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लखनऊ के शिवांग का नाम एशिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में दर्ज, किया ये काम
Thu, 25 Jun 2020 05:24 PM IST
ishwar ashish
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Thu, 25 Jun 2020 05:24 PM IST
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शिवांग वर्मा
- फोटो : amar ujala
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राष्ट्रीय रिकॉर्ड धारक लखनऊ निवासी शिवांग वर्मा ने एक और उपलब्धि हासिल की है। उनका नाम एशिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में दर्ज हो गया है।
यह रिकॉर्ड उन्हें लॉकडाउन के समय 102 पेंसिल स्केचों द्वारा एक पूरी जागरूकता ई-पत्रिका तैयार कर कोरोना फाइटर्स का शुक्रिया कहने के लिए मिला है।
शिवांग ने बताया कि उन्होंने पेंसिल स्केचों से सावधानी और जरूरी हेल्पलाइन नंबर के साथ-साथ कोरोना फाइटर्स को धन्यवाद देते हुए एक पूरी जागरूकता सामग्री बना दी।
उन्होंने इन स्केचों को सोशल मीडिया, सरकारी पोर्टल्स, सरकारी विभागों को भी शेयर किया। कई सरकारी विभागों में यह स्केच जागरूकता के लिए चिपकाए भी गए।
शिवांग नीला जहान संस्था द्वारा पर्यावरण जागरूकता को लेकर भी काम कर रहे हैं और यूनाइटेड नेशन एनवायरनमेंट प्रोग्राम के मेंबर है।
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यह रिकॉर्ड उन्हें लॉकडाउन के समय 102 पेंसिल स्केचों द्वारा एक पूरी जागरूकता ई-पत्रिका तैयार कर कोरोना फाइटर्स का शुक्रिया कहने के लिए मिला है।
शिवांग ने बताया कि उन्होंने पेंसिल स्केचों से सावधानी और जरूरी हेल्पलाइन नंबर के साथ-साथ कोरोना फाइटर्स को धन्यवाद देते हुए एक पूरी जागरूकता सामग्री बना दी।
उन्होंने इन स्केचों को सोशल मीडिया, सरकारी पोर्टल्स, सरकारी विभागों को भी शेयर किया। कई सरकारी विभागों में यह स्केच जागरूकता के लिए चिपकाए भी गए।
शिवांग नीला जहान संस्था द्वारा पर्यावरण जागरूकता को लेकर भी काम कर रहे हैं और यूनाइटेड नेशन एनवायरनमेंट प्रोग्राम के मेंबर है।