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जंग जीतने का दावा कर रहे ट्रंप: प. एशिया भेज रहे अतिरिक्त सैनिक; ईरान के खिलाफ क्या है अमेरिका की रणनीति?
Fri, 27 Mar 2026 11:01 PM IST
निर्मल कांत
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन।
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन।
Published by: निर्मल कांत
Updated Fri, 27 Mar 2026 11:01 PM IST
सार
US: अमेरिका ईरान में सैन्य कार्रवाई बढ़ा रहा है। लेकिन ट्रंप समय से पहले जंग जीत लेने का दावा कर रहे हैं। यह रुख व्हाइट हाउस के वरिष्ठ अधिकारियों और सहयोगियों को असहज कर रहा है। युद्ध को सोशल मीडिया पर मनोरंजन के रूप में दिखाने की रणनीति की भी आलोचना हो रही है। पढ़िए रिपोर्ट-
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डोनाल्ड ट्रंप, अमेरिकी राष्ट्रपति
- फोटो : एएनआई (फाइल)
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विस्तार
अमेरिका ईरान में अपनी सैन्य कार्रवाई का दायरा बढ़ा रहा है। हालांकि, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप सार्वजनिक रूप से ऐसा व्यवहार कर रहे हैं, जैसे यह संघर्ष पहले ही खत्म हो चुका है। पश्चिम एशिया में हजारों अतिरिक्त सैनिक भेजे जा रहे हैं और तनाव बढ़ा हुआ है। ट्रंप ने कई बार संकेत दिए हं कि वह युद्ध लगभग खत्म मान रहे हैं। उनका यह रुख व्हाइट हाउस के कुछ वरिष्ठ कर्मचारियों और बाहरी सहयोगियों को असहज कर रहा है।
व्हाइट हाउस के वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार, ट्रंप का युद्ध को जीत लेने का दावा अतिशयोक्ति है। एक अधिकारी ने कहा कि जल्दी जीत घोषित करके आगे बढ़ने का उनका यह तरीका है। उन्होंने कहा, ट्रंप ईरान से थोड़े ऊब गए हैं, उन्हें पछतावा नहीं है, बस ऊब है और आगे बढ़ना चाहते हैं।
एक अन्य अधिकारी ने अमेरिकी मीडिया आउटलेट एमएस नाउ को बताया कि ट्रंप का फोकस अब धीरे-धीरे जंग से हटकर अर्थव्यवस्था, घरेलू मुद्दों और आगामी मध्यावधि चुनावों की ओर केंद्रित हो रहा है। हालांकि, प्रशासन के कई लोगों और बाहरी विशेषज्ञों के लिए यह युद्ध अभी खत्म नहीं हुआ है। रॉयटर्स की एक रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिका ने ईरान के मिसाइल भंडार का लगभग एक तिहाई हिस्सा नष्ट किया है, जो एक महीने के अमेरिकी-इस्राइली हमलों का सबसे स्पष्ट चित्र पेश करता है। साथ ही, तनाव अभी भी उच्च स्तर पर है। अमेरिका और ईरान मध्यस्थों के माध्यम से प्रस्तावों का आदान-प्रदान कर रहे हैं। लेकिन वास्तविक स्थिति यह है कि होर्मुज जलडमरूमध्य पर हालात बिगड़े हुए हैं।
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गुरुवार को ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर लिखा कि ईरानी वार्ताकार बहुत अलग और 'अजीब' हैं। वे हमसे समझौता करने के लिए 'भीख मांग रहे हैं'। हालांकि, ईरानी अधिकारियों ने इस दावे को कई बार खारिज किया है। ट्रंप प्रशासन के कुछ मौजूदा और पूर्व अधिकारियों का कहना हैकि ट्रंप का संदेश जंग की वास्तविकता से मेल नहीं खाता। जंग के दौरान जल्दी जीत का दावा करना नया नहीं है। एक पूर्व अधिकारी ने कहा, केवल यह कह देना कि जंग जीत ली गई है, पर्याप्त नहीं है। हमें इसे देखना और महसूस करना चाहिए।
ये भी पढ़ें: ईरानी हैकर्स का दावा- FBI प्रमुख के ईमेल में लगाई सेंध; काश पटेल के कई निजी दस्तावेज किए साझा
व्हाइट हाउस की सोशल मीडिया रणनीति में स्पष्ट विरोधाभास है। कुछ अधिकारियों के अनुसार, व्हाइट हाउस ने सोशल मीडिया पर युद्ध से जुड़ी जो सामग्री डाली, उसने इसे वास्तविक गंभीर संघर्ष के बजाय इंटरनेट सामग्री जैसा दिखा दिया है। हाल के हफ्तों में व्हाइट हाउस के आधिकारिक सोशल मीडिया खातों ने युद्ध को बढ़ावा देने के लिए इंटरनेट मीम्स, फिल्मों के क्लिप, कार्टून पात्र और रैप संगीत का इस्तेमाल किया। कुछ अधिकारियों ने इसे अनुचित और शर्मनाक बताया।
व्हाइट हाउस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, युद्ध वीडियो क्रिंज, अपमानजनक और गंदे हैं। इससे मुझे शर्मिंदगी महसूस होती है। अन्य पूर्व अधिकारियों ने भी प्रशासन के ऑनलाइन संदेश की उपयोगिता पर सवाल उठाए।
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व्हाइट हाउस के वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार, ट्रंप का युद्ध को जीत लेने का दावा अतिशयोक्ति है। एक अधिकारी ने कहा कि जल्दी जीत घोषित करके आगे बढ़ने का उनका यह तरीका है। उन्होंने कहा, ट्रंप ईरान से थोड़े ऊब गए हैं, उन्हें पछतावा नहीं है, बस ऊब है और आगे बढ़ना चाहते हैं।
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एक अन्य अधिकारी ने अमेरिकी मीडिया आउटलेट एमएस नाउ को बताया कि ट्रंप का फोकस अब धीरे-धीरे जंग से हटकर अर्थव्यवस्था, घरेलू मुद्दों और आगामी मध्यावधि चुनावों की ओर केंद्रित हो रहा है। हालांकि, प्रशासन के कई लोगों और बाहरी विशेषज्ञों के लिए यह युद्ध अभी खत्म नहीं हुआ है। रॉयटर्स की एक रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिका ने ईरान के मिसाइल भंडार का लगभग एक तिहाई हिस्सा नष्ट किया है, जो एक महीने के अमेरिकी-इस्राइली हमलों का सबसे स्पष्ट चित्र पेश करता है। साथ ही, तनाव अभी भी उच्च स्तर पर है। अमेरिका और ईरान मध्यस्थों के माध्यम से प्रस्तावों का आदान-प्रदान कर रहे हैं। लेकिन वास्तविक स्थिति यह है कि होर्मुज जलडमरूमध्य पर हालात बिगड़े हुए हैं।
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गुरुवार को ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर लिखा कि ईरानी वार्ताकार बहुत अलग और 'अजीब' हैं। वे हमसे समझौता करने के लिए 'भीख मांग रहे हैं'। हालांकि, ईरानी अधिकारियों ने इस दावे को कई बार खारिज किया है। ट्रंप प्रशासन के कुछ मौजूदा और पूर्व अधिकारियों का कहना हैकि ट्रंप का संदेश जंग की वास्तविकता से मेल नहीं खाता। जंग के दौरान जल्दी जीत का दावा करना नया नहीं है। एक पूर्व अधिकारी ने कहा, केवल यह कह देना कि जंग जीत ली गई है, पर्याप्त नहीं है। हमें इसे देखना और महसूस करना चाहिए।
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व्हाइट हाउस की सोशल मीडिया रणनीति में स्पष्ट विरोधाभास है। कुछ अधिकारियों के अनुसार, व्हाइट हाउस ने सोशल मीडिया पर युद्ध से जुड़ी जो सामग्री डाली, उसने इसे वास्तविक गंभीर संघर्ष के बजाय इंटरनेट सामग्री जैसा दिखा दिया है। हाल के हफ्तों में व्हाइट हाउस के आधिकारिक सोशल मीडिया खातों ने युद्ध को बढ़ावा देने के लिए इंटरनेट मीम्स, फिल्मों के क्लिप, कार्टून पात्र और रैप संगीत का इस्तेमाल किया। कुछ अधिकारियों ने इसे अनुचित और शर्मनाक बताया।
व्हाइट हाउस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, युद्ध वीडियो क्रिंज, अपमानजनक और गंदे हैं। इससे मुझे शर्मिंदगी महसूस होती है। अन्य पूर्व अधिकारियों ने भी प्रशासन के ऑनलाइन संदेश की उपयोगिता पर सवाल उठाए।
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