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MP: अंतरजातीय विवाह की सूचना पर पुलिस ने लड़की को परिजनों को सौंपा, बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका पर नोटिस जारी
Mon, 06 Feb 2023 09:43 PM IST
हिमांशु प्रियदर्शी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मध्य प्रदेश
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मध्य प्रदेश
Published by: हिमांशु प्रियदर्शी
Updated Mon, 06 Feb 2023 09:43 PM IST
सार
याचिका के मुताबिक, युगल अंतरजातीय विवाह की सूचना देने पुलिस अधीक्षक कार्यालय जबलपुर गया था। जहां पुलिस ने लड़की को इच्छा के विरुद्ध उसके परिजनों को सौंप दिया। एमपी हाई कोर्ट ने बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका पर नोटिस जारी किया है।
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मध्य प्रदेश हाई कोर्ट
विस्तार
मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने सोमवार को अंतरजातीय विवाह के मामले में अनावेदक को हिंदू लड़की को पेश करने का आदेश दिया है। हाई कोर्ट ने बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका पर नोटिस जारी किया है। दरअसल, एक युगल अंतरजातीय विवाह के बारे में पुलिस अधीक्षक सूचना देने गया था। पुलिस ने थाने में बयान दर्ज करने के बाद महिला को परिजनों के सुपुर्द कर दिया। उसे जबरन बंदी बनाए रखने की शिकायत करने के बावजूद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद मुस्लिम युवक ने हाई कोर्ट में बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका दायर की थी। हाई कोर्ट के जस्टिस सुजाय पॉल तथा जस्टिस अमरनाथ केसरवानी की युगलपीठ ने इस याचिका पर सुनवाई की।
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साल 2020 में शादी करने के बाद अपने-अपने घर में रहता था जोड़ा
मामले में याचिका जबलपुर के गलगला निवासी मोहम्मद अख्तर मंसूरी की ओर से दायर की गई थी। याचिका में कहा गया है कि उसने चेरीताल निवासी यादव समुदाय की लड़की के साथ साल 2020 में विवाह किया था। विवाह के बाद दोनों अपने घर में रहते थे। युवती डेढ़ महीने पहले स्वेच्छा से अपना घर छोड़कर उसके साथ रहने लगी थी। अंतरजातीय विवाह की सूचना देने वे पुलिस अधीक्षक कार्यालय जबलपुर गए थे। पुलिस अधीक्षक ने दोनों को सिविल लाइन थाने में बयान दर्ज करवाने के निर्देश दिए थे। याचिका पर अगली सुनवाई 13 फरवरी को निर्धारित की गई है।
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पिता ने अपनी बेटी को घर में बनाया बंधक
सिविल लाइन पुलिस ने बयान दर्ज करवाने के बाद युवती को इच्छा के विरुद्ध उसके परिजनों के सुपुर्द कर दिया। याचिका में कहा गया है कि युवती के पिता उसे जबरदस्ती बंधक बनाए हुए हैं। इस बारे में शिकायत करने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं होने के कारण उक्त याचिका दायर की गई है। युगलपीठ ने सुनवाई के बाद उक्त आदेश जारी किए।
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