दरभंगा जिले के कीरतपुर में बीते 29 सितंबर को पश्चिमी कोसी तटबंध टूटने के बाद बाढ़ का पानी सहरसा जिले के गंडौल, ब्रह्मपुर, मोहनपुर, रही टोल, पुनाछ, जलई, मनोवर, खोरा बर्तन, शंकर्थुआ और घोंघेपुर सहित अन्य कई पंचायतों में फैल गया। बाढ़ का पानी सिर्फ गांव में फैल ही नहीं गया, बल्कि लोगों के घरों में चार से पांच फीट तक चढ़ गया, जिससे उन्हें आनन-फानन में गांव छोड़ना पड़ा। वे जिस स्थिति में जैसे थे, अपने बाल-बच्चों को लेकर ऊंचे स्थानों की ओर भागे। भागम-भाग की स्थिति में वे अपने साथ घर से सामान भी नहीं निकाल सके और तटबंध या सड़कों पर शरण ले ली। आठ दिनों के बाद भी ये यहीं हैं और जैसे-तैसे समय काट रहे हैं।
Bihar Flood: सहरसा में तटबंध और सड़कों पर जैसे-तैसे समय काट रहे बाढ़ पीड़ित, जानें क्या हैं हालात
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सहरसा
Published by: हिमांशु प्रियदर्शी
Updated Sat, 05 Oct 2024 09:09 PM IST
सार
Bihar Flood: सहरसा में तटबंध और सड़कों पर जैसे-तैसे समय काट रहे बाढ़ पीड़ित, जानें क्या हैं हालात
Bihar Flood: Flood victims are somehow passing time on embankments and roads in Saharsa, Darbhanga
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