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इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर हुए सस्ते: सरकार ने फेम-2 सब्सिडी बढ़ाई, जानें कैसा वाहन खरीदने पर मिलेगा फायदा
Sun, 13 Jun 2021 10:51 AM IST
अमर शर्मा
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: अमर शर्मा
Updated Sun, 13 Jun 2021 10:51 AM IST
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Electric scooters in india
- फोटो : For Representation Only
वायु प्रदूषण और पेट्रोल-डीजल जैसे पारंपरिक ईंधन पर निर्भरता को कम करने के लिए दुनियाभर में इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा दिया जा रहा है। अब देश में भी इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों को खरीदना पहले की तुलना में और सस्ता होगा। भारत में इलेक्ट्रिक वाहनों को तेजी से अपनाने और मैन्युफैक्चरिंग के उद्देश्य से, केंद्र सरकार ने इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों पर सब्सिडी बढ़ाकर ईवी निर्माताओं पर बोझ कम करने का फैसला किया है। भारी उद्योग विभाग की अधिसूचना के मुताबिक, इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहन खरीदने पर मिलने वाले इंसेंटिव (प्रोत्साहन राशि) को बढ़ाकर 15,000 रुपये प्रति kWh कर दिया गया है, जो पहले की सब्सिडी दर से 5,000 रुपये प्रति kWh ज्यादा है।
electric scooters
लेकिन हर स्कूटर पर नहीं मिलेगी सब्सिडी
फेम-2 योजना के तहत 10,000 करोड़ रुपये की सब्सिडी निर्धारित की गई है। जिसमें से, दोपहिया वाहनों को, विशेष रूप से ई-स्कूटर को, सबसे ज्यादा फायदा मिलेगा। हालांकि हर इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर को इस योजना का फायदा नहीं मिलेगा। CRISIL (क्रिसिल) की रिपोर्ट के अनुसार, भारत में लगभग 95 फीसदी इलेक्ट्रिक स्कूटर ऐसे हैं जिन्हें फेम-2 सब्सिडी योजना के तहत खरीदते समय छूट नहीं मिल सकती।
फेम-2 योजना के तहत 10,000 करोड़ रुपये की सब्सिडी निर्धारित की गई है। जिसमें से, दोपहिया वाहनों को, विशेष रूप से ई-स्कूटर को, सबसे ज्यादा फायदा मिलेगा। हालांकि हर इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर को इस योजना का फायदा नहीं मिलेगा। CRISIL (क्रिसिल) की रिपोर्ट के अनुसार, भारत में लगभग 95 फीसदी इलेक्ट्रिक स्कूटर ऐसे हैं जिन्हें फेम-2 सब्सिडी योजना के तहत खरीदते समय छूट नहीं मिल सकती।
electric Scooters
क्या हैं सब्सिडी के मानक
भारी उद्योग और सार्वजनिक उद्यम मंत्रालय ने फेम-2 सब्सिडी के लिए इलेक्ट्रिक वाहनों के विभिन्न सेगमेंट के लिए कुछ पात्रता मानक बनाए हैं। मंत्रालय द्वारा बनाए गए मानकों में वाहन की न्यूनतम टॉप स्पीड, एक बार फुल चार्ज करने पर मिलने वाली ड्राइविंग रेंज, एक्सीलरेशन और ऊर्जा खपत दक्षता जैसी अहम चीजें शामिल हैं। सरकारी घोषणा के अनुसार फेम-2 के तहत सब्सिडी हासिल करने के लिए, किसी इलेक्ट्रिक स्कूटर को एक बार चार्ज करने पर उसे कम से कम 80 किमी की दूरी तय करनी होगी और कम से कम 40 किमी प्रति घंटे की टॉप स्पीड होनी चाहिए।
भारी उद्योग और सार्वजनिक उद्यम मंत्रालय ने फेम-2 सब्सिडी के लिए इलेक्ट्रिक वाहनों के विभिन्न सेगमेंट के लिए कुछ पात्रता मानक बनाए हैं। मंत्रालय द्वारा बनाए गए मानकों में वाहन की न्यूनतम टॉप स्पीड, एक बार फुल चार्ज करने पर मिलने वाली ड्राइविंग रेंज, एक्सीलरेशन और ऊर्जा खपत दक्षता जैसी अहम चीजें शामिल हैं। सरकारी घोषणा के अनुसार फेम-2 के तहत सब्सिडी हासिल करने के लिए, किसी इलेक्ट्रिक स्कूटर को एक बार चार्ज करने पर उसे कम से कम 80 किमी की दूरी तय करनी होगी और कम से कम 40 किमी प्रति घंटे की टॉप स्पीड होनी चाहिए।
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Okinawa i-Praise electric scooters
इन स्कूटर्स पर FAME-II सब्सिडी
भारत सरकार द्वारा निर्धारित फेम-2 मानकों के अनुसार, सिर्फ हाई-स्पीड वाले इलेक्ट्रिक स्कूटर, जिनमें 250 वाट से ज्यादा पावर का इलेक्ट्रिक मोटर मिलता है और जिनकी टॉप स्पीड 25 किमी प्रति घंटा से ज्यादा है, FAME-II सब्सिडी के लिए पात्र हैं। ये स्पेसिफिकेशंस इलेक्ट्रिक स्कूटर की कीमत के आधार पर बदलता रहता है।
भारत में इलेक्ट्रिक वाहनों के बाजार में धीरे-धीरे लेकिन लगातार बढ़ोतरी हो रही है। दोपहिया और तिपहिया सेगमेंट में इन जीरो-उत्सर्जन मॉडल की बढ़ती मांग के कारण यह संभव हो पा रहा है।
भारत सरकार द्वारा निर्धारित फेम-2 मानकों के अनुसार, सिर्फ हाई-स्पीड वाले इलेक्ट्रिक स्कूटर, जिनमें 250 वाट से ज्यादा पावर का इलेक्ट्रिक मोटर मिलता है और जिनकी टॉप स्पीड 25 किमी प्रति घंटा से ज्यादा है, FAME-II सब्सिडी के लिए पात्र हैं। ये स्पेसिफिकेशंस इलेक्ट्रिक स्कूटर की कीमत के आधार पर बदलता रहता है।
भारत में इलेक्ट्रिक वाहनों के बाजार में धीरे-धीरे लेकिन लगातार बढ़ोतरी हो रही है। दोपहिया और तिपहिया सेगमेंट में इन जीरो-उत्सर्जन मॉडल की बढ़ती मांग के कारण यह संभव हो पा रहा है।
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Ather 450X Electric Scooter
- फोटो : For Representation Only
एथर एनर्जी ने कदम को सराहा
एथर एनर्जी के सीईओ और सह-संस्थापक तरुण मेहता ने कहा, "FAME पॉलिसी में संशोधन से सब्सिडी में 50 फीसदी प्रति KWh की बढ़ोतरी एक शानदार फैसला है। महामारी के बावजूद इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों की बिक्री में बढ़ोतरी हुई है। हम उम्मीद करते हैं कि इलेक्ट्रिक टू व्हीलर की बिक्री 2015 तक 60 लाख यूनिट्स पार कर जाएगी।" उन्होंने कहा कि सरकार इसी तरह स्थानीय रूप से निर्मित इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों का समर्थन करती रही तो भारत इलेक्ट्रिक वाहनों का मैन्युफैक्चरिंग हब बन जाएगा।
एथर एनर्जी के सीईओ और सह-संस्थापक तरुण मेहता ने कहा, "FAME पॉलिसी में संशोधन से सब्सिडी में 50 फीसदी प्रति KWh की बढ़ोतरी एक शानदार फैसला है। महामारी के बावजूद इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों की बिक्री में बढ़ोतरी हुई है। हम उम्मीद करते हैं कि इलेक्ट्रिक टू व्हीलर की बिक्री 2015 तक 60 लाख यूनिट्स पार कर जाएगी।" उन्होंने कहा कि सरकार इसी तरह स्थानीय रूप से निर्मित इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों का समर्थन करती रही तो भारत इलेक्ट्रिक वाहनों का मैन्युफैक्चरिंग हब बन जाएगा।