वैक्सीन की किल्लत: डॉ. हर्षवर्धन ने किया बड़ा दावा, बोले- कहीं कमी नहीं, राज्यों के पास 1.58 करोड़ डोज मौजूद
कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्धन ने 11 राज्यों के साथ वर्चुअल बैठक की और कहा कि देश में वैक्सीन की कोई कमी नहीं है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
देश में कोरोना की दूसरी लहर कहर बरपा रही है। बीते 24 घंटे में देश में 2.34 लाख से ज्यादा दैनिक मामले सामने आए हैं, जो अब तक का सर्वाधिक आंकड़ा माना जा रहा है। वहीं कोरोना के बढ़ते मामलों के बीच केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्धन ने 11 राज्यों के मंत्रियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बैठक की।
स्वास्थ्य मंत्री डॉ, हर्षवर्धन ने बैठक के बाद जानकारी दी और कहा कि देश में कोरोना वैक्सीन की कोई कमी नहीं है। हालांकि बढ़ते मामलों पर चिंता जाहिर करते हुए उन्होंने कहा कि कोरोना की दूसरी लहर को हल्के में नहीं लेना चाहिए, कोरोना को लेकर गंभीर होने की जरूरत है।
इस समय राज्यों के पास एक करोड़ 58 लाख डोज़ हैं और सप्लाई के अंदर वैक्सीन की 1,16,84,000 डोज़ हैं। वैक्सीन की कोई कमी नहीं है: वीडियो कॉफ्रेंसिंग के जरिए 11 राज्यों के स्वास्थ्य मंत्रियों के साथ कोरोना वायरस की स्थिति पर बैठक में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ.हर्षवर्धन #COVID19 https://t.co/pdvptEA8ai
विज्ञापन विज्ञापन— ANI_HindiNews (@AHindinews) April 17, 2021
स्वास्थ्य मंत्री वैक्सीन से संबंधित कुछ आंकड़ें भी सबके सामने जारी किए। उन्होंने बताया कि देश में आज सुबह तक राज्यों को वैक्सीन की 14 करोड़ 15 लाख खुराकें सप्लाई की गई हैं। वेस्टेज को मिलाकर सब राज्यों ने लगभग 12 करोड़ 57 लाख 18 हजार वैक्सीन की खुराक का इस्तेमाल किया। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि इस समय वैक्सीन की कमी नहीं है। राज्यों के पास एक करोड़ 58 लाख डोज हैं और सप्लाई के अंदर वैक्सीन की एक करोड़ 16 लाख 84 हजार डोज हैं।
12 करोड़ लोगों को लगा कोरोना का टीका
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से जारी आंकड़ों के मुताबिक, 16 अप्रैल तक 30 लाख से ज्यादा टीके दिए जाने के बाद देश में 12 करोड़ के करीब लोगों को कोरोना का टीका लगाया जा चुका है। इनमें से 91 लाख ऐसे स्वास्थ्य कर्मचारी हैं, जिन्हें कोरोना की पहली खुराक लगी है। इसके अलावा एक करोड़ छह लाख फ्रंटलाइन कर्मचारियों को कोरोना की पहली खुराक दी जा चुकी है।