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NHRC: मिलावटी दूध बेचे जाने की खबरों का एनएचआरसी ने लिया स्वत: संज्ञान, झारखंड सरकार को जारी किया नोटिस
Mon, 02 Jan 2023 11:05 PM IST
शिव शरण शुक्ला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रांची
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रांची
Published by: शिव शरण शुक्ला
Updated Mon, 02 Jan 2023 11:05 PM IST
सार
राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग द्वारा जारी बयान में कहा गया है कि आयोग ने 30 सितंबर को मीडिया में चलाई गई दूध में मिलावट संबंधी खबरों का स्वत: संज्ञान लिया है। इन खबरों में दावा किया गया था कि 'धनबाद में लाभ कमाने के लिए एक लीटर दूध में रिफाइंड और कास्टिक सोडा मिलाकर उसे 15 लीटर मिलावटी दूध बनाया जा रहा है।'
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मानवाधिकार आयोग का नोटिस
- फोटो : सोशल मीडिया
विस्तार
धनबाद में मिलावटी दूध बेचे जाने की खबरों पर राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने सख्त रुख अपनाया है। इस मामले को लेकर सोमवार को एनएचआरसी ने झारखंड सरकार, राज्य के पुलिस प्रमुख और स्वास्थ्य मंत्रालय में स्वास्थ्य सेवाओं के महानिदेशक को नोटिस जारी किया। राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने इस बाबत एक बयान भी जारी किया है।
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राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग द्वारा जारी बयान में कहा गया है कि आयोग ने 30 सितंबर को मीडिया में चलाई गई दूध में मिलावट संबंधी खबरों का स्वत: संज्ञान लिया है। इन खबरों में दावा किया गया था कि 'धनबाद में लाभ कमाने के लिए एक लीटर दूध में रिफाइंड और कास्टिक सोडा मिलाकर उसे 15 लीटर मिलावटी दूध बनाया जा रहा है।'
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बयान में यह भी कहा गया है कि कहा जा रहा है कि पहले दूध में सिर्फ पानी मिलाया जाता था, लेकिन अब लोगों की सेहत की कीमत पर मुनाफा कमाने के लिए मिलावटी दूध बनाने के लिए यूरिया और स्टार्च का इस्तेमाल किया जा रहा है। इतना ही नहीं कहा ये भी जा रहा है कि ‘लैक्टोमीटर’ द्वारा भी ऐसे दूध में मिलावट का पता नहीं लग पाता।
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बयान में कहा गया कि इस मामले में नोटिस जारी की गई है। इस नोटिस पर झारखंड सरकार, राज्य के पुलिस प्रमुख और स्वास्थ्य मंत्रालय में स्वास्थ्य सेवाओं के महानिदेशक को छह सप्ताह में रिपोर्ट सौंपना होगा।