फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Case registered in Burhanpur on controversial statement of Acharya Shailendra Saraswati

Burhanpur: आचार्य शैलेंद्र सरस्वती ने साधु-संतों को लेकर कही विवादित बातें, पुलिस में शिकायत दर्ज

Fri, 29 Dec 2023 11:00 AM IST
अर्पित याज्ञनिक न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बुरहानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बुरहानपुर Published by: अर्पित याज्ञनिक Updated Fri, 29 Dec 2023 11:00 AM IST
सार

बुरहानपुर शहर में एक तीन दिवसीय ध्यान शिविर का आयोजन किया जा रहा है। इस शिविर के लिए आचार्य शैलेंद्र सरस्वती बुरहानपुर आए हुए हैं। वीडियो वायरल होने पर दर्ज हुई शिकायत।

विज्ञापन
Case registered in Burhanpur on controversial statement of Acharya Shailendra Saraswati
आचार्य शैलेंद्र सरस्वती - फोटो : Amar Ujala Digital

विस्तार

मध्य प्रदेश के बुरहानपुर में आचार्य रजनीश ओशो के छोटे भाई शैलेंद्र सरस्वती का एक बयान विवादों में आ गया है। आचार्य शैलेंद्र सरस्वती इस समय बुरहानपुर आए हुए हैं। यहां उनका तीन दिवसीय ध्यान शिविर कार्यक्रम का आयोजन चल रहा है।

विज्ञापन


बता दें कि शिविर का आयोजन शहर की एक निजी संस्था मेक्रो विज़न एकेडमी करा रही है। इसी के चलते आचार्य सरस्वती ने गुरुवार को प्रेस वार्ता की। इस दौरान पूछे गए एक सवाल के जवाब में उन्होंने देश के साधु-संतों को कथित रूप से पाखंडी बता दिया। उनके इस बयान का वीडियो सोशल मीडिया में जमकर वायरल हो रहा है। इसको लेकर धार्मिक भावनाएं आहत होने के संबंध में शहर के ही एक शिकायतकर्ता ने लालबाग थाना में शिकायत भी दर्ज कराई है।
विज्ञापन


बता दें कि आचार्य सरस्वती देशभर में विख्यात आध्यात्मिक गुरु होने के साथ ही आचार्य रजनीश ओशो के छोटे भाई भी हैं। शिविर के संबंध में गुरुवार को प्रेस वार्ता के दौरान पूछे गए एक सवाल के जवाब में आचार्य सरस्वती ने कथित रूप से देशभर के साधु-संतों को पाखंडी बता डाला। उनका ये वीडियो जमकर सोशल मीडिया में वायरल हो रहा है। इसके बाद बुरहानपुर के ही रहने वाले आनंद दीक्षित ने शहर के लालबाग थाना पहुंचकर आचार्य सरस्वती के इस बयान को लेकर लिखित शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने कहा कि इससे उनकी धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं। उन्होंने इससे शहर में धार्मिक द्वेष फैलने की भी बात अपनी शिकायत में कही है। हालांकि पुलिस ने फिलहाल उनकी शिकायत पर जांच करने और उनके बयान लेकर ही आगे की कार्रवाई करने की बात कही है।
विज्ञापन
विज्ञापन


यह बोला गया वायरल वीडियो में
वायरल वीडियो में स्वामी जी बोल रहे हैं कि निश्चित रूप से वासना एक रोग है, तो उससे हमें ऊपर उठना है, और उसका उपाय उससे लड़ना नहीं है, बल्कि उसकी छिपी हुई ऊर्जा का रूपांतरण करना है। तथाकथित धार्मिक लोग, पंडित, पुरोहित, साधु, महात्मा हमें कामवासना का दमन सिखाते हैं। उससे दुश्मनी सिखाते हैं। वह कह रहे हैं कि बीज को ही नष्ट कर दो। यह तो संभव नहीं। उससे सिवाय पाखंड के और कुछ भी पैदा नहीं होता और हम सब जानते हैं कि हमारे देश के साधु-महात्मा कितने पाखंडी हैं। वह आनेस्ट नहीं हैं, ईमानदार नहीं हैं। झूठ बोल रहे हैं। उनका स्वयं का जीवन पाखंड भरा है और वह जो सिखा रहे हैं वह भी हिप्पोक्रेसी है, पाखंड है।

शहर में फैल सकता है धार्मिक द्वेष
इस पूरे मामले को लेकर शिकायतकर्ता आनंद दीक्षित ने बताया कि मेरे द्वारा एक शिकायती आवेदन लालबाग थाने में दिया गया है। शैलेंद्र सरस्वती ने स्पष्ट रूप से हमारे देश के साधु संतों का अपमान किया है, जिससे मेरी धार्मिक भावना आहत हुई है। मुझे डर है कि इससे शहर में धार्मिक द्वेष फैलेगा और लोगों की धार्मिक भावनाएं भड़केंगी। इसलिए मैंने इसमें एक शिकायती आवेदन पत्र देकर जांच की मांग की है।


थाना प्रभारी बोले लेंगे शिकायतकर्ता के बयान
हालांकि इस पूरे मामले को लेकर जब लालबाग थाना प्रभारी अमित सिंह जादौन से बात की गई तो उन्होंने बताया कि अभी फिलहाल ऐसी एक शिकायत मिली है और प्रारंभिक रूप से पहले हम शिकायतकर्ता से उसकी शिकायत के संबंध में सबूत लेंगे और उसे थाने बुलाकर उसके बयान भी दर्ज करेंगे, जिसके बाद ही कोई कार्रवाई की जा सकेगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed