दिमागी बुखार: विधानसभा में हंगामा, नीतीश बोले- बीमारी की वजह पर अलग-अलग राय
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बिहार विधानमंडल के मानसून सत्र का सोमवार को दूसरा दिन है। सदन की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्ष ने हंगामा शुरू कर दिया। दिमागी बुखार को लेकर विपक्ष ने सरकार के खिलाफ कार्य स्थगन प्रस्ताव दिया है। इस मसले पर बहस चल रही है। सदन के अंदर जहां दिमागी बुखार को लेकर मौत पर चर्चा चल रही है वहीं विधानसभा के बाहर विपक्षी नेता हंगामा कर रहे हैं। इस मसले पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने सफाई दी। उन्होंने कहा कि विशेषज्ञ इस मामले को लेकर एकमत नहीं है और एक टीम बनाई गई है।
अलग-अलग है विशेषज्ञों की राय : नीतीश
बिहार विधानसभा में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि जो हुआ वह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। इसपर केवल दुख व्यक्त करना पर्याप्त नहीं है, यह एक अत्यंत गंभीर मुद्दा है। हमने कई बैठकें की हैं और इस मुद्दे पर चर्चा की है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने मुजफ्फरपुर का दौरा किया। बीमारी को लेकर विशेषज्ञों की राय अलग-अलग है। मैंने 2015 में एम्स पटना में एक बैठक की और विभिन्न विशेषज्ञों ने इसके कारणों को लेकर अलग-अलग विचार रखे। हमने इसके बारे में अमेरिका भी एक रिपोर्ट भेजी थी लेकिन वहां के विशेषज्ञ भी किसी एक मत पर सहमत नहीं हुए। इसके कारण 29 जून तक 153 मौतें हुई हैं। हम इसे लेकर जागरूकता फैला रहे हैं। विशेषज्ञों की एक टीम बनाई गई है।मंगल पांडे ने कहा- घटी है मृत्युदर
मंगल पांडे ने बिहार विधानसभा में कहा, 'हमारे पास मौजूद डाटा के अनुसार 28 जून तक 720 लोग भर्ती थे। 586 बच्चे स्वस्थ हो गए थे जबकि 154 बच्चों की मौत हो गई। मृत्यु दर घटकर 21 प्रतिशत हो गई है। 2011-19 के डाटा के अनुसार पिछले कुछ सालों में दिमागी बुखार के कारण मृत्युदर घट गई है।'विपक्ष ने मांगा मंगल पांडे का इस्तीफा
राज्य की पूर्व मुख्यमंत्री और विधान परिषद् की नेता प्रतिपक्ष राबड़ी देवी विधान परिषद् में मौजूद हैं। दिमागी बुखार के कारण बच्चों की मौत को लेकर उन्होंने राजद सदस्यों के साथ प्रदर्शन में शामिल हुईं। राबड़ी ने कहा कि मुजफ्फरपुर मामले में स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडे इस्तीफा नहीं दे रहे हैं। उनके ऊपर इस मामले को लेकर हत्या का मुकदमा दर्ज होना चाहिए। कुपोषण के कारण बच्चों की मौत की जांच होनी चाहिए।Bihar: RJD raised slogans in protest at Bihar Legislative assembly, and demanded the resignation of Bihar Health Minister Mangal Pandey over deaths due to Acute Encephalitis Syndrome (AES)
— ANI (@ANI) July 1, 2019
विपक्ष लगातार दिमागी बुखार को लेकर हंगामा कर रहा है। विधानपरिषद् के बाहर कांग्रेस ने धरना दिया। बुखार के कारण बच्चों की मौत और पुणे में कटिहार के मजदूरों की मौत को लेकर विपक्ष का प्रदर्शन जारी है। वामदल भी विधानपरिषद् के बाहर पोस्टर लेकर हंगामा कर रहे हैं। कांग्रेस नेता सदानंद सिंह ने सदन में बिहार सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि 10 जून से पहले स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडे मुजफ्फरपुर नहीं गए। सत्ता के सुख में गरीबों की आवाज नहीं सुनी जा रही है।