी रहा।
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Great Wall of china
- फोटो : istock
दरअसल, चीन को अपनी उत्तरी सीमा पर जिओनाग्नू से लड़ने के लिए अपने अधिकांश क्षेत्र का पता लगाने और जीतने के लिए प्रेरित किया गया था। मजेदार बात यह है कि जिओनाग्नू के आक्रमणों ने उत्तरी चीन के छोटे राज्यों को एक दीवार का निर्माण शुरू करने के लिए प्रेरित किया था, जिसे अब ग्रेट वॉल ऑफ चाइना के नाम से जाना जाता है।
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इन प्राचीन सभ्यताओं के बारे में शायद ही जानते होंगे आप
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ग्रीको-बैक्ट्रिया (Greco-Bactria)
सिकंदर (Alexander the Great) की मृत्यु के बाद तीसरी शताब्दी ईसा पूर्व में ग्रीको-बैक्ट्रिया नामक एक राज्य अस्तित्व में आया, जो वर्तमान में अफगानिस्तान और ताजिकिस्तान है। यह राज्य एक समृद्ध भूमि और ग्रीक व पूर्वी संस्कृतियों का एक अनूठा संयोजन था। ग्रीको-बैक्ट्रिया के इतिहास का बड़ा हिस्सा इसके सिक्कों के माध्यम से सामने आया, लेकिन इसकी संस्कृति के बारे में बहुत कुछ आज भी अज्ञात है।
सिकंदर (Alexander the Great) की मृत्यु के बाद तीसरी शताब्दी ईसा पूर्व में ग्रीको-बैक्ट्रिया नामक एक राज्य अस्तित्व में आया, जो वर्तमान में अफगानिस्तान और ताजिकिस्तान है। यह राज्य एक समृद्ध भूमि और ग्रीक व पूर्वी संस्कृतियों का एक अनूठा संयोजन था। ग्रीको-बैक्ट्रिया के इतिहास का बड़ा हिस्सा इसके सिक्कों के माध्यम से सामने आया, लेकिन इसकी संस्कृति के बारे में बहुत कुछ आज भी अज्ञात है।