Shani Vakri 2026: ज्योतिष शास्त्र में शनि को कर्म, न्याय और जीवन के कठिन अनुभवों का ग्रह माना गया है। चूंकि वह कर्मफलदाता है, इसलिए शनि को नवग्रहों में न्यायाधीश का स्थान प्राप्त है। कुंडली में उनका मजबूत प्रभाव व्यक्ति के करियर-कारोबार में सफलता लेकर आता है। हालांकि, स्थिति अनुकूल न होने पर व्यक्ति की परेशानियां भी बढ़ने लगती हैं। इसके अलावा शनि का गोचर भी एक प्रभावशाली घटना होती हैं, जिसका असर राशियों से लेकर देश-दुनिया तक नजर आता है। वर्तमान में न्यायाधीश शनि मीन विराजमान हैं। इसी राशि में रहते हुए शनि 27 जुलाई 2026 को वक्री होने जा रहे हैं। वह 11 दिसंबर 2026 तक यानी पूरे 138 दिनों तक उल्टी चाल में रहेंगे। ऐसा माना जा रहा है कि, शनि की यह उल्टी चाल राजनीति, अर्थव्यवस्था और सामाजिक स्तर भी भी कई बदलाव लेकर आ सकती हैं। साथ ही यह अवधि कई लोगों के लिए सफलता, धैर्य और परीक्षा से भरी भी हो सकती हैं। आइए शनि वक्री अवस्था का 12 राशियों पर प्रभाव जानते हैं।
Shani Vakri 2026: कुछ दिनों में शनि होंगे वक्री, इन 5 राशि वालों के जीवन में हो सकती हैं उथल-पुथल
ज्योतिष डेस्क, अमर उजाला
Published by: Megha Kumari
Updated Sun, 10 May 2026 11:18 AM IST
सार
Shani Vakri 2026: शनि 27 जुलाई 2026 को वक्री होने जा रहे हैं। वह 11 दिसंबर 2026 तक यानी पूरे 138 दिनों तक उल्टी चाल में रहेंगे। इससे 12 राशियों पर क्या प्रभाव होगा, आइए जानते हैं
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन