भोपाल में आज रात 12 बजे लागू होगा पूर्ण लॉकडाउन, केवल दूध और दवा की दुकानें खुलेंगी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में दूध और दवाई की दुकानों को छोड़कर शेष सभी प्रकार की दुकानें अगले आदेश तक बंद रहेंगी। यह आदेश रात 12 बजे से लागू हो जाएगा। जिला कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी तरुण पिथोड़े के निर्देश पर यह फैसला लिया गया है।
जारी किए गए आदेश में कहा गया है कि अब भोपाल शहर को पूरी तरह लॉकडाउन किया जा रहा है। शहर की करोद मंडी को भी अगले आदेश तक पूरी तरह बंद किया जा रहा है। सभी व्यापारी किसानों से सब्जी आदि की खरीददारी कर नगर निगम के माध्यम से बिक्री करेंगे। साथ ही पहले किराना दुकानों और अन्य दुकानों को दी गई छूट को भी समाप्त किया जा रहा है।
आदेश के अनुसार, केवल होम डिलीवरी, दूध की दुकानें और मेडिकल दुकानें ही इस लॉकडाउन में खुलेंगी। साथ ही शासकीय कार्य के लिए अतिआवश्यक सेवा मे लगे हुए सभी अधिकारियो और कर्मचारियो के वाहनों को इस प्रतिबंध से छूट रहेगी।
लॉकडाउन में मीडियाकर्मियो को पहले की तरह दी गई छूट जारी रहेगी। अगर कोई भी व्यक्ति घूमता पाया जाएगा तो उस पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। आपातकालीन सेवाओं के अतिरिक्त अन्य सभी कारणों के लिए दिए गए पास भी निलंबित कर दिए गए हैं।
भारत में लगातार कोरोना वायरस के मामले बढ़ रहे हैं। इस वायरस ने महाराष्ट्र और केरल को सबसे ज्यादा प्रभावित किया है। वहीं मध्यप्रदेश में भी संक्रमितों की संख्या बढ़ रही है। इसी बीच भोपाल के चार इमली, जहांगीराबाद क्षेत्र, टीटी नगर पुलिस आवास क्षेत्र, शिवाजी नगर और इन्द्र कॉलोनी बाग, उमराव दूल्हा क्षेत्र के आस पास के एक किलोमीटर क्षेत्र को कंटेनमेंट एरिया घोषित कर दिया गया है।
इसका मतलब यह है कि इन इलाकों में रहने वाले 10 हजार से ज्यादा परिवारों के घरों का सर्वे किया जाएगा। यह फैसला स्वास्थ्य विभाग की प्रमुख सचिव डॉक्टर पल्लवी जैन गौविल, शिवाजी नगर निवासी और स्वास्थ्य विभाग की अपर संचालक डॉक्टर वीणा सिन्हा और करोंद सब्जी मंडी के थोक व्यापारी अब्दुल गफ्फार की कोरोना टेस्ट रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद लिया गया है।
अब इन लोगों के संपर्क में आने वाले लोगों को क्वारंटाइन (एकांतवास) किया जाएगा। संक्रमितों के सीधे संपर्क में आने वाले लोगों के सैंपल (नमूने) परीक्षण के लिए इकट्ठा किए जाएंगे। जिलाधिकारी तरुण पिथोड़े ने कहा कि पॉजिटिव मरीज के आसपास के 50-50 घरों में रहने वाले लोगों की स्क्रीनिंग की जाएगी। इसके अलावा बाकी के घरों का सर्वे किया जाएगा।
साथ ही कंटेनमेंट एरिया में स्वास्थ्य विभाग द्वारा रेपिड रिस्पांस टीम और मेडिकल मोबाइल यूनिट दिशा निर्देशों के आधार पर कार्य करेगी। क्षेत्र के सभी लोगों की सतत स्क्रीनिंग की जाएगी। किसी भी व्यक्ति को सर्दी, खांसी, बुखर होने पर तुरंत सूचना देना अनिवार्य होगा।
क्षेत्र से बाहर आने वाले व्यक्ति को स्कैनिंग कराना अनिवार्य होगा साथ ही क्षेत्र के सभी व्यक्ति 14 दिन तक होम क्वारंटाइन (एकांतवास) में होंगे, संक्रमित व्यक्ति के स्थल को एपिक सेन्टर घोषित कर उसके आसपास के 50 घरों में स्क्रीनिंग की जाएगी।
वही, सरकार की इस मुहिम के साथ भोपाल के शिवाजी नगर क्षेत्र की महिलाओं और नन्हे मुन्ने बच्चे भी कोरोना से बचाव के लिए आगे आए। बच्चे भी नारे लिखकर कोरोना से बचाव और जागरूक करने की दिशा में अपनी भूमिका निभा रहे हैं। यह बच्चे लोगों को सामाजिक दूरी और संक्रमण से बचाव के उपाय सहित आमजनों को समझाइश दे रहे हैं।
दूसरी ओर, राज्य में कोरोना वायरस से मरने वाले लोगों की संख्या बढ़कर 13 हो गई है। मरने वालों में दो लोग इंदौर के रहने वाले है। एक अधिकारी ने इस बात की जानकारी दी है।
डॉक्टर पुरोहित ने खुद को किया क्वारंटाइन
कोलार स्थित सिग्नेचर रेसिडेंसी के निवासी और स्वास्थ्य विभाग के उप निदेशक डॉक्टर सौरभ पुरोहित भी कोरोना पॉजिटिव हैं। सतपुड़ा भवन में पदस्थ डॉक्टर पुरोहित ने खुद को घर में क्वारंटाइन (एकांतवास) कर लिया है।
मध्यप्रदेश में तीन नए मामले
मध्यप्रदेश के बड़वानी जिले के सेंधवा में तीन कोरोना संक्रमित नए मामले सामने आए हैं। स्वास्थ्य अधिकारी के मुताबिक यह सभी उस 90 वर्षीय व्यक्ति के रिश्तेदार हैं जो सऊदी अरब से लौटे थे और जिनकी मौत हो गई थी।
देशभर में संक्रमित मरीजों की संख्या 3374 हुई
देश में पिछले 12 घंटे में 302 नए मामले सामने आए हैं। इसी के साथ संक्रमित मरीजों की संख्या बढ़कर 3374 हो गई है। इनमें 3030 सक्रिय मामले हैं, 267 लोग स्वस्थ हो चुके हैं या उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है। वहीं, अब तक कोरोना वायरस से 77 लोगों की मौत हो चुकी है। यह आंकड़े केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने जारी किए हैं।
