फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Will Kejriwal's arrest give AAP political mileage, Opposition leaders to meet today

Politics: क्या केजरीवाल की गिरफ्तारी से आप को मिलेगा सियासी माइलेज! विपक्षी नेताओं की आज होगी बैठक

Fri, 22 Mar 2024 03:02 PM IST
Ashish Tiwari आशीष तिवारी
Updated Fri, 22 Mar 2024 03:02 PM IST
सार

मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी के साथ सबसे बड़ी चर्चा सियासत में इस बात की हो रही है अगर वह जेल जाते हैं तो आने वाले लोकसभा चुनाव में उनकी पार्टी की क्या स्थिति होगी।

विज्ञापन
Will Kejriwal's arrest give AAP political mileage, Opposition leaders to meet today
राजनीतिक जानकार हरिओम चौधरी - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

आखिरकार वही हुआ, जिसकी आशंका गुरुवार की देर शाम अचानक शुरू हुई। दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को ईडी ने गिरफ्तार कर लिया। इस गिरफ्तारी के साथ सिर्फ दिल्ली ही नहीं बल्कि देश की राजनीति में सियासी तूफान मच गया। अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी के साथ सियासी गलियारों में चर्चा इस बात की हो रही है कि आने वाले लोकसभा चुनाव में उनकी आम आदमी पार्टी का क्या अंजाम होगा। राजनीतिक जानकारों की माने तो आम आदमी पार्टी अरविंद केजरीवाल की इस गिरफ्तारी को देश के अलग-अलग राज्यों की जनता के बीच में लेकर जा सकती है और अगर जनता उससे सहमत होती है तो गिरफ्तारी का सियासी माइलेज मिल सकता है। अगर पार्टी ऐसा करने में फेल होती है तो आम आदमी पार्टी को बड़ा सियासी नुकसान भी हो सकता है। हालांकि, अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी के साथ ही विपक्षी दलों के नेताओं ने एकजुट होना शुरू कर दिया है। शुक्रवार दोपहर को विपक्षी नेताओं के महत्वपूर्ण बैठक भी होने वाली है।

विज्ञापन


लोकसभा चुनाव में उनकी पार्टी की क्या स्थिति होगी
मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी के साथ सबसे बड़ी चर्चा सियासत में इस बात की हो रही है अगर अरविंद केजरीवाल जेल जाते हैं तो आने वाले लोकसभा चुनाव में उनकी पार्टी की क्या स्थिति होगी। राजनीतिक जानकार हरिओम चौधरी कहते हैं कि बुधवार की रात को बनी परिस्थितियां सियासी लिहाज से आम आदमी पार्टी के लिए बहुत मुफीद तो बिल्कुल नहीं है क्योंकि आम आदमी पार्टी के कई प्रमुख नेता पहले से ही जेल में हैं। ऐसे में दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी का उनकी पार्टी की रणनीतियों पर असर पड़ना स्वाभाविक है। हालांकि यह स्थिति आम आदमी पार्टी के लिए राजनीतिक माइलेज वाली भी हो सकती है। सियासी जानकारों का कहना है कि अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी को लेकर उनकी पार्टी जनता के बीच में कितनी मजबूती से बात रखती है यह बेहद महत्वपूर्ण हो जाता है।
विज्ञापन


यही मुद्दा भारतीय जनता पार्टी के लिए सियासी तौर पर लागू होता
राजनैतिक जानकार चौधरी का कहना है कि अगर आम आदमी पार्टी इस मुद्दे को देश की जनता के बीच मजबूती से रखती है तो यह सियासी तौर पर आम आदमी पार्टी के लिए एक माइलेज भी दे सकता है। इसके अलावा यही मुद्दा भारतीय जनता पार्टी के लिए सियासी तौर पर लागू होता है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि इस पूरे मामले में आम आदमी पार्टी भारतीय जनता पार्टी को जमकर घेरेगी। इसलिए भारतीय जनता पार्टी को भी अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी का जवाब देने के लिए मजबूती से तर्कों के साथ सियासी मैदान में जुटना ही होगा। हालांकि इस पूरे मामले में सरकारी एजेंसी की ओर से गिरफ्तारी की गई है। लेकिन आम आदमी पार्टी से लेकर पूरा विपक्ष सरकारी एजेंसियों के दुरुपयोग को लेकर भारतीय जनता पार्टी को निशाने पर लेता रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन


नफा नुकसान की राजनीति का ग्राउंड आप और भाजपा दोनों के लिए बन रहा
ऐसे में सियासी तौर पर नफा नुकसान की राजनीति का ग्राउंड आम आदमी पार्टी और भारतीय जनता पार्टी दोनों के लिए बन रहा है। राजनीतिक विश्लेषक अनूप शर्मा कहते हैं इसलिए अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी से आम आदमी पार्टी की सियासी रणनीति तो जरूर गड़बड़ाई है। लेकिन आम आदमी पार्टी के राजनीतिक रणनीतिकार निश्चित तौर पर उनकी गिरफ्तारी के बाद पार्टी के सियासी भविष्य को लेकर नई रणनीति बना चुके होंगे। सियासी जानकारों की माने तो इस मामले में जिस तरीके से कांग्रेस की नेता प्रियंका गांधी ने त्वरित टिप्पणी के साथ आम आदमी पार्टी का साथ दिया है उससे आने वाले दिनों में सियासत की आंच का अंदाजा लगाया जा सकता है। सूत्रों के मुताबिक अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी के बाद विपक्षी दलों के नेताओं की एक महत्वपूर्ण बैठक शुक्रवार को होने वाली है।


क्या दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल इस्तीफा देंगे?
वहीं दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी के साथ सियासत में कई तरह के और सवाल भी खड़े होने शुरू हो गए हैं। एक और महत्वपूर्ण सवाल तो यही है कि क्या दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल इस्तीफा देंगे। अगर इस्तीफा देते हैं तो उनकी अनुपस्थिति में दिल्ली का कौन मुख्यमंत्री होगा। हालांकि गिरफ्तारी के कुछ घंटे बाद तक की चर्चाओं में यही सामने आ रहा है कि अरविंद केजरीवाल इस्तीफा नहीं देंगे। लेकिन सियासी गलियारों में अरविंद कजरीवाल की अनुपस्थिति में उनकी पत्नी सुनीता केजरीवाल का नाम बतौर मुख्यमंत्री सामने आ रहा है। हालांकि राजनीतिक जानकारों का कहना है कि अगर ऐसी स्थिति आती भी है तो सुनीता केजरीवाल की जगह पर उनकी ही पार्टी के कुछ अन्य नेताओं के नाम सामने रखे जा सकते हैं। जिसमें उनकी कैबिनेट की मंत्री आतिशी का नाम भी आगे चल रहा है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed