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Damoh: 108 के ठेकेदार ने गाड़ी सुधार का नहीं किया भुगतान, सर्विस सेंटर वालों ने वाहन देने से किया इंकार

Sat, 29 Jun 2024 07:50 PM IST
दमोह ब्यूरो न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, दमोह
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, दमोह Published by: दमोह ब्यूरो Updated Sat, 29 Jun 2024 07:50 PM IST
सार

तेंदूखेड़ा सीबीएमओ आरआर बागरी का कहना है, 108 सुविधा ठेकेदारी पर है। दो वाहन तेंदूखेड़ा के लिए अधिकृत हैं। वह कहां थे और उनका दो मरीजों को लाभ क्यों नहीं मिला है। इसकी जानकारी ली जाएगी। इसके लिए लिखित में नोटिस काटे जाएंगे।

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Damoh 108 contractor did not pay for vehicle repair service center refused to give vehicle
सागर सर्विस सेंटर में खड़ा वाहन - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

दमोह जिले के तेंदूखेड़ा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में अटैच 108 वाहन का लाभ गुरुवार रात मरीजों को न मिलने के मामले में बड़ा खुलासा हुआ। दरअसल, सागर जिले के सर्विस सेंटर में एक 108 वाहन सुधार के लिया गया है। ठेकेदार ने गाड़ी सुधारने का भुगतान नहीं किया तो सर्विस सेंटर वालों ने वाहन देने से मना कर दिया। इसमें परेशानी मरीजों को हो रही है। इमरजेंसी के समय में भी उन्हें 108 वाहन का लाभ नहीं मिल पा रहा है।

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तेंदूखेड़ा स्वास्थ्य केंद्र के नाम से दो 108 एंबुलेंस अधिकृत हैं। गुरुवार शाम दोनी गांव निवासी एक महिला सुनीता यादव पर आकाशीय बिजली गिरी थी। परिजनों ने 108 वाहन बुलाया। लेकिन वह उपलब्ध नहीं हो पाया और काफी देर इंतजार के बाद जब वाहन नहीं मिला तो परिजन निजी वाहन से उसे जबलपुर ले गए। जहां महिला की मौत हो गई। यदि समय पर उसे वाहन मिल जाता तो महिला की जान बच सकती थी।
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दोनी निवासी सुरेंद्र यादव ने बताया कि जब सुनीता आकाशीय बिजली कि चपेट में आई, उसी समय 108 को गुरुवार शाम हेल्प लाइन नंबर पर काल किया था। लेकिन हेल्प लाइन नंबर से जानकारी मिली थी कि वाहन दूसरी जगह व्यस्त है। इसलिए निजी वाहन को खोजने में घंटों लग गये और बाद महिला को पाटन लेकर पहुंचे। जहां डाक्टरों ने उसे जबलपुर रेफर कर दिया और बाद में जबलपुर पहुंचने पर महिला कि मौत हो गई। यदि समय पर वाहन मिल जाता तो महिला की जान बच जाती।
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इसी तरह दूसरे घायल हुकूमपाल को भी बस की टक्कर से घायल होने पर तेंदूखेड़ा स्वास्थ्य केंद्र से जबलपुर रेफर किया गया था। परिजनों ने कॉल सेंटर फोन लगाया तो पता चला वाहन कहीं और है, अभी नहीं मिल पाएगा। उसके बाद घायलों ने अगले दिन सुबह आठ बजे तक 11 घंटे इंतजार किया। लेकिन 108 वाहन नहीं मिल सका। सवाल यह था दो वाहन स्वास्थ्य केंद्र में अधिकृत होने के बाद भी कहां चले गए।

सागर में खड़ी है दूसरी 108
108 वाहन न मिलने के बारे में जब पड़ताल की तो पता चला केवल एक ही 108 वाहन सेवा में उपलब्ध है। दो अधिकृत वाहनों में एक वाहन 15 दिन पहले सागर गया था। उसका स्टेरिंग फ़ेल हो गया था। लेकिन जिस जगह यह वाहन खड़ा है, उसका करीब छह लाख रुपये का भुगतान रुका है। इसलिए सर्विस सेंटर वाले वाहन नहीं दे रहे हैं। उनका कहना है, पहले भुगतान करो उसके बाद वाहन छोड़ेंगे। वाहन ठेकेदार और सर्विस सेंटर वाले के लेन-देन में तेंदूखेड़ा क्षेत्र के मरीजों को परेशानी हो रही है। उनको इस सेवा का लाभ नहीं मिल पा रहा है। जो वाहन अधिकृत है, उसकी जगह दूसरे वाहन को भेजा गया।

इसके अलावा दूसरा वाहन भी गुरुवार को पूरी रात लापता रहा। यदि दूसरा वाहन कहीं गया होता तो तीन से चार घंटे में वापस तेंदूखेड़ा आ जाता। लेकिन ऐसा नहीं हुआ और एक घायल ने 11 घंटे तक वाहन के आने का इंतजार किया।

नोटिस काटकर मांगते हैं जवाब
तेंदूखेड़ा सीबीएमओ आरआर बागरी का कहना है, 108 सुविधा ठेकेदारी पर है। दो वाहन तेंदूखेड़ा के लिए अधिकृत हैं, वह कहां थे और उनका दो मरीजों को लाभ क्यों नहीं मिला है। इसकी जानकारी ली जाएगी। इसके लिए लिखित में नोटिस काटे जाएंगे। मामले को लेकर 108 के डीएम नीलेश त्रिवेदी का कहना है कि 108 का दूसरा वाहन सागर सुधार कार्य के लिए गया था। एक-दो दिन में आ जाएगा। दूसरे वाहन का 11 घंटे तक लाभ घायल आदमी को क्यों नहीं मिला, इसकी जानकारी लेता हूं।

झोपड़ी पर तिरपाल डालते समय 11 हजार केवी लाइन के करंट से झुलसा बुजुर्ग
दमोह जिले के तेंदूखेड़ा थाना क्षेत्र अंतर्गत बारिश के पानी से अपनी झोपड़ी को बचाने रामादेही गांव में तिरपाल डालते समय एक बुजुर्ग को 11 केवी लाइन का करंट लग गया और वह जमीन पर गिर पड़ा। बुजुर्ग कई जगह पर करंट से झुलस गया है, जिसका इलाज चल रहा है।

तेंदूखेड़ा नगर और ग्रामीण इलाके में घर के पास और ऊपर से बिजली लाइन निकली है, जिसकी चपेट में आने से लोगों की जान भी जा चुकी है। जानकारी के अनुसार, रामादेही गांव निवासी मजबूत पिता भोले घोषी 67 अपने घर के बाजू में बनी झोपड़ी में तिरपाल डालने चढ़ा था। तिरपाल डालने के बाद जैसे ही वह उतरने लगा, उसी समय 11 केवी लाइन के तार से वह टच हो गया और करेंट लग गया, जिससे वह झुलस कर जमीन पर गिर पड़ा। बुजुर्ग के हाथ, पैर करंट से बुरी तरह जल गये। बाद में परिजन इलाज के लिए तेंदूखेड़ा के लोक स्वास्थ्य केंद्र लेकर गए, जहां बुजुर्ग का इलाज चल रहा है।


ग्रामीणों ने बताया कि बिजली लाइन के तार की नीचे झूल रहे हैं। उनकी खिंचाई कर बीच में पोल लगाए जाएं। तेंदूखेड़ा बिजली विभाग के जेई एमएफ अंसारी ने बताया कि मुझे पूर्व में मामले की जानकारी नहीं थी। न मेरे पास कोई लिखित शिकायत आई है। घटना के बाद मैंने जानकारी ली है। रामदेही में 11 केवी लाइन निकली है, जिसका सुधारीकरण शीघ्र कराने का प्रयास किया जाएगा।

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