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Hindi News ›   Chandigarh ›   Chandrakanta Fame Karur Singh in Chandigarh

'मुझे 'क्रूर' बनकर फायदा मिला'

Wed, 26 Feb 2014 04:23 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Wed, 26 Feb 2014 04:23 PM IST
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Chandrakanta Fame Karur Singh in Chandigarh
चंद्रकांता नाटक में जब क्रूर सिंह का किरदार निभाया तो हर जगह इस किरदार की चर्चा होने लगी। खासकर बच्चों में बहुत ही फेमस हो गया।
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फैंस मे 90 साल की माता के फोन ने साबित किया कि ये किरदार कितना पसंद किया गया है। ये बात चंद्रकांता में क्रूर सिंह का किरदार निभाने वाले अखिलेंद्र मिश्रा ने सोमवार को कही। वे अपनी आने वाली दो नई फिल्मों पी से पीएम तक और मुआवजा की प्रमोशन के सिलसिले में कैफे ओजी-9 में पहुंचे थे।

बडे़ सहज अंदाज में खुद का परिचय देते हुए अखिलेंद्र ने बताया कि यह एक इत्तेफाक ही है कि अप्रैल महीने में दो फिल्मों में एक साथ नजर आउंगा और दोनों ही फिल्में एक ही दिन रिलीज हो रही हैं। पी से पीएम तक  में विरोधी दल के लीडर के रूप में नजर आऊंगा और मुआवजा में एक किसान के किरदार में।
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उन्होंने बताया कि फिल्मों से पहले इंजीनियर बनने की बहुत कोशिश की, लेकिन जब सभी प्रयास विफल हो गए तो थिएटर में ही मेहनत करने की ठान ली। दिल्ली में थिएटर कर रहा था कि कही से पता चला कि किसी सीरियल की कास्टिंग हो रही है। तो ऑडिशन के लिए चल पड़ा।
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ऑडीशन में पास हुआ तो पूछा गया कि नेगेटिव किरदार है करोगे तो हां कर दी और इस तरह से मिला क्रूर सिंह का किरदार। क्रूर सिंह के बाद ही पहचान मिली और इसी के बाद पहली फिल्म वीरगति मिली, जिसमें सलमान के साथ काम किया।

एक अच्छे एक्टर में कुछ खास गुण होते हैं, जिनमें पहले तो भाषा में पकड़ बहुत जरूरी है उसके बाद आवाज का स्केल, बॉडी लैंग्वेज और फिर कैरेक्टर को अपने अंदर से निकालना और इन सब में थिएटर ने बहुत साथ दिया। 30 साल का एक्टिंग का सफर थिएटर के बिना अधूरा है।


थिएटर अच्छा अभिनय करने के लिए एक कलाकार को परिपक्व बनाता है, इसलिए फिल्मों के साथ भी थिएटर का साथ नहीं छोड़ा।

आजकल बॉलीवुड में बहुत काम है, लेकिन भीड़ भी बहुत है। इसकी वजह से काम की क्वालिटी में बहुत असर पड़ा है। अच्छी फिल्में बनाना वैसे भी प्रोड्यूसर को भाता नहीं क्योंकि इसमें उनको ज्यादा पैसा नहीं मिल पाता। फिल्म साइन करने से पहले रोल, कहानी, डायरेक्टर और फिर प्रोड्यूसर को तरजीह देता हूं।
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