मप्र में कोरोनाः 24 घंटे में 12919 नए संक्रमित मिले, 104 मौतें, शिवराज बोले-कोरोना कर्फ्यू से संक्रमण दर स्थिर
- अशोकनगर व बैतूल में 3 मई तक लाॅकडाउन
- प्रदेश की कोरोना संक्रमण दर 23 प्रतिशत
विस्तार
मध्यप्रदेश में कोरोना संक्रमण के हालात सुधरने का नाम नहीं ले रहे हैं। शनिवार को बीते 24 घंटे में करीब 13 हजार नए संक्रमित मिले और 104 लोगों की मौत हो गई। दूसरी लहर में मौतों का सिलसिला बहुत तेजी से जारी है।
इस बार मात्र 23 दिन में 1000 से ज्यादा मौतें हो गई, जबकि पहली लहर में 42 दिन में इतनी मौतें हुई थीं। उधर, हालात बिगड़ते देख अशोकनगर व बैतूल जिलों में लाॅकडाउन 3 मई तक बढ़ा दिया गया है। प्रदेश के मुख्य सचिव इकबाल सिंह बैंस भी संक्रमित हो गए हैं। इस बीच मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने शनिवार को कहा कि प्रदेश में लगे कोरोना कर्फ्यू का सकारात्मक असर दिखाई दे रहा है। इससे संक्रमण की दर स्थिर हुई है।
मध्यप्रदेश में पिछले 24 घंटे में 12,919 नए संक्रमित मिले। हालांकि इसी दौरान 11,091 मरीज स्वस्थ भी हुए। राज्य में अब कुल संक्रमितों का आंकड़ा 4,85,703 पर पहुंच गया है। संक्रमण दर मामूली घटकर 23 प्रतिशत पर आई है। राज्य में अब तक कुल 5041 मौतें हुई हैं। सक्रिय केस की बात करें तो अभी 89,363 है। जबकि 3,91,299 लोग महामारी को मात दे चुके हैं।
इस बार मौतें ज्यादा
दूसरी कोरोना लहर ज्यादा जानलेवा है। पिछले 24 घंटे में रिकॉर्ड 104 मरीजों की मौत हुई। इस माह के 23 दिनों में ही 1027 मौतें हो चुकी हैं। पहली लहर के चरम काल में हुई मौतों की संख्या से यह करीब दोगुनी है।
12,918 fresh #COVID19 cases, 104 deaths and 11,091 recoveries have been reported in Madhya Pradesh in the last 24 hours
— ANI (@ANI) April 24, 2021
Total cases: 4,85,703
Death toll: 5,041
Active cases: 89,363
Total recoveries: 3,91,299 pic.twitter.com/xf2sC7urWW
चौहान ने कोविड 19 की रोकथाम और व्यवस्थाओं के संबंध में मुख्यमंत्री निवास से कोरोना नियंत्रण कोर ग्रुप की वर्चुअल बैठक को संबोधित करते हुए यह बात कही। उन्होंने कहा कि ऑक्सीजन आपूर्ति सुनिश्चित करना राज्य शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। आज 11,000 से अधिक व्यक्ति कोरोना की जंग जीत कर स्वस्थ हुए हैं। जिला स्तर पर अब अधिक संक्रमण वाले क्षेत्रों को चिंहित करने की आवश्यकता है।
भोपाल के लिए ऑक्सीजन ट्रेन
शिवराज ने कहा कि रेल मंत्री पीयूष गोयल से चर्चा में यह तय हुआ है कि रेल मंत्रालय भोपाल के लिए ऑक्सीजन ट्रेन प्रदान करेगा। यह ट्रेन बोकारो से रांची होते हुए भोपाल आएगी, जिसमें ऑक्सीजन के भरे टैंकर मध्यप्रदेश लाए जाएंगे।
हवाई रूट से भी आपूर्ति होगी
चौहान ने बताया कि इंदौर-जामनगर हवाई रूट के बाद अब ग्वालियर-रांची और भोपाल-रांची ऑक्सीलन हवाई रूट से ऑक्सीजन की आपूर्ति मध्य प्रदेश की जाएगी। मध्य प्रदेश से खाली ऑक्सीजन सिलेंडर वायु सेना के विमान से भोपाल और ग्वालियर से रांची जाएंगे और वहां से सड़क मार्ग से भरे टैंकर वापस आएंगे।
