{"_id":"63084328c338c4331a23fee5","slug":"students-forced-to-study-in-dilapidated-school-building-in-maihar-satna-there-can-be-a-big-accident-anytime","type":"story","status":"publish","title_hn":"Satna News: जर्जर स्कूल भवन में पढ़ने को मजबूर छात्र, कभी भी हो सकता है बड़ा हादसा, अधिकारी नहीं दे रहे ध्यान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Satna News: जर्जर स्कूल भवन में पढ़ने को मजबूर छात्र, कभी भी हो सकता है बड़ा हादसा, अधिकारी नहीं दे रहे ध्यान
Fri, 26 Aug 2022 09:21 AM IST
अंकिता विश्वकर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सतना
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सतना
Published by: अंकिता विश्वकर्मा
Updated Fri, 26 Aug 2022 09:21 AM IST
सार
विद्यालय की खस्ता हालत होने के बाद भी शिक्षा विभाग के अधिकारियों द्वारा कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। वहीं विद्यालय प्रभारी रामगोपाल वर्मा ने पूर्व में इसकी जानकारी जिम्मेदार अधिकारियों को दी थी, उसके बाद भी कोई कार्रवाई नहीं की गई।
विज्ञापन
जर्जर स्कूल भवन में पढ़ने को मजबूर छात्र
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मैहर जनपद पंचायत के ग्राम डुंडी स्थित शासकीय पूर्व प्राथमिक शाला की हालत काफी खस्ताहाल हो चुकी है। यहां बने कमरों की छत और दीवारें पूरी तरह से जर्जर है, भवन कि छत और दीवारों में जगह-जगह दरारें नजर आ रही हैं। भवन कब गिर जाए कुछ कहा नहीं जा सकता। उसके बाद भी जर्जर भवन की कक्षाओं में बच्चों को पढ़ाया जा रहा है। शिक्षा विभाग द्वारा मासूम बच्चों की जिंदगी के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है।
बताया जा रहा है कि विद्यालय की ऐसी खस्ता हालत होने के बाद भी शिक्षा विभाग के अधिकारियों द्वारा कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। वहीं विद्यालय प्रभारी रामगोपाल वर्मा ने पूर्व में इसकी जानकारी जिम्मेदार अधिकारियों को दी थी, उसके बाद भी कोई कार्रवाई नहीं की गई।
जर्जर भवन की हालत देखकर अंदाजा लगाया जा सकता है कि यह भवन पूरी तरह से खंडर हो चुका है। जो कि किसी के लिए भी सुरक्षित नहीं है उसके बाद भी यहां बच्चों को पढ़ाया जा रहा है। जिससे कभी भी कोई भी अप्रिय घटना घटित हो सकती है लेकिन संबंधित विभाग के अधिकारी इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
बताया जा रहा है कि विद्यालय की ऐसी खस्ता हालत होने के बाद भी शिक्षा विभाग के अधिकारियों द्वारा कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। वहीं विद्यालय प्रभारी रामगोपाल वर्मा ने पूर्व में इसकी जानकारी जिम्मेदार अधिकारियों को दी थी, उसके बाद भी कोई कार्रवाई नहीं की गई।
विज्ञापन
जर्जर भवन की हालत देखकर अंदाजा लगाया जा सकता है कि यह भवन पूरी तरह से खंडर हो चुका है। जो कि किसी के लिए भी सुरक्षित नहीं है उसके बाद भी यहां बच्चों को पढ़ाया जा रहा है। जिससे कभी भी कोई भी अप्रिय घटना घटित हो सकती है लेकिन संबंधित विभाग के अधिकारी इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं।
विज्ञापन
