फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Jammu News ›   शहरी विकास, स्थानीय निकाय की अनुदान मांगों को मंजूरी

शहरी विकास, स्थानीय निकाय की अनुदान मांगों को मंजूरी

Wed, 19 Feb 2014 05:30 AM IST
Jammu
Jammu Updated Wed, 19 Feb 2014 05:30 AM IST
विज्ञापन
जम्मू। विधानसभा में मंगलवार को शहरी विकास और स्थानीय निकाय मंत्री ने 119840.46 लाख की अनुदान मांगें सदन के समक्ष मंजूरी के लिए पेश की। अनुदान मांगों पर चर्चा में 21 सदस्यों ने शहरी विकास और स्थानीय निकाय विभाग की कार्यशैली और कामकाज पर चर्चा में हिस्सा लिया और कट आफ मोशन पेश किए। मंत्री के जवाब से संतुष्ट होकर सदस्यों ने विधानसभा अध्यक्ष की ओर से वोटिंग करवाए जाने पर ध्वनिमत से अनुदान मांगों को मंजूर कर अपनी आपत्तियों को वापस ले लिया।
विज्ञापन

चर्चा में पैंथर्स पार्टी के विधायक हर्ष देव सिंह, बलवंत सिंह मनकोटिया ने हिस्सा लेते हुए नगर निगम और स्थानीय निकायों के चुनाव करवाने में चार साल की देरी पर सवाल उठाए। भाजपा के प्रो. गारू राम, जस्मो विधायक अश्विनी, भाजपा के सुखनंदन ने अपने संबंधित विधानसभा क्षेत्रों में सड़कों और पुलों की खस्ताहालत को बयां किया। नासिर असलम वानी, पीरजादा मंसूर, बिमला लूथरा, हकीम मोहम्मद यसीन, इंदु पवार, इरफान शाह, प्रो. चमन लाल गुप्ता, रफी अहमद मीर, अब्दुल रशीद, मोहम्मद शरीफ न्याज, भारत भूषण, कृष्ण चंद्र अशोक कुमार, एडवोकेट अब्दुल हक ने भी चर्चा में हिस्सा लिया।
विज्ञापन

शहरी विकास मंत्री नवांग रिगझिन जोरा ने चर्चा का जवाब देते हुए कहा कि रियासत में जल्द ही व्यापक और ठोस आवास नीति बनेगी और अमीर और गरीब दोनों के लिए कालोनियां बनाई जाएंगी। उन्होंने कहा कि श्रीनगर में बेमिना में गुलपोश के नाम से हाउसिंग कालोनी बनाई जाएगी और जम्मू में गांधी नगर और मुट्ठी में कालोनियां बनेंगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed