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जल्द ही सभी श्रमिकों को यूनिवर्सल न्यूनतम मजदूरी संभव
एजेंसी/ नई दिल्ली
Updated Tue, 06 Jun 2017 04:31 AM IST
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सभी उद्योगों और श्रमिकों के लिए यूनिवर्सल न्यूनतम मजदूरी जल्द हकीकत बन सकती है। एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार इसमें वे श्रमिक भी शामिल होंगे जिनकी मासिक आय 18,000 रुपये से अधिक है।
अधिकारी ने कहा कि श्रमिकों के हित के लिए तैयार की गई प्रस्तावित मजदूरी संहिता को इस महीने केंद्रीय मंत्रिमंडल के समक्ष रखा जा सकता है ताकि संसद के आगामी मानसून सत्र में इसे पास कराने पर जोर दिया जा सके।
एक सूत्र ने कहा, ‘वित्त मंत्री अरुण जेटली की अध्यक्षता में गठित श्रम मामलों की मंत्री स्तरीय समिति इस मजदूरी संहिता को पहले ही मंजूर कर चुकी है। इसे विधि मंत्रालय के पास भेज दिया गया है, जिसे बाद में मंजूरी के लिए केंद्रीय मंत्रिमंडल के समक्ष रखा जाएगा।’
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उन्होंने कहा कि श्रम मंत्रालय इस विधेयक को संसद के अगले सत्र में पेश कर सकता है जिसके अगले महीने से शुरू होने की संभावना है। मजदूरी संहिता विधेयक केंद्र सरकार को देशभर में सभी क्षेत्रों के लिए एक न्यूनतम मजदूरी तय करने का अधिकार देगा, जिसका पालन राज्यों को करना होगा। हालांकि राज्य उससे अधिक मेहनताना तय कर सकेंगे।
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अधिकारी ने कहा कि श्रमिकों के हित के लिए तैयार की गई प्रस्तावित मजदूरी संहिता को इस महीने केंद्रीय मंत्रिमंडल के समक्ष रखा जा सकता है ताकि संसद के आगामी मानसून सत्र में इसे पास कराने पर जोर दिया जा सके।
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एक सूत्र ने कहा, ‘वित्त मंत्री अरुण जेटली की अध्यक्षता में गठित श्रम मामलों की मंत्री स्तरीय समिति इस मजदूरी संहिता को पहले ही मंजूर कर चुकी है। इसे विधि मंत्रालय के पास भेज दिया गया है, जिसे बाद में मंजूरी के लिए केंद्रीय मंत्रिमंडल के समक्ष रखा जाएगा।’
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उन्होंने कहा कि श्रम मंत्रालय इस विधेयक को संसद के अगले सत्र में पेश कर सकता है जिसके अगले महीने से शुरू होने की संभावना है। मजदूरी संहिता विधेयक केंद्र सरकार को देशभर में सभी क्षेत्रों के लिए एक न्यूनतम मजदूरी तय करने का अधिकार देगा, जिसका पालन राज्यों को करना होगा। हालांकि राज्य उससे अधिक मेहनताना तय कर सकेंगे।