Budget: BJP ने कहा- बजट किसान, गरीब-युवाओं को समर्पित, कांग्रेस बोली- बेरोजगारी व महंगाई नियंत्रण का उपाय नहीं
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने वित्त वर्ष 2023-24 का आम बजट संसद में पेश किया। बता दें कि यह बजट मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का आखिरी पूर्ण बजट है। इस दौरान वित्त मंत्री ने कई बड़ी घोषणाएं की। अब इस पर राजस्थान कांग्रेस और बीजेपी का बयान आया है।
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बीजेपी प्रवक्ता और विधायक रामलाल शर्मा ने कहा, देश की वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट पेश किया। पूरी दुनिया और देश की नजर बजट पर थी। बजट के लिए विपरीत विचारधारा के लोग समझ रहे थे कि बजट ऐसा आएगा कि हम आलोचना कर पाएंगे। लेकिन जो बजट पेश हुआ, वह सबका भला करने वाला है। मिडिल क्लास वर्ग का भी ख्याल रखा गया। इनकम टैक्स स्लैब का दायरा भी बढ़ाया गया। एक साल तक मुफ्त अनाज योजना की भी घोषणा की गई। एमएसएमई में नौ हजार करोड़ रुपये के निवेश की घोषणा की गई। 2.40 लाख करोड़ रुपये बजट की घोषणा रेलवे के विकास के लिए भी की गई। आने वाले समय में 35 हजार करोड़ रुपये के निवेश अन्य क्षेत्र में भी किए जाएंगे। आसार और उम्मीद से बढ़कर यह बजट आया है। किसान, गरीब और युवा को समर्पित यह बजट है, जो आने वाले समय में भारत की तकदीर को बदलने वाला बजट साबित होगा।
बीजेपी नेता सचिन कुमार जैन ने कहा, केंद्र की मोदी सरकार ने बहुत अच्छा बजट पेश किया है। बजट 2023-24 में महत्वपूर्ण परिवर्तन हुआ है। टैक्स स्लैब में नौ साल से बदलाव की मांग उठ रही थी। न्यू टैक्स रिजीम में पांच लाख से बढ़ाकर सात लाख रुपये आयकर में छूट देकर वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने मध्यमवर्ग को बड़ी सौगात दी है। देश भर में युवाओं ने इसका स्वागत किया है। टैक्स स्लैब सात से घटाकर पांच कर दिए हैं। तीन लाख रुपये तक कोई टैक्स नहीं लगेगा। तीन से छह लाख तक पांच फीसदी टैक्स देना होगा। छह से नौ लाख तक 10 फीसदी टैक्स देना होगा। नौ से 12 लाख तक 15 फीसदी टैक्स देना होगा। 12 से 15 लाख तक 20 फीसदी टैक्स लगेगा। 15 लाख से ऊपर आय पर 30 फीसदी टैक्स देना होगा। काफी टैक्स में रिलीफ मिलेगी। मिडिल क्लास को इनकम टैक्स में बड़ी छूट दी गई है। अब रिबेट बढ़ाकर सात लाख रुपये आय कर दी गई है, जिसे एक रुपया भी टैक्स नहीं देना पड़ेगा।
सचिन कुमार जैन ने कहा, बजट में हाईएस्ट सरचार्ज रिड्यूस कर दिया गया है। 37 फीसदी से 25 फीसदी कर दिया है। मैक्सिमम मार्जिनल टैक्स रेट पहले 42.5 फीसदी तक जा रही थी, उसे भी कम करके 39 फीसदी किया गया है। इसका देश को बड़ा फायदा टैक्स कलेक्शन में होगा, क्योंकि अगर टैक्स में कमी करेंगे, तो कलेक्शन बढ़ेगा। समान अनुपात में टैक्स कम करने पर जनता टैक्स देने को तैयार है। क्योंकि उन्हें पीएम मोदी के कामों और नीतियों पर विश्वास है। ईपीएफओ की संख्या भी दोगुनी होकर 27 करोड़ हो गई है।
'बेरोजगारी और महंगाई नियंत्रण का कोई उपाय नहीं'...
कांग्रेस नेता, राजस्थान लघु उद्योग निगम और एक्सपोर्ट कौंसिल के चेयरमैन राजीव अरोड़ा ने कहा कि केंद्रीय बजट में बेरोज़गारी और महंगाई नियंत्रण का कोई उपाय नहीं बताया गया है। गरीबी दूर करने, किसानों की आत्महत्या रोकने की कोई सोच नहीं है। राजस्थान और देश के अल्पसंख्यकों के लिए कोई घोषणा नहीं की गई है। बड़े आंकड़े और खोखले सपनों से बुना यह बजट देश के 10 प्रतिशत अमीरों को समर्पित है, जो 75 प्रतिशत अर्थव्यवस्था को नियंत्रित करते हैं। वर्ल्ड बैंक की रिपोर्ट बताती है कि देश में असमानता बढ़ रही है। यह बजट इस खाई को बढ़ाएगा। जयपुर के जवाहरात उद्योग को सोने-चांदी पर आयात शुल्क कम होने की उम्मीद थी, लेकिन उसमें बढ़ोतरी समानांतर अर्थव्यवस्था को बढ़ाएगी। पिछली घोषणाओं के इम्प्लीमेंटेशन का कोई ज़िक्र नहीं है। राजस्थान की जनता को ईआरसीपी की घोषणा की उम्मीद थी, जो पूरी नहीं हो सकी। गैस सिलेंडर के बाद अब किचन चिमनी भी महंगी कर गृहिणी का बजट डगमगा दिया गया है।
महंगाई पर कोई अंकुश नहीं लग पाएगा...
अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ एकीकृत के प्रदेश महामंत्री विपिन प्रकाश शर्मा ने कहा, केंद्र सरकार का बजट कर्मचारियों के लिए निराशाजनक है। पुरानी टैक्स योजना में कोई बदलाव नहीं किया गया है, जिससे वेतन भोगी कर्मचारी ठगा सा महसूस कर रहा है। आठवें वेतन आयोग की घोषणा का जिक्र बजट में नहीं है। ओल्ड पेंशन स्कीम पर कोई घोषणा नहीं की गई है। शिक्षा के क्षेत्र में कोई बड़ी योजना नहीं दी गई। नए रोजगार सृजित करने के लिए कोई योजना नहीं है। पेट्रोल-डीजल की रेट में कोई कमी नहीं की गई है। इस बजट से महंगाई पर कोई अंकुश नहीं लग पाएगा।
कैपिटल एक्सपेंडिचर 10 लाख करोड़ फंड, 38 हजार शिक्षक लगाए जाएंगे...
सीए स्वाती जैन ने कहा, छोटे किसानों के लिए सहकारिता आधारित मॉडल केंद्र ने दिया है। कैपिटल एक्सपेंडिचर के लिए 10 लाख करोड़ का फंड देकर कैपिटल एक्सपेंडिचर फंड 33 फीसदी बढ़ाया गया है। 2200 करोड़ की बागवानी योजना की शुरुआत होगी, जिससे किसानों को बहुत फायदा होगा। किसानों को डिजिटल ट्रेनिंग दी जाएगी। कृषि से जुड़े स्टार्ट अप्स को प्राथमिकता दी जाएगी। यह बजट हरित विकास पर विशेष ध्यान की ओर आधारित है। 19,700 करोड़ के व्यय के साथ देशभर में ग्रीन डवलपमेंट किया जाएगा। एकलव्य आदिवासी शिक्षण संस्थानों में 38 हजार शिक्षकों को लगाया जाएगा। पीएम आवास योजना का बजट 79 हजार करोड़ किया है, जिससे लोगों के अपने घर का सपना साकार होगा और उन्हें आर्थिक मदद मिलेगी। पीएम आवास योजना के तहत 80 लाख सस्ते घर की बात कही गई है।
पीएम कौशल विकास योजना 4.0 महत्वपूर्ण...
सीए राघव डंगायच ने कहा, तीन साल में लाखों युवाओं को रोजगार के लिए पीएम कौशल विकास योजना 4.0 शुरू की जाएगी। कोडिंग, एआई, थ्रीडी प्रिंटिंग, सॉफ्ट स्किल्स, ड्रोन जैसे कौशल उपलब्ध करवाए जाएंगे। अलग-अलग राज्यों में 30 स्किल इंडिया सेंटर खोले जाएंगे। पुराने वाहनों की स्क्रैप नीति को मजबूत किया जाएगा। क्षेत्र विशिष्ट कौशल संवर्द्धन और उद्यमिता विकास, मध्यम वर्ग के नागरिकों को विदेशी पर्यटन के मुकाबले स्वेदशी पर्यटन को बढ़ावा देने की योजना भी सरकार लाई है। सीमावर्ती गांवों में पर्यटन सुविधाओं का विकास भी किया जाएगा।
राज्यों को पूंजीगत निवेश के लिए सहायता देगा केंद्र...
राज्यों को पूंजीगत निवेश के लिए सहायता दी जाएगी। यह भी बताया गया है कि कैपिटल एक्सपेंडिचर जीडीपी का 3.3 फीसदी होगा। रेलवे के लिए 2.4 लाख करोड़ रुपये देने की घोषणा की गई है। इससे रेल मार्गों, रेलवे स्टेशनों, रेल सुविधाओं और नई ट्रेनों का डवलपमेंट होगा। बच्चों के लिए नेशनल डिजिटल लाइब्रेरी सभी कैटेगरी और वर्ग के बच्चों खासकर गरीब बच्चों के लिए फायदेमंद होंगी। देश में 50 नए एयरपोर्ट्स और हेलीपेड्स का विकास होगा। स्टार्ट अप्स के लिए राष्ट्रीय डाटा शासन नीति लाई जाएगी। एकीकृत फाइलिंग प्रक्रिया प्रणाली विकसित की जाएगी। कृषिवर्द्धक कोष का एलान भी वित्त मंत्री ने किया है। इससे गांव से युवाओं का पलायन रुकेगा। विवाद का निपटारा विश्वास से करने की स्कीम लाई जाएगी। संविदागत विवादों के निपटारे के लिए स्वैच्छिक समाधान स्कीम लाई जाएगी।
साल 2014 से अब तक प्रति व्यक्ति आय दोगुनी हुई...
सीए दीपक कुमार शर्मा ने बताया कि उद्योग-व्यापार जगत में भी बजट को बहुत अच्छा माना गया है। इससे मार्केट में कैश फ्लो बढ़ेगा। व्यापार को बढ़ावा देने के लिए केवाईसी प्रक्रिया आसान होगी। बजट में बताया गया है कि 2014 से अब तक प्रति व्यक्ति आय बढ़कर दोगुनी हुई है। अब प्रतिव्यक्ति आय देश में 1.90 लाख हो चुकी है। पिछले 20 महीने में 80 करोड़ लोगों को फ्री अनाज दिया गया है। 11 करोड़ से ज्यादा लोगों को फ्री शौचालय केंद्र की स्कीम के तहत मिला। अंत्योदय अन्न योजना पर दो लाख करोड़ का बजट आवंटन किया गया। 5जी के लिए देशभर में 100 लैब बनाई जाएंगी। पर्यावरण हितैषी हीरे बनाने के लिए भी प्रोजेक्ट है। एक आईआईटी को पांच साल के लिए रिसर्च और डवपलमेंट के लिए अनुदान दिया जाएगा।
एक करोड़ किसानों को प्राकृतिक खेती के लिए केंद्र सरकार सहायता देगी...
सीए रजत चेतानी ने कहा, अब कारोबार की शुरुआत पैन कार्ड से हो सकती है। संस्थाओं के लिए पैन कार्ड एक कॉमन पहचान पत्र होगा। भारत की इकोनॉमी का स्तर और रैंकिंग में बड़ा सुधार आया है। एड्रेस के लिए डिजी लॉकर का इस्तेमाल होगा। कर्नाटक के सूखाग्रस्त इलाकों के लिए 5300 करोड़ रुपये देकर केंद्र ने बड़ी सहायता की है। कोविड प्रभावित एमएसएमई वाले छोटे कारोबारियों को नुकसान का पैसा लौटाया जाएगा। इससे उन्हें उबरने में मदद मिलेगी। बायो और जैव खाद के लिए राजकोषीय सहायता दी जाएगी। अगले तीन साल में एक करोड़ किसानों को प्राकृतिक खेती अपनाने के लिए केंद्र सरकार सहायता देगी। इससे नेचुरल फार्मिंग को बल मिलेगा। 10 हजार बायो इनपुट रिसोर्स केंद्र स्थापित किए जाएंगे। टॉप शिक्षण संस्थाओं में एआई के तीन सेंटर स्थापित होंगे। ग्रीन हाइड्रोजन मिशन के लिए 19,700 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। लैब में बना हीरा सस्ता होगा और कस्टम ड्यूटी में कटौती होगी। सरकार शहरों में म्युनिसिपल बॉन्ड्स लाएगी, जिससे विकास तेजी से हो सकेगा। पॉल्युशन की चिंता करते हुए पुराने वाहनों को स्क्रैप में बदलने के लिए राज्यों को सहायता देने की घोषणा की गई है। नदियों के किनारे वेटलेंड की नई स्कीम आएगी। वैकल्पिक फर्टिलाइजर की नई स्कीम लॉन्च होगी।