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झारखंड: वियतनाम में मृत योग शिक्षक का शव भारत लाने के लिए कोर्ट पहुंचा भाई, केंद्र सरकार से हस्तक्षेप की मांग
Thu, 01 Oct 2026 04:24 PM IST
शबाहत हुसैन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रांची
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रांची
Published by: शबाहत हुसैन
Updated Thu, 01 Oct 2026 04:24 PM IST
सार
वियतनाम में सड़क हादसे में जान गंवाने वाले रांची निवासी योग शिक्षक राजा कुमार का पार्थिव शरीर भारत लाने के लिए उनके भाई ने झारखंड हाईकोर्ट में याचिका दायर की है। याचिका में केंद्र सरकार से जल्द वापसी सुनिश्चित करने की मांग की गई है।
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झारखंड हाईकोर्ट
- फोटो : सोशल मीडिया
विस्तार
वियतनाम में सड़क दुर्घटना में मारे गए योग शिक्षक राजा कुमार का पार्थिव शरीर स्वदेश लाने के लिए झारखंड उच्च न्यायालय में याचिका दायर की गई है। राजा कुमार के भाई ने उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाकर केंद्र सरकार और संबंधित अधिकारियों को शव शीघ्र झारखंड वापस लाने के लिए आवश्यक निर्देश देने का अनुरोध किया है। यह याचिका अधिवक्ता आकाश अजीत कुमार के माध्यम से अदालत में पेश की गई है।
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वियतनाम के दा लात में हुआ हादसा
वियतनाम के दा लात शहर में हुए भीषण सड़क हादसे में झारखंड के दो निवासियों की जान चली गई थी। इस दुर्घटना में रांची निवासी 24 वर्षीय राजा कुमार और जमशेदपुर निवासी 25 वर्षीय विनय कुमार राय की दर्दनाक मौत हो गई थी। दोनों युवा वियतनाम की प्रसिद्ध आदि योग अकादमी में योग प्रशिक्षक के रूप में कार्यरत थे और वहां के लोगों को योग का प्रशिक्षण दे रहे थे। हादसे के बाद से ही दोनों योग शिक्षकों के परिवार गहरे शोक में हैं और उनके पार्थिव शरीर का अंतिम संस्कार के लिए भारत आने का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।
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उच्च न्यायालय से जल्द कार्रवाई की गुहार
अदालत में दाखिल याचिका में कहा गया है कि विदेश में अचानक हुई इस दुखद घटना के बाद से मृतक का शव वहीं रुका हुआ है। परिजनों के लिए शव को अपने स्तर पर भारत लाना संभव नहीं हो पा रहा है, इसलिए अदालत हस्तक्षेप कर राज्य और केंद्र सरकार को आवश्यक निर्देश जारी करे। याचिकाकर्ता ने अदालत से गुहार लगाई है कि प्रशासनिक और कूटनीतिक प्रक्रियाओं को तेज कर पार्थिव शरीर को जल्द से जल्द उनके गृह राज्य झारखंड लाने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि परिवार की धार्मिक भावनाओं के अनुसार अंतिम संस्कार किया जा सके।
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विदेश मंत्रालय को सांसद का पत्र
उच्च न्यायालय में दायर याचिका में राज्यसभा सांसद प्रदीप कुमार वर्मा द्वारा विदेश मंत्रालय को लिखे गए पत्र का भी विशेष रूप से उल्लेख किया गया है। सांसद ने अपने पत्र के जरिये विदेश मंत्रालय से आग्रह किया था कि वियतनाम में दिवंगत हुए योग शिक्षक के पार्थिव शरीर को बिना किसी देरी के भारत लाने के लिए कूटनीतिक स्तर पर त्वरित और प्रभावी कार्रवाई की जाए। परिजनों ने भी केंद्र सरकार और विदेश मंत्रालय से निरंतर गुहार लगाई है कि इस कठिन समय में उनकी मदद की जाए और कागजी प्रक्रिया पूरी कराकर पार्थिव शरीर को रांची पहुंचाने में पूरा सहयोग दिया जाए।