Sanjay kumar: जिसने लालू के बेटे को दी मात चिराग ने उसे दिया इनाम, जानें कौन है नीतीश के नए मंत्री संजय कुमार
आज बिहार में नई सरकार का शपथ ग्रहण हुआ। इसमें मुख्यमंत्री नीतीश कुमार समेत कुल 27 मंत्रियों ने शपथ ली। इनमें से एक नाम ऐसा भी है, जिसने लालू प्रसाद के बेटे तेजप्रताप यादव को मात दी है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
बिहार चुनाव में एनडीए को बहुमत मिलने के बाद आज नई सरकार का गठन हो गया। नीतीश कुमार 10वीं बार बिहार के मुख्यमंत्री बनें। वहीं, भाजपा से सम्राट चौधरी और विजय कुमार सिन्हा उपमुख्यमंत्री की शपथ ली। इन के साथ ही कुल 26 कैबिनेट मंत्रियों ने शपथ ली, जिनमें से 14 भाजपा से, 8 जदयू से, 2 लोजपा से और एक-एक हम और रालोमो से हैं। एनडीए की इस कैबिनेट में नौ नए चेहरों को शामिल किया गया है, जिसमें लोजपा के संजय कुमार सिंह भी शामिल हैं। आइए जानते हैं कौन हैं संजय कुमार सिंह?
संजय कुमार सिंह महुआ विधानसभा सीट से विधायक चुने गए हैं। वह लोक जनशक्ति पार्टी रामविलास (लोजपा) के टिकट पर पहली बार विधायक बने हैं। इस सीट से ही लालू प्रसाद के बेटे तेजप्रताप यादव चुनावी मैदान में थे। संजय चिराग पासवान के काफी करीबी माने जाते हैं। इसके साथ ही वह लोजपा के संसदीय बोर्ड के नेता भी रह चुके हैं।
45 साल के संजय कुमार ने स्नातकोत्तर तक की पढ़ाई की है। फिलहाल में वह एक व्यवसाय है। इसके साथ ही उनके पास करीब 7 करोड़ से ज्यादा की संपत्ति है।
इस बार के चुनाव में महुआ विधानसभा सीट चर्चित सीटों में से एक रही थी। वजह था कि राजद से बाहर होने के बाद लालू यादव के बेटे तेजप्रताप यादव का पहली बार चुनावी मैदान में थे। इस सीट तेजप्रताप यादव, मुकेश रोशन और संजय कुमार सिंह के बीच कड़ा मुकाबला था। हालांकि तेज प्रताप चुनाव में इस चुनाव में तीसरे नंबर पर रहे। संजय ने उन्होंने 51938 वोट से हराया। वहीं, महुआ से मौजूदा विधायक मुकेश रोशन दूसरे नंबर पर रहे। मुकेश को 44,997 वोट से मात दी।
संजय कुमार सिंह पहली बार विधायक चुने गए। इससे पहले 2020 के चुनाव में उन्होंने महुआ सीट से मुकेश रोशन से हार का सामना करना पड़ा। संजय कुमार 2020 में तीसरे नंबर पर रहे। इस चुनाव में संजय कुमार को मात्र 25,198 वोट मिले थे।