फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Sehore News ›   Sehore: 20 years imprisonment for abducting and raping a minor

Sehore: नाबालिग को भगा ले जाने और दुष्कर्म करने वाले को 20 साल कैद, कोर्ट ने चार हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया

Mon, 30 Jan 2023 04:03 PM IST
दिनेश शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीहोर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीहोर Published by: दिनेश शर्मा Updated Mon, 30 Jan 2023 04:03 PM IST
सार

सीहोर में नाबालिग को भगा ले जाने और दुष्कर्म करने का आरोपी को कोर्ट ने दोषी करार दिया है। राजेन्द्र पिता लखनलाल (22) निवासी किशनपुर थाना गोपालपुर जिला सीहोर को 20 साल की सजा सुनाई गई है। साथ ही चार हजार रुपये का कुल अर्थदण्ड भी लगाया है। 

विज्ञापन
Sehore: 20 years imprisonment for abducting and raping a minor
jail, jail demo - फोटो : फाइल फोटो

विस्तार

मध्यप्रदेश के सीहोर में नाबालिग को भगा ले जाने और दुष्कर्म करने का आरोपी को कोर्ट ने दोषी करार दिया है। उसे 20 साल की सजा सुनाई गई है। साथ ही तीस हजार रुपये का प्रतिकर देने का निर्देश भी दिया है। 
विज्ञापन


जानकारी के अनुसार मामला ये फैसला द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश वैभव सक्सेना, तहसील नसरुल्लागंज ने राजेन्द्र पिता लखनलाल (22) निवासी किशनपुर थाना गोपालपुर जिला सीहोर को दंडित किया है। साथ ही चार हजार रुपये का कुल अर्थदण्ड भी लगाया है। अभियोजन के अनुसार 13 मार्च 2021 को थाना गोपालपुर पर फरियादी ने रिपोर्ट में बताया था कि मैं ग्राम किशनपुर का रहने वाला हूं और खेती करता हूं। कल रात्रि को घर पर सो रहे थे। सुबह 6 बजे उठे तो मैंने देखा मेरी छोटी बहन अभियोक्त्री घर पर नहीं थी, जिसकी तलाश करता रहा। मुझे शंका है कि मेरी छोटी बहन को मेरे गांव का राजेन्द्र मालवीय बहला फुसलाकर भगाकर ले गया है।
विज्ञापन


पुलिस ने 21 मार्च 2021 को पार्डना से अभियुक्त के कब्जे से दस्तयाब किया गया। पीड़िता ने बताया कि अभियुक्त उसे आष्टा से देवास लेकर गया एवं देवास से पार्डना लेकर गया और बिना उसकी सहमति के उसके साथ गलत काम किया। पीड़िता द्वारा बताए अनुसार आरोपी के विरुद्ध अपराध पंजीबद्ध कर अभियोग पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया गया। कोर्ट ने अभियोजन की ओर से प्रस्तुत तर्क एवं साक्षीगण की साक्ष्य तथा वैज्ञानिक साक्ष्य को विश्वसनीय मानते हुए अभियुक्त राजेंद्र को दोषी करार दिया और अलग-अलग धाराओं में सजा सुनाई। मामले में कोर्ट ने भारत संघ एवं अन्य (उपरोक्त) के मामले में दिए निर्देश एवं नालसा विकटिम कम्पंशेसन स्कीम 2018 के अनुसार 30000 रुपये प्रतिकर प्रदान किए जाने के लिए अध्यक्ष सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, सीहोर को निर्देशित किया गया। शासन की ओर से पैरवी विशेष लोक अभियोजक शिरीष उपासनी ने की।
विज्ञापन
विज्ञापन


 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed