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समान कार्य के बदले समान वेतन देने के आदेश
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
Updated Thu, 28 Dec 2017 06:38 PM IST
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राजस्थान हाईकोर्ट ने बीडीओ कार्यालय अन्ता में कार्यरत अस्थाई संविदाकर्मियों को समान कार्य के बदले समान वेतन देने के आदेश दिए हैं। न्यायाधीश वीएस सिराधना की एकलपीठ ने यह आदेश रामप्रसाद व अन्य की ओर से दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए दिए।
याचिका में अधिवक्ता रामप्रताप सैनी ने अदालत को बताया कि याचिकाकर्ता कई सालों से बीडीओ कार्यालय में संविदा पर अस्थाई रूप से सहायक कर्मचारी के रूप में काम कर रहे हैं। जबकि उन्हें नियमित सहायक कर्मचारी के समान वेतन नहीं दिया जा रहा है। जबकि उनसे नियमित कर्मचारियों के बराबर काम लिया जा रहा है। इस संबंध में सुप्रीम कोर्ट भी तय कर चुका है कि अस्थाई और दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों को भी समान काम के बदले समान वेतन मिलना चाहिए।
जिस पर सुनवाई करते हुए एकलपीठ ने याचिकाकर्ता कर्मचारियों को समान कार्य के लिए समान वेतन देने के आदेश दिए हैं।
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याचिका में अधिवक्ता रामप्रताप सैनी ने अदालत को बताया कि याचिकाकर्ता कई सालों से बीडीओ कार्यालय में संविदा पर अस्थाई रूप से सहायक कर्मचारी के रूप में काम कर रहे हैं। जबकि उन्हें नियमित सहायक कर्मचारी के समान वेतन नहीं दिया जा रहा है। जबकि उनसे नियमित कर्मचारियों के बराबर काम लिया जा रहा है। इस संबंध में सुप्रीम कोर्ट भी तय कर चुका है कि अस्थाई और दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों को भी समान काम के बदले समान वेतन मिलना चाहिए।
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जिस पर सुनवाई करते हुए एकलपीठ ने याचिकाकर्ता कर्मचारियों को समान कार्य के लिए समान वेतन देने के आदेश दिए हैं।