चिंताजनक: सेहत पर 'ट्रिपल अटैक', इन कारणों से युवाओं में बढ़ गया है समय से करीब 20 साल पहले मौत का खतरा
- इंग्लैंड में किए गए सर्वे में पाया गया है कि 16 वर्ष या उससे अधिक आयु के 50 में से एक व्यक्ति को समय से पहले मृत्यु का खतरा हो सकता है।
- धूम्रपान-शराब की आदत के साथ लोगों में बढ़ती मोटापे की समस्या, ये तीन वजहें हैं जिनके कारण लोगों में कई प्रकार की गंभीर बीमारियों का जोखिम तेजी से बढ़ता जा रहा है।
विस्तार
Premature Death Risk In Younger Population: लाइफस्टाइल और खानपान में गड़बड़ी के कारण दुनियाभर में कई प्रकार की नॉन कम्युनिकेबल बीमारियों का खतरा बढ़ता जा रहा है। 'नॉन कम्युनिकेबल डिजीज' वे बीमारियां हैं जो एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में सीधे नहीं फैलती हैं।
ये रोग आमतौर पर दीर्घकालिक होते हैं और इनके लिए आनुवंशिक, शारीरिक, पर्यावरणीय स्थितियां जिम्मेदार मानी जाती रही हैं, हृदय रोग-डायबिटीज और कैंसर ऐसी ही स्वास्थ्य समस्याएं हैं जिनका जोखिम सभी उम्र के लोगों में देखा जा रहा है। स्वास्थ्य विशेषज्ञ बताते हैं, नॉन कम्युनिकेबल डिजीज समय से पहले मृत्यु के खतरे को भी बढ़ाते जा रहे हैं।
इसी संबंध में हाल ही में इंग्लैंड में किए गए एक सर्वे में पाया गया है कि 16 वर्ष या उससे अधिक आयु के 50 में से एक व्यक्ति को समय से पहले मृत्यु का खतरा हो सकता है। इसके लिए विशेषज्ञों ने मुख्यरूप से तीन कारणों को जिम्मेदार पाया है।
असमय मृत्यु के लिए कौन से कारण जिम्मेदार हैं, क्यों इसका जोखिम बढ़ता जा रहा है? आइए इस बारे में आगे विस्तार से समझते हैं।
सेहत पर 'ट्रिपल अटैक'
इंग्लैंड के स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने कहा, धूम्रपान-शराब की आदत के साथ लोगों में बढ़ती मोटापे की समस्या, ये तीन वजहें हैं जिनके कारण लोगों में कई प्रकार की गंभीर बीमारियों का जोखिम भी तेजी से बढ़ता जा रहा है, जो असमय मृत्यु का कारण बन रही हैं।
एक वरिष्ठ चिकित्सक ने कहा कि इस “ट्रिपल खतरे” के कारण पिछले एक दशक में कैंसर और मधुमेह जैसी बीमारियों के कारण स्वास्थ्य सेवाओं पर अतिरिक्त दबाव भी बढ़ गया है। ये इतना खतरनाक है कि लोग समय से करीब 20 साल पहले मौत का शिकार हो रहे हैं, यानी इन बीमारियों ने बड़ी संख्या में लोगों की उम्र के दो दशक तक कम कर दिया है।
10 लाख से अधिक लोगों में असमय मृत्यु का जोखिम
चैरिटी एक्शन ऑन स्मोकिंग एंड हेल्थ (एश) द्वारा इंग्लैंड में किए गए स्वास्थ्य सर्वेक्षण के विश्लेषण से पता चला है कि इंग्लैंड में लगभग 1 मिलियन लोग (10 लाख) लोग असमय मृत्यु वाले जोखिमों के साथ जी रहे हैं। कुल आबादी के करीब 2.2% लोग तम्बाकू का उपयोग करते हैं, सप्ताह में 14 यूनिट से अधिक शराब पीते हैं और अधिक वजन वाले या मोटे हैं। अधिक वजन से मतलब 25 या उससे अधिक का बॉडी मास इंडेक्स (बीएमआई) है।
सर्वे में क्या पता चला?
सर्वे में पाया गया है कि लगभग 1 करोड़ (जनसंख्या का 22%) लोगों में तीन में से दो समस्याएं (शराब-धूम्रपान या मोटापा) हैं, जबकि 33.9 मिलियन (73.6%) लोगों में कम से कम एक जोखिम कारक मौजूद हैं। अल्कोहल हेल्थ अलायंस के अध्यक्ष प्रोफेसर सर इयान गिलमोर ने कहा, यह चौंकाने वाली बात है कि इंग्लैंड में 50 में से एक वयस्क को तंबाकू, शराब और अस्वास्थ्यकर भोजन के संयोजन के कारण असमय मृत्यु का जोखिम बहुत अधिक है।
धूम्रपान, शराब और अधिक वजन कैंसर, हृदय रोग और यकृत रोग जैसी गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं को काफी हद तक बढ़ाते हैं। जब ये जोखिम कारक एक साथ होते हैं, तो लोगों के स्वास्थ्य के लिए खतरा और भी अधिक बढ़ जाता है।
दुनियाभर के लोगों को रहना चाहिए अलर्ट
लंबे समय तक या आजीवन धूम्रपान की आदत किसी व्यक्ति की जीवन प्रत्याशा को लगभग 10 वर्ष कम कर देती है। इसी तरह ग्रेड तीन का मोटापा (40 से अधिक बीएमआई) के साथ गंभीर रूप से मोटापे से ग्रस्त होना भी लगभग इतना ही खतरनाक है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, ये अध्ययन भले ही सिर्फ इंग्लैंड के लोगों पर किया गया है पर इस इस “ट्रिपल खतरे” को दुनियाभर के लिए जोखिम के रूप में जाना जाना चाहिए। इन तीनों समस्याओं से दूरी बनाकर या इसमें सुधार करके आप कई प्रकार की गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं से बचाव कर सकते हैं।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
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