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पत् थरबाजों से केस वापस लिया तो कश्मीर के हालत और खराब होंगे
Updated Sat, 25 Nov 2017 01:18 AM IST
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कठुआ। पत्थरबाजों पर दर्ज केस वापस लेने के ऐलान के विरोध में शुक्रवार को राष्ट्रीय जनता दल के कार्यकर्ताओं ने केंद्र व राज्य सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि पत्थरबाजों को रिहा कर सरकार ठीक नहीं कर रही। अगर ऐसा होता है तो कश्मीर के हालात और अधिक खराब होंगे। इसके लिए सरकार ही जिम्मेदार होगी।
प्रदर्शनकारियों का नेतृत्व कर रहे तहसील प्रधान एसके भंडारी ने कहा कि सरकार पत्थरबाजों पर से केस हटाकर उन्हें रिहा करने का फैसला कर रही है। यह राज्य की शांति के लिए ठीक नहीं है। पत्थरबाजों को पहले भी सरकार ने रिहा किया तो उन्होंने फिर कश्मीर की शांति भंग की है। सरकार को पूर्व की घटनाओं से सबक लेना चाहिए न कि बार-बार वैसे गलतियों को दोहराकर राज्य का माहौल बिगाड़ने का प्रयास करना चाहिए। प्रदर्शनकारियों में शामिल कार्यकर्ताओं ने कहा कि पत्थरबाजों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार इन्हें बच्चा कर रही है और इनकी द्वारा की गई पत्थरबाजी को बचपन में की गई गलती। लेकिन असल में सरकार इन्हें पनाह दे रही है और अपने वोट बैंक की राजनीति कर रही है। पहले सरकार ने पंचायती चुनावों का ऐलान किया और अब इन्हें रिहा कर अपने वोट बैंक को बढ़ाने का काम करने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा साफ है कि वह राज्य में मात्र अपने स्वार्थ और सत्ता सुख के लिए काम करना चाहती है।
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प्रदर्शनकारियों का नेतृत्व कर रहे तहसील प्रधान एसके भंडारी ने कहा कि सरकार पत्थरबाजों पर से केस हटाकर उन्हें रिहा करने का फैसला कर रही है। यह राज्य की शांति के लिए ठीक नहीं है। पत्थरबाजों को पहले भी सरकार ने रिहा किया तो उन्होंने फिर कश्मीर की शांति भंग की है। सरकार को पूर्व की घटनाओं से सबक लेना चाहिए न कि बार-बार वैसे गलतियों को दोहराकर राज्य का माहौल बिगाड़ने का प्रयास करना चाहिए। प्रदर्शनकारियों में शामिल कार्यकर्ताओं ने कहा कि पत्थरबाजों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार इन्हें बच्चा कर रही है और इनकी द्वारा की गई पत्थरबाजी को बचपन में की गई गलती। लेकिन असल में सरकार इन्हें पनाह दे रही है और अपने वोट बैंक की राजनीति कर रही है। पहले सरकार ने पंचायती चुनावों का ऐलान किया और अब इन्हें रिहा कर अपने वोट बैंक को बढ़ाने का काम करने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा साफ है कि वह राज्य में मात्र अपने स्वार्थ और सत्ता सुख के लिए काम करना चाहती है।
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