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कठुआ: सूखने लगे प्राकृतिक जल स्रोत, आने वाले दिनों में बढ़ सकती है पानी की किल्लत
Sat, 10 Apr 2021 04:51 PM IST
अमर उजाला लोकल ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कठुआ
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Published by: अमर उजाला लोकल ब्यूरो
Updated Sat, 10 Apr 2021 04:51 PM IST
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
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कठुआ के बिलावर में गर्मियों के मौसम की शुरुआत होते ही कई गांवों प्राकृतिक जल स्रोतों का जलस्तर कम होने होने लगा है। आने वाले दिनों में लोगों को पेयजल संकट से जूझना पड़ सकता है। लोगों ने बताया कि इस वर्ष सर्दियों के मौसम में इलाके में कम बारिश होने से उन इलाकों में पेयजल संकट गहराने लगा है जिन गांवों में जल शक्ति विभाग लोगों को ग्रेविटी सिस्टम से पेयजल मुहैया करवा रहा है।
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गांव में न तो नहर है और न कोई तालाब। जो जल स्रोत मौजूद हैं उनमें जलस्तर कम होने लगा है। अप्रैल महीने में ही प्राकृतिक जल सूत्र सूखने की कगार पर हैं। पंच सूरम सिंह ने जल शक्ति विभाग से मांग है की के जिन इलाकों में ग्रेविटी सिस्टम से सरकार पेयजल सुविधा उपलब्ध करवाती है उन इलाकों के लोगों की पेयजल की किल्लत को देखते हुए जल्द से जल्द टैंकरों के माध्यम से पानी उपलब्ध करवाया जाए।
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इस संबंध में जल शक्ति विभाग बिलावल के एईई अनिल जंजुआ ने बताया कि जिन इलाकों में ग्रेविटी सिस्टम से पेयजल सप्लाई की जाती है उन इलाकों में लोगों को अगर पेयजल किल्लत पेश आएगी तो जलशक्ति विभाग की ओर से टैंकरों के माध्यम से पेयजल सप्लाई की जाएगी। जल शक्ति विभाग की प्राथमिकता लोगों के घरों तक पेयजल पहुंचाना है।