फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Now the priests will do this to save Baba Mahakal from the heat, they will tie 11 pots on the Shivling

Ujjain News: बाबा महाकाल को गर्मी से बचाने के लिए अब शिवलिंग पर बांधेंगे 11 मटकियां, जानें कब से होगा बदलाव

Wed, 26 Mar 2025 08:20 PM IST
उज्जैन ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उज्जैन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उज्जैन Published by: उज्जैन ब्यूरो Updated Wed, 26 Mar 2025 08:20 PM IST
सार

Mahakal Ujjain: उज्जैन के महाकालेश्वर मंदिर में गर्मी से बचाने हेतु 13 अप्रैल 2025 से दो माह तक विशेष जलाभिषेक होगा। शिवलिंग पर 11 नदियों के नाम से मिट्टी के कलश रखे जाएंगे, जिससे निरंतर जल प्रवाहित होगा। यह परंपरा भगवान शिव को शीतलता प्रदान करने के लिए हर वर्ष निभाई जाती है। 

विज्ञापन
Now the priests will do this to save Baba Mahakal from the heat, they will tie 11 pots on the Shivling
पुजारी पुरोहित अब करेंगे बाबा महाकाल को गर्मी से बचाने के लिए यह उपाय, शिवलिंग पर बांधेंगे 11 म

विस्तार

विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में गर्मी के मौसम को ध्यान में रखते हुए एक अनूठी परंपरा का निर्वहन किया जाएगा। इस परंपरा के तहत भस्म आरती के बाद से संध्या आरती तक बाबा महाकाल का निरंतर जलाभिषेक किया जाएगा, जिससे उन्हें ठंडक प्रदान की जा सके।
विज्ञापन


विज्ञापन


मंदिर के पुजारी पंडित महेश शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि वैशाख कृष्ण पक्ष की प्रतिपदा, 13 अप्रैल 2025 को विशेष पूजन-अर्चन के बाद इस परंपरा की शुरुआत होगी। भस्म आरती के दौरान बाबा महाकाल के शिवलिंग के ऊपर 11 नदियों के नाम पर मिट्टी के कलश (मटकियां) स्थापित किए जाएंगे, जो अगले दो माह तक बने रहेंगे। इन कलशों का उद्देश्य सभी नदियों के पवित्र जल को भगवान महाकाल को अर्पित करना है। इन नदियों के नाम गंगा, यमुना, सरस्वती, नर्मदा, सरयू, कावेरी, गोदावरी, महानदी, शिप्रा और ब्रह्मपुत्र रखे जाएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन


ये भी पढ़ें- भस्मारती में आज ऐसे हुआ बाबा महाकाल का शृंगार, प्रभारी मंत्री पहुंचे दर्शन करने

पंडित महेश शर्मा ने बताया कि सामान्य दिनों में जलाभिषेक के लिए चांदी के कलश का उपयोग किया जाता है, लेकिन इस विशेष परंपरा के अंतर्गत दो माह तक मिट्टी के कलशों से भी जल अर्पित किया जाएगा। धार्मिक मान्यता के अनुसार, भगवान शिव कैलाश पर्वत पर निवास करते हैं, जहां हमेशा शीतलता बनी रहती है। गर्मी के दौरान बाबा महाकाल को ठंडक मिले, इसी भावना से यह विशेष जलाभिषेक किया जाता है। मंदिर प्रशासन ने इस परंपरा की तैयारियां शुरू कर दी हैं, जिससे भक्तगण भी इस पावन अनुष्ठान का साक्षी बन सकें। प्रतिवर्ष की तरह इस वर्ष भी यह परंपरा विधिपूर्वक निभाई जाएगी। 

ये भी पढ़ें- महाकालेश्वर मंदिर में दर्शन कराने के नाम पर अवैध वसूली, 10 आरोपियो को मिली जमानत, चार अब भी फरार

 

पुजारी पुरोहित अब करेंगे बाबा महाकाल को गर्मी से बचाने के लिए यह उपाय, शिवलिंग पर बांधेंगे 11 म

पुजारी पुरोहित अब करेंगे बाबा महाकाल को गर्मी से बचाने के लिए यह उपाय

 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed