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Weather: देशभर में भारी बारिश, कई नदियां उफनीं; त्रिपुरा में बाढ़...सैकड़ों बेघर, वाराणसी में कई घाट डूबे

Thu, 10 Jul 2025 06:11 AM IST
दीपक कुमार शर्मा अमर उजाला ब्यूरो/एजेंसी, नई दिल्ली/वाराणसी/नागपुर
अमर उजाला ब्यूरो/एजेंसी, नई दिल्ली/वाराणसी/नागपुर Published by: दीपक कुमार शर्मा Updated Thu, 10 Jul 2025 06:11 AM IST
सार

केंद्रीय जल आयोग (सीडब्ल्यूसी) के अनुसार, देश भर में कई नदियां 17 स्थानों पर चेतावनी के स्तर या उससे ऊपर बह रही हैं। इनमें से चार जगहों पर नदियों का पानी खतरे के निशान को पार कर गया है। ये नदियां असम, बिहार, ओडिशा, उत्तर प्रदेश और पश्चिम बंगाल में फैली हैं।
 

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Weather Updates IMD Rainfall Prediction Monsoon Tripura Jammu and Kashmir Uttar Pradesh
नागपुर में बाढ़ग्रस्त इलाकों से लोगों को निकालकर सुरक्षित स्थानों पर ले जाते बचावकर्मी - फोटो : अमर उजाला प्रिंट

विस्तार

देशभर में हो रही मूसलाधार बारिश से कई नदियां उफान पर हैं। यूपी के वाराणसी और प्रयागराज में गंगा और यमुना का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। वाराणसी में मणिकर्णिका समेत कई घाट डूब गए गए हैं। नागपुर में मूसलाधार बारिश के कारण एक व्यक्ति की मौत हो गई, एक व्यक्ति पानी की तेज धार में बह गया है और 71 गांव जलमग्न हो गए। दक्षिण त्रिपुरा में भी बारिश ने कहर बरपाया है और 100 से अधिक परिवार बेघर हो गए हैं।

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केंद्रीय जल आयोग (सीडब्ल्यूसी) के अनुसार, देश भर में कई नदियां 17 स्थानों पर चेतावनी के स्तर या उससे ऊपर बह रही हैं। इनमें से चार जगहों पर नदियों का पानी खतरे के निशान को पार कर गया है। ये नदियां असम, बिहार, ओडिशा, उत्तर प्रदेश और पश्चिम बंगाल में फैली हैं। वाराणसी में गंगा नदी खतरे के निशान के ऊपर बह रही हैै। अब तक कई घाट डूब गए हैं। मणिकर्णिका घाट के पास एक मंदिर भी जल में समा गया है। प्रयागराज में भी राम घाट जलमग्न हो गया है। मौसम विभाग ने देशभर में 14 जुलाई तक भारी बारिश की संभावना जताई है जिससे बाढ़ की स्थिति और गंभीर होने की आशंका है।
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कश्मीर में राहत की बौछारें, जम्मू में बादल फटा
प्रदेश के कई हिस्सों में बुधवार को बारिश से पारे में गिरावट आई है। किश्तवाड़ जिला मुख्यालय से करीब 60 किलोमीटर दूर पहाड़ी पर बादल फटने से नदी-नालों में उफान आ गया। अभी कहीं से जानमान के नुकसान की सूचना नहीं है। चिनाब में भी जलस्तर बढ़ा है। मौसम विज्ञान केंद्र श्रीनगर के अनुसार वीरवार को भी रियासी, रामबन, उधमपुर, जम्मू, सांबा और कठुआ के कुछ हिस्सों में भारी बारिश के आसार हैं। शुक्रवार से मौसम में सुधार आएगा। कई दिन से तप रहे कश्मीर में राहत की बारिश हुई है। इससे अधिकांश जिलों में दिन का पारा सामान्य से 5 से 8 डिग्री नीचे चला गया है। राजधानी श्रीनगर में मंगलवार रात से बुधवार सुबह तक बारिश जारी रही। शाम को मौसम खुला। यहां दिन का पारा सामान्य से 8.0 डिग्री गिरकर 22.7 और न्यूनतम तापमान 19.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

बंगाल-राजस्थान में भी झमाझम
राजस्थान में यूं तो बारिश जारी है, लेकिन बृहस्पतिवार से इसमें तेजी आने की संभावना है। बीते 24 घंटे के दौरान सबसे अधिक 98 मिमी बारिश हनुमानगढ़ में दर्ज की गई। पूर्वी राजस्थान में 10 जुलाई से और पश्चिमी राजस्थान में 12 जुलाई से भारी बारिश की संभावना जताई गई है। पश्चिम बंगाल के बर्धमान, झारग्राम, पुरुलिया और बांकुड़ा समेत कई जिलों में भारी बारिश हो सकती है। दक्षिण बंगाल के कुछ जिलों में 30-40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं भी चल सकती हैं। राज्य के गंगा के तटीय क्षेत्रों में कम दबाव का क्षेत्र बना है इससे अगले दो दिनों तक बंगाल के साथ ही झारखंड और छत्तीसगढ़ में भी तेज बारिश होने की संभावना है।
उद्घाटन से पहले ही ढहा राजमार्ग का हिस्सा...राजस्थान के झुंझुनूं जिले में भारी बारिश के कारण एक राजमार्ग का नवनिर्मित हिस्सा उफनती कतली नदी की चपेट में आकर ढह गया। उद्घाटन से पहले ही ढह जाने पर इसके निर्माण की गुणवत्ता और सुरक्षा संबंधी लापरवाही को लेकर सवाल उठने लगे हैं। झुंझुनूं पुलिस नियंत्रण कक्ष के अनुसार, बाघुली और जहाज गांव को एनएच 52 से जोड़ने वाला यह खंड छह महीने पहले बनकर तैयार हुआ था और उद्घाटन की राह तांक रहा था।


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त्रिपुरा में मुहुरी उफनी  
दक्षिण त्रिपुरा जिले में अचानक आई बाढ़ से घरों में पानी भर गया, जिससे 100 से अधिक परिवार बेघर हो गए हैं। एहतियात के तौर पर जिले के सभी स्कूल और आंगनवाड़ी केंद्र बुधवार को बंद करने पड़े। मुहुरी नदी का जलस्तर खतरे के निशान (15.70 मीटर) से ऊपर पहुंच गया है। लगातार बारिश के कारण कई निचले इलाके बाढ़ के पानी में डूब गए। 118 परिवारों के 289 लोग 10 राहत शिविरों में शरण लिए हुए हैं।

नागपुर में रेड अलर्ट  
महाराष्ट्र के विदर्भ इलाके में भारी बारिश हुई है। मौसम विभाग ने पहले ही नागपुर और वर्धा जिलों के लिए भारी बारिश को लेकर रेड अलर्ट जारी किया था। बारिश के कारण उफनते नालों में दो लोग गिर गए, जिसमें एक व्यक्ति की जान चली गई और एक लापता है। दोनों घटनाएं अलग-अलग जगहों पर हुईं। नागपुर जिले में 71 गांव बाढ़ के पानी से घिर गए और उनका जिले के शेष भाग से संपर्क टूट गया है। बीते 24 घंटे में नागपुर में 172.2 मिमी वर्षा दर्ज की गई है। बुधवार को सभी स्कूल और कॉलेजों में भी छुट्टियां घोषित कर दी गईं।

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