Pahalgam Attack News Live: पीएम मोदी ने की ताबड़तोड़ बैठकें, पहलगाम आतंकी हमले के मद्देनजर रणनीति पर चर्चा
PM Modi Cabinet Meet Amid Pahalgam Attack News Live in Hindi: 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद पहली बार बुधवार को केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक होगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में बुधवार को सुबह 11 बजे बैठक बुलाई गई है। पिछले सप्ताह केंद्रीय मंत्रिमंडल की कोई बैठक नहीं हुई थी और केवल सुरक्षा मामलों की कैबिनेट समिति (सीसीएस) की 23 अप्रैल को बैठक हुई थी और उसने आतंकी हमले की निंदा की थी।
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भारत से बढ़ते तनाव के चलते पाकिस्तान का शेयर बाजार धड़ाम, 3545 अंकों की गिरावट
भारत के साथ बढ़ते सैन्य तनाव के चलते पाकिस्तान स्टॉक एक्सचेंज (पीएसएक्स) में बुधवार को 3500 से अधिक अंकों की गिरावट आई। देश के सूचना मंत्री अताउल्ला तरार के उस बयान से शेयर बाजार में दहशत फैल गई जिसमें उन्होंने कहा था कि भारत 24 से 36 घंटे में पाकिस्तान पर सैन्य हमला करने की योजना बना रहा है।पीएसएक्स के उपलब्ध कराए गए आंकड़ों के अनुसार, बाजार में पूरे दिन गिरावट का रुख रहा और अंत में सूचकांक 111,326.57 पर बंद हुआ, जो पिछले बंद 114,872.18 से 3,545.61 या 3.09 प्रतिशत कम है। विश्लेषकों ने इस गिरावट का कारण 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले के बाद अनिश्चित सुरक्षा स्थिति को बताया है। डॉन अखबार ने बताया कि टॉपलाइन सिक्योरिटीज के मुख्य कार्यकारी मोहम्मद सोहेल ने गिरावट का कारण अगले कुछ दिनों में संभावित हमले की खबर को बताया। एकेडी सिक्योरिटीज के अनुसंधान निदेशक अवैस अशरफ ने कहा कि निवेशक पाकिस्तान के खिलाफ संभावित भारतीय सैन्य कार्रवाई को लेकर चिंतित हैं। सूचना मंत्री की प्रेस वार्ता के बाद यह चिंता और बढ़ गई है। चेस सिक्योरिटीज के शोध निदेशक यूसुफ एम फारूक ने भी यही राय जताई। उन्होंने कहा कि सूचना मंत्री के बयान के बाद बाजार दबाव में था। उन्होंने कहा कि अल्पावधि में बाजार की दिशा पाकिस्तान-भारत तनाव की खबरों पर निर्भर करेगी। आरिफ हबीब लिमिटेड की शोध प्रमुख सना तौफिक ने भी मंदी के लिए मुख्य रूप से भारत और पाकिस्तान के बीच भू-राजनीतिक तनाव को जिम्मेदार ठहराया।
भारत की ओर से कार्रवाई के डर से पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरस से गुहार लगाई है। शरीफ ने मंगलवार को सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि संयुक्त राष्ट्र महासचिव से टेलीफोन पर बातचीत की। मैंने आतंकवाद के सभी रूपों की पाकिस्तान की निंदा की पुष्टि की, भारत के निराधार आरोपों को खारिज किया और पहलगाम घटना की पारदर्शी और निष्पक्ष जांच की मांग की। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान शांति के लिए प्रतिबद्ध है लेकिन चुनौती मिलने पर पूरी ताकत से अपनी संप्रभुता की रक्षा करेगा। पीएम कार्यालय से जारी एक बयान में कहा गया कि पीएम शरीफ ने महासचिव को भारत को जिम्मेदारी से काम करने और संयम बरतने की सलाह देने की अपील की है।
भारत ने बुधवार को संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (यूएनएससी) के अस्थायी सदस्यों को पहलगाम में हुए क्रूर आतंकवादी हमले के बारे में अवगत कराने के लिए अपने कूटनीतिक प्रयासों के तहत डेनमार्क से संपर्क किया। विदेश मंत्री एस जयशंकर ने मंगलवार को परिषद के सात अस्थायी सदस्य देशों के विदेश मंत्रियों से बात की थी।
जयशंकर ने बुधवार को डेनमार्क के विदेश मंत्री लार्स लोके रासमुसेन के साथ फोन पर बातचीत की और उन्हें पहलगाम आतंकी हमले के साजिशकर्ताओं को न्याय के दायरे में लाने के भारत के संकल्प से अवगत कराया। उन्होंने एक्स पर लिखा, डेनमार्क के विदेश मंत्री लार्स लोके रासमुसेन से बात की। पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले पर उनके समर्थन और एकजुटता की सराहना करता हूं। आपसी द्विपक्षीय सहयोग के बारे में भी विचारों का आदान-प्रदान किया। सुरक्षा परिषद के अस्थायी सदस्य देशों के विदेश मंत्रियों के साथ जयशंकर की फोन पर बातचीत इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि पाकिस्तान भी 2025-26 तक के लिए इस प्रभावशाली संगठन का सदस्य है। विदेश मंत्री ने मंगलवार को अल्जीरिया, ग्रीस, गुयाना, पनामा, स्लोवेनिया, सियरा लियोन और सोमालिया के विदेश मंत्रियों से बातचीत की थी। पहलगाम भयावह हमले के पीछे सीमा पार संबंधों का हवाला देते हुए भारत ने हमले में शामिल लोगों को कड़ी सजा देने का वादा किया है।
कांग्रेस ने बुधवार को 2008 में मुंबई हमलों के दो दिन बाद गुजरात के सीएम के तौर पर नरेंद्र मोदी के मीडिया संबोधन को लेकर भाजपा पर निशाना साधा। पार्टी ने इस बात पर जोर दिया कि हमें इस सबसे संवेदनशील समय में एकजुट होना चाहिए। 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद कांग्रेस महासचिव और संचार प्रभारी जयराम रमेश ने कहा कि मुंबई में घातक आतंकवादी हमले शुरू होने के दो दिन बाद 28 नवंबर, 2008 को भाजपा ने क्या किया? एक अभूतपूर्व कदम उठाते हुए तत्कालीन गुजरात के मुख्यमंत्री मुंबई गए और मीडिया को संबोधित किया। आइए हम इस सबसे संवेदनशील समय में एकजुट हों। देश इंतजार कर रहा है। रमेश ने भाजपा के 2008 के विज्ञापन को भी साझा किया।
सरकार ने राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार बोर्ड का पुनर्गठन किया है। पूर्व रॉ प्रमुख आलोक जोशी को इसका अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। पूर्व पश्चिमी एयर कमांडर एयर मार्शल पीएम सिन्हा, पूर्व दक्षिणी सेना कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल एके सिंह और रियर एडमिरल मोंटी खन्ना सैन्य सेवाओं से सेवानिवृत्त अधिकारी हैं। राजीव रंजन वर्मा और मनमोहन सिंह भारतीय पुलिस सेवा से सेवानिवृत्त दो सदस्य हैं। सात सदस्यीय बोर्ड में बी वेंकटेश वर्मा सेवानिवृत्त आईएफएस हैं।
पहलगाम हमलों के बाद दूसरी बार बुलाई गई सीसीएस पहलगाम की घटना के मद्देनजर सुरक्षा तैयारियों पर चर्चा हुई। सुरक्षा पर कैबिनेट समिति (सीसीएस) की पिछली बैठक 23 अप्रैल को हुई थी और पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई थी, जिसमें 25 भारतीय और एक नेपाली नागरिक मारे गए थे। सीसीएस ने हमले की कड़े शब्दों में निंदा की और पीड़ितों के परिवारों के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त की और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की आशा व्यक्त की।
केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने बुधवार को कहा कि संसदीय मामलों की कैबिनेट समिति पहलगाम आतंकी हमले को लेकर संसद के विशेष सत्र के लिए कांग्रेस समेत कई विपक्षी दलों की मांग पर फैसला करेगी। संसदीय मामलों के विभाग में राज्य मंत्री और कानून मंत्रालय में स्वतंत्र प्रभार संभालने वाले मेघवाल ने संवाददाताओं से कहा कि सीसीपीए का फैसला, जो सत्र बुलाने पर फैसला करता है, उसके बाद ही बताया जाएगा। केंद्रीय मंत्रिमंडल की बुधवार को बैठक हो रही है। कांग्रेस के मल्लिकार्जुन खड़गे और राहुल गांधी समेत कई विपक्षी नेताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर 22 अप्रैल को हुए आतंकी हमले के बाद सामूहिक संकल्प पेश करने के लिए संसद का सत्र बुलाने की मांग की है। इस हमले में 26 लोग मारे गए थे, जिनमें से अधिकतर पर्यटक थे।
इससे पहले पिछली सीसीएस की बैठक के बाद भारत ने पिछले बुधवार को पाकिस्तान के साथ राजनयिक संबंधों को कम करने सहित कई उपायों की घोषणा की थी। भारत ने पहलगाम आतंकवादी हमले के सीमापार संबंधों के मद्देनजर पाकिस्तानी सैन्य अताशे को निष्कासित करने, छह दशक से अधिक पुरानी सिंधु जल संधि को निलंबित करने और अटारी भूमि-पारगमन चौकी को तत्काल बंद करने की घोषणा की।
गौरतलब है कि जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में 22 अप्रैल को हुए आतंकी हमले में 26 लोगों की जान चली गई थी। इस घटना में पाकिस्तान का हाथ होने की बात सामने आई है। भारत ने कुल चार आतंकियों में से दो के पाकिस्तानी होने का खुलासा किया है। भारत ने इस घटना के मद्देनजर पाकिस्तान पर एक के बाद एक कार्रवाई जारी रखी है और सिंधु जल समझौता तोड़ने के बाद सोमवार को पाकिस्तानी यूट्यूब चैनल्स से जुड़ी सामग्री को भी बैन करने का फैसला किया है।