7 मार्च को शनि और मंगल ग्रह एक राशि में आ जाएंगे। यह महायोग 2 मई 2018 तक रहेगा यानि शनि और मंगल दो महीनों तक एक ही राशि में रहेंगे। शनि ग्रह को पापी ग्रह कहा जाता है तो वहीं मंगल आग का कारक माना जाता है। शनि पहले से ही धनु राशि में गोचर हैं और 7 मार्च की शाम 6 बजकर 30 मिनट पर मंगल भी धनु राशि में प्रवेश करेंगे। मंगल और शनि के युति से आने वाले समय में सभी राशियों पर इसका क्या असर देखने को मिलेगा आइए जानते हैं।
बन रहा है शनि और मंगल का योग, संकट में रहेंगी ये राशियां, रहें सावधान
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मेष राशि- मेष राशि वालो का स्वामी मंगल होता है और यह आपके साथ है। मेष राशि और लग्न वालों के लिए शनि-मंगल की युति नवें स्थान पर होगी। यह युति के कारण अचानक कोई दुर्घटना हो सकती है। पुत्र का पिता से विवाद भी हो सकता है। सेहत के मामले में भी बुरी खबर मिल सकती है। इस दौरान फिजूल के खर्चों भी बढ़ सकते हैं।
वृष राशि- इस राशि के लिए शनि और मंगल की युति अष्टम भाव में हो रहा है। इस राशि को लोग किसी साजिश का शिकार बन सकते है। परिवार के सदस्यों के बीच संपत्ति को लेकर विवाद पैदा हो सकता है। मान-सम्मान को ठेस भी पहुंच सकता है।
मिथुन राशि- मिथुन राशि वालों के लिए यह युति सप्तम स्थान पर है। इस युति से बार- बार किसी काम में असफलता मिलना बंद हो जाएंगी। एक्स्ट्रा कमाई के कई मौके मिलेंगे। व्यापारी और नौकरीपेशा लोगो के लिए मंगल और शनि की इस युति से कई अच्छे मौके मिलेंगे। पति-पत्नी के बीच प्यार बढ़ेगा।
कर्क राशि- इस राशि वालों के लिए शनि-मंगल का एक साथ आना अशुभ फल प्रदान करेगा। क्योंकि यह छठे भाव में गोचर हो रहा है जोकि विनाश और दुश्मनी को बढ़ाने वाला कारक है। इस राशि वालों को नुकसान होने का अंदेशा है। हर एक काम को पूरा करने के लिए बहुत ज्यादा भागदौड़ करनी पड़ सकती है जिसके कारण सेहत पर बुरा असर देखने को भी मिल सकता है।