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जम्मू-कश्मीर: कभी स्कूल में निभाती थीं हब्बा खातून का किरदार, उस पर किताब लिख बनाया रिकॉर्ड

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू Published by: प्रशांत कुमार Updated Thu, 08 Apr 2021 10:55 PM IST
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सोलिहा शब्बीर
सोलिहा शब्बीर - फोटो : सोशल मीडिया

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कभी स्कूल में हब्बा खातून का किरदार निभाने वाली सोलिहा शब्बीर ने अपनी पुस्तक जून- दा हार्ट ऑफ हब्बा खातून की जीवनी पर लिखी कविता को पुनर्निर्मित किया है। इस उपलब्धि के लिए उनका नाम प्रदेश की पहली और सबसे युवा लेखक के रूप इंडिया वर्ल्ड रिकॉड में दर्ज हुआ है। 22 वर्षीय सोलिहा शब्बीर श्रीगनर के डल गेट की रहने वाली हैं, जो अंग्रेजी साहित्य में स्नातकोत्तर कर रही हैं।
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सोलिहा शब्बीर ने अभी तक तीन पुस्तकें लिखी हैं, जिसमें इन दा लॉन ऑफ डार्क, ओबसोलिट- दा पोयम मार्केट और जून- दा हार्ट ऑफ हब्बा खातून शामिल हैं। नौवीं कक्षा में 15 वर्ष की आयु से सोलिहा शब्बीर ने लिखना शुरू किया था, जिसमें उन्होंने अपनी कविता अपने अध्यापक की मदद से लिखी थी। सोबिया ने कहा कि जब वह आठवीं कक्षा में थी वह सामाजिक कम थी और दोस्त बनाना पसंद नहीं था।


इसके बाद साबिया गुलजार नामक शिक्षका ने मुझे लिखने के लिए प्रेरित किया। दसवीं की परीक्षा अच्छे अंक से पास की और परिवार ने साइंस संकाय में मेरा एडमिशन किया। हालांकि मेरी रुचि उसमें नहीं थी। इसके बाद ओबसोलिट- दा पोयम मार्केट पुस्तक लिखी।

इसके बाद परिवार का सहयोग नहीं मिला, लेकिन मैंने अपने जुनून को जारी रखने का फैसला लिया। उन्होंने कहा कि स्कूल के समय से ही मुझ पर हब्बा खातून का प्रभाव था। अक्सर स्कूल में हब्बा खातून का किरदार निभाती थीं। उनकी जीवनी से जुड़ी होने के कारण मुझे पुस्तक लिखने में आसानी हुई। हब्बा खातून कश्मीरी भाषा की कवित्री थी और उनके गीत आज भी कश्मीर में लोकप्रिय हैं।

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