फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jharkhand ›   dozen of husbands have protest against dowry law

हाथों में तख्तियां लेकर निकले पत्नी पीड़ित पति, क्या था मामला?

Tue, 23 Jun 2015 01:07 PM IST
Updated Tue, 23 Jun 2015 01:07 PM IST
विज्ञापन
dozen of husbands have protest against dowry law

दो दिन पहले जहां पूरा देश फादर्स डे मना रहा था वहीं रांची के पुरुषों ने हाथों में तख्तियां लेकर एक अलग रैली निकाली। काफी संख्या में पहुंचे पुरुषों के इस जत्थे ने राजभवन के सामने नारेबाजी कर अपना विरोध जताया।

विज्ञापन


असल में ये पत्नी पीड़ित पतियों का वो एक समूह था जो दहेज विरोधी कानून के विभिन्न मामलों में फंसे हुए थे। इनकी पत्नियों ने इन पर दहेज उत्पीड़न के मामले दर्ज करा रखे हैं, जिन्हें झूठा बताते हुए इन पुरुषों ने इस खत्म करने की मांग की।
विज्ञापन


अंग्रेजी अखबार टाइम्स ऑफ इंडिया की खबर के अनुसार सेव इंडियन फैमिली फाउंडेशन के बैनर तले पहुंचे इन लोगों ने तटस्थ लिंग कानून की मांग की जिससे पुरुषों के मामलों को भी सुना जा सके।

विज्ञापन
विज्ञापन

पतियों के लिए भी पुरुष आयोग बनाने की मांग

dozen of husbands have protest against dowry law

इन लोगों की प्रमुख मांग थी दहेज कानून के सेक्‍शन 498 ए को जमानती करने की थी। एसआईएफएफ के अध्यक्ष दीपम बनर्जी ने कहा कि हमने अपनी बात रखने को फादर्स डे को इसलिए चुना कि दहेज विरोधी कानून के झूठे मामलों में फंसे कई पिताओं को अपने बच्चों से मिलने का हक भी नहीं मिल पाता है।
 
बनर्जी कहते हैं कि ऐसे मामलों में पुलिस काफी तेजी से कार्रवाई करते हुए पतियों को गिरफ्तार कर लेती है जबकि यह जानने का भी प्रयास नहीं किया जाता कि मामला झूठा है या असली। जब मामला फर्जी निकलता है तो व्यक्ति अपना मान सम्मान और नौकरी तक खो देता है। कई मामलों में तो लोग अपनी जान तक दे देते हैं।

उन्होंने कहा एसआईएफएफ सदस्य महिला आयोग की तरह ही एक पुरुष आयोग के गठन की मांग करती है। जिससे पत्‍नी और ससुरालियों द्वारा प्रताड़ित पतियों को भी न्याय मिल सके और वो भी ऐसे मामलों में अपनी शिकायत दर्ज करा सकें।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed