TMC: पश्चिम बंगाल में शुरू हुआ आरोप-प्रत्यारोप का दौर, CM ममता बोलीं- बदला लेने में विश्वास नहीं करते वरना...
टीएमसी के मुखपत्र 'जागो बांग्ला' के त्योहार संस्करण का अनावरण करते हुए मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने माकपा पर निशाना साधा। उन्होंने माकपा पर टीएमसी के खिलाफ सोशल मीडिया पर ट्रोलिंग का भी आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि राज्य के बारे में गलत सूचना फैलाने के लिए बाहरी लोगों को काम पर रखा गया है।
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पश्चिम बंगाल में एक बार फिर आरोप-प्रत्यारोप का दौर शुरू हो गया है। रविवार को पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी ने पूर्ववर्ती वाम मोर्चे की सरकार पर निशाना साधते हुए कहा बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि वह बदले की राजनीति में भरोसा नहीं करती हैं अन्यथा उनके पास सत्ता में आने के बाद माकपा नेताओं को जेल भेजने के लिए पर्याप्त आधार थे। वहीं, माकपा ने भी उनके इस बयान पर पलटवार किया है। उन्होंने कहा कि एक के बाद एक ममता बनर्जी की पार्टी के नेता भ्रष्टाचार के मामलों में जेल जा रहे हैं। इस बीच, पश्चिम बंगाल भाजपा के प्रमुख ने भी ममता पर हमला किया है।
ममता बनर्जी ने माकपा पर लगाया गंभीर आरोप
टीएमसी के मुखपत्र 'जागो बांग्ला' के त्योहार संस्करण का अनावरण करते हुए मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने माकपा पर निशाना साधा। उन्होंने माकपा पर टीएमसी के खिलाफ सोशल मीडिया पर ट्रोलिंग का भी आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि राज्य के बारे में गलत सूचना फैलाने के लिए बाहरी लोगों को काम पर रखा गया है। सीएम ममता ने कहा कि 'जब मैं दिल्ली जाती हूं तो कई बार मुझे शर्मिंदगी महसूस होती है और पता चलता है कि कैसे कुछ लोग बंगाल को बदनाम करने के लिए झूठ फैला रहे हैं, कैसे वे राज्य को बदनाम करते हैं।' उन्होंने आगे कहा कि ये लोग उनकी सरकार की उपलब्धियों को नहीं देख पा रहे हैं। ट्रोलिंग पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि उनकी या उनकी पार्टी के नेताओं की किसी एक विशेष टिप्पणी को उठाया जाता है और सोशल मीडिया में घुमाया और प्रसारित किया जाता है। सीएम ममता ने आगे कहा कि गलत सूचना फैलाने के लिए कुछ बाहरी लोगों को काम पर रखा गया है। यह हमारे राज्य की संस्कृति नहीं है।
बदले की राजनीति नहीं करती वरना...
राज्य में विपक्षी माकपा पर हमला करते हुए मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा कि वह बदले की राजनीति में विश्वास नहीं करती हैं। उन्होंने कहा कि हमने अपने कुछ पूर्ववर्तियों, सीपीआईएम नेताओं को जेल नहीं भेजा, हालांकि हमारे पास पर्याप्त आधार थे। इसके बाद भी अगर वे हमारी आलोचना करना नहीं छोड़ते हैं तो हमरा बस इतना ही कहना है कि वे इसे जारी रखें। हमें उनकी आलोचना या निंदा की बिल्कुल भी परवाह नहीं है। उन्होंने आगे कहा कि 'टीएमसी में सभी बुरे हैं और आपकी पार्टी के लोग अच्छे हैं? कृपया इतने अदूरदर्शी न बनें।'
माकपा के मुखपत्र गणशक्ति को मिले सरकारी विज्ञापन
इस दौरान ममता बनर्जी ने माकपा पर आरोप लगाते हुए कहा कि उसके मुखपत्र गणशक्ति ने कॉरपोरेट्स से विज्ञापन लिए। इतना ही नहीं, जब वाम मोर्चा पश्चिम बंगाल की सत्ता में था तब माकपा के मुखपत्र को सरकारी विज्ञापन भी मिले थे। उन्होंने कहा कि माकपा की गणशक्ति के सभी पन्नों पर सरकारी विज्ञापन थे, और चिटफंड के विज्ञापन भी थे। हम वामपंथियों की तरह अखबार चलाने के लिए कॉरपोरेट्स से विज्ञापन नहीं लेते हैं। उन्हें बोलने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है। हम बिना किसी विज्ञापन के जारी रहेंगे।
माकपा ने दी प्रतिक्रिया
ममता बनर्जी के आरोपों पर माकपा की ओर से भी प्रतिक्रिया आई है। माकपा नेता सुजान चक्रवर्ती ने कहा कि ममता बनर्जी निराश हैं। उन्हें वाम मोर्चे के 34 साल के शासन के दौरान का कोई भी गलत काम नहीं मिला है। उन्होंने कहा कि वहीं, हर कोई जानता है कि एक के बाद एक उनकी पार्टी के नेता कैसे भ्रष्टाचार के आरोपों में गिरफ्तार हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि टीएमसी के नेताओं के पास से करोड़ों रुपये भी बरामद किए गए हैं। वह इससे हताश हैं और अलग-अलग आरोप लगा रही हैं।
भाजपा ने भी साध दिया निशाना
इस बीच भाजपा ने भी टीएमसी और ममता बनर्जी के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। पश्चिम बंगाल भाजपा के उपाध्यक्ष दिलीप घोष ने कहा कि ममता बनर्जी डरी और घबराई हुई हैं। उनकी पार्टी के कुकर्मों का पर्दाफाश हो रहा है।
कोलकाता की रोड़ और पार्क का नाम होगा प्रणब मुखर्जी के नाम पर
वहीं, दूसरी तरफ मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कोलकाता के मेयर फिरहाद हाकिम को बड़ा निर्देश दिया है। उन्होंने मेयर फिरहाद हाकिम को शहर की एक सड़क और पार्क का नाम पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के नाम पर रखने का निर्देश दिया है। दक्षिण कोलकाता में चेतला अग्रानी के दुर्गा पूजा पंडाल के उद्घाटन के मौके पर उन्होंने ये निर्देश दिया। इस मौके पर उन्होंने गायिका संध्या मुखोपाध्याय, द्विजेन मुखोपाध्याय और निर्मला मिश्रा को भी याद करते हुए महापौर से इनके नाम पर भी सड़कों और पार्कों का नाम रखने को कहा।
टीएमसी विधायक ने इस तरह से जताया विरोध
महालय के मौके पर तृणमूल कांग्रेस के मावेरिक से विधायक मदन मित्रा ने भाजपा नेताओं दिलीप घोष और सुवेंदु अधिकारी की तस्वीरों पर माल्यार्पण कर उनका तर्पण किया। दरअसल, रविवार को पश्चिम बंगाल में महालय मनाया गया। इस मौके पर हिंदू नदियों या जलाशयों में 'तर्पण' नामक एक अनुष्ठान करके अपने पूर्वजों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं। कामरहटी के विधायक मित्रा ने बाबूघाट में हुगली नदी में डुबकी लगाकर उनका तर्पण किया। इसके बाद एक पुजारी के साथ घोष और अधिकारी की तस्वीरों पर माल्यार्पण किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि मैं दिलीप घोष और सुवेंदु अधिकारी के लंबे जीवन की कामना करता हूं, लेकिन उनका राजनीतिक करियर समाप्त हो गया है। उन्होंने लोगों के साथ संबंध खो दिए हैं। इसलिए, मैं उनकी राजनीतिक मृत्यु का शोक मना रहा हूं। व्यक्तिगत रूप से, उनमें से कोई भी मेरा दुश्मन नहीं है। वहीं उनके इस कदम को राजनीतिक स्टंट बताते हुए भाजपा ने कहा कि टीएमसी विधायक मित्रा अपनी ही पार्टी में बने रहने और खुद को डूबने से बचाने के लिए इस तरह के स्टंट कर रहे हैं। भाजपा नेता राहुल सिन्हा ने कहा कि नैतिकता की सारी भावनाएं खो चुके मित्रा राजनीतिक कारणों से महालय जैसे पवित्र अवसर का उपयोग कर रहे हैं।