फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   AKTU entrance examination for PHD.

एकेटीयू: पीएचडी के लिए 61 व 53 सिर्फ अंक हैं, उम्र नहीं

Thu, 25 Feb 2021 03:45 PM IST
ishwar ashish न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ Published by: ishwar ashish Updated Thu, 25 Feb 2021 03:45 PM IST
विज्ञापन
AKTU entrance examination for PHD.
जयशंकर व रमेश चंद्र। - फोटो : amar ujala

सीखने की कोई उम्र नहीं होती, ये बात तो सभी जानते हैं, लेकिन जब-जब लोग इसे सच होते हुए देखते हैं तो एक बार फिर से माहौल में उत्साह भर जाता है, सीखने की भूख बढ़ जाती है। दरअसल, शनिवार को डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय (एकेटीयू) की दूसरे चरण की पीएचडी प्रवेश परीक्षा थी। परीक्षा में अन्य विद्यार्थियों के साथ-साथ 61 और 53 साल की उम्र के लोगों ने भी शिरकत की। वे पढ़ाई में अपनी रुचि के कारण इस उम्र में पीएचडी करने के इच्छुक हैं। साथ ही अपना ज्ञान भी बढ़ाना चाहते हैं।

विज्ञापन


विश्वविद्यालय की ओर से लखनऊ और नोएडा कैंपस स्थित एक-एक केंद्र पर प्रवेश परीक्षा का आयोजन किया गया। विश्वविद्यालय के मीडिया प्रभारी आशीष मिश्रा ने बताया कि दोनों केंद्रों पर कुल 448 विद्यार्थियों को प्रवेश परीक्षा में शामिल होना था, जिसमें से 347 (77 फीसदी) विद्यार्थी परीक्षा में शामिल हुए। आंसर की भी विश्वविद्यालय की वेबसाइट पर जारी कर दी गई।
विज्ञापन


लखनऊ केंद्र पर परीक्षा में शामिल हुए 53 वर्ष के जयशंकर राय बिजली विभाग में एग्जीक्यूटिव इंजीनियर हैं। वह प्रयागराज चीफ इंजीनियर कार्यालय में तैनात हैं। वह इलेक्ट्रिक इंजीनियरिंग में पीएचडी करना चाहते हैं। इसके लिए उन्होंने लगातार दूसरे साल प्रवेश परीक्षा में शिरकत की है। उन्होंने मदन मोहन मालवीय टेक्निकल यूनिवर्सिटी, गोरखपुर में भी प्रवेश परीक्षा दी है। लिखित परीक्षा पास कर चुके हैं और इंटरव्यू दे चुके हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


जयशंकर ने बताया कि उनकी इच्छा पीएचडी के साथ ही एनर्जी एफीशिएंसी की पढ़ाई करने की भी है। इससे पूर्व वे इंजीनियरिंग में डिप्लोमा, बीटेक, एमबीए, एमए, पीजीजेएमसी व पीजीडीसीए की डिग्री ले चुके हैं। उनका कहना है कि पढ़ने की कोई उम्र नहीं होती। वहीं 61 वर्षीय रमेश चंद्र शुक्ला ने सिविल इंजीनियरिंग में पीएचडी प्रवेश के लिए परीक्षा दी। उन्होंने कहा कि पढ़ाई में रुचि के कारण मैं इस विषय में शोध करना चाहता हूं।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed