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वैश्विक संकट का असर: घरेलू स्तर पर उत्पादित प्राकृतिक गैस की कीमत दोगुनी, अगले छह महीने के लिए लागू  

Thu, 31 Mar 2022 06:40 PM IST
Amit Mandal न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Amit Mandal Updated Thu, 31 Mar 2022 06:40 PM IST
सार

मौजूदा वैश्विक भू-राजनीतिक स्थिति के कारण जिंसों की बढ़ती कीमतों पर लगाम लगाने के लिए सरकार ने गुरुवार को खाद्य तेलों और तिलहनों पर स्टॉक की सीमा भी इस साल दिसंबर तक बढ़ा दी है। 
 

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The government more than doubled the price of domestically produced natural gas for the six months 
प्राकृतिक गैस का उत्पादन - फोटो : pixabay

विस्तार

सरकार ने गुरुवार को वैश्विक ऊर्जा दरों में बढ़ोतरी के कारण छह महीनों के लिए घरेलू स्तर पर उत्पादित प्राकृतिक गैस की कीमत दोगुनी से अधिक कर दी। यह 1 अप्रैल से शुरू होगा। तेल मंत्रालय के पेट्रोलियम योजना और विश्लेषण प्रकोष्ठ (पीपीएसी) द्वारा जारी एक अधिसूचना के अनुसार, सरकारी स्वामित्व वाली ओएनजीसी और ऑयल इंडिया लिमिटेड के विनियमित क्षेत्रों से गैस की कीमत मौजूदा 2.90 अमेरिकी डॉलर से बढ़कर 6.10 अमेरिकी डॉलर प्रति मिलियन ब्रिटिश थर्मल यूनिट हो जाएगी। गहरे पानी जैसे मुश्किल क्षेत्रों के लिए भुगतान की जाने वाली दर अप्रैल-सितंबर के लिए 6.13 अमेरिकी डॉलर प्रति एमएमबीटीयू से बढ़कर 9.92 अमेरिकी डॉलर हो जाएगी।

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खाद्य तेलों और तिलहनों पर स्टॉक की सीमा बढ़ाई 
वहीं, मौजूदा वैश्विक भू-राजनीतिक स्थिति के कारण जिंसों की बढ़ती कीमतों पर लगाम लगाने के लिए सरकार ने गुरुवार को खाद्य तेलों और तिलहनों पर स्टॉक की सीमा इस साल दिसंबर तक बढ़ा दी। एक आधिकारिक बयान में कहा गया है कि इस संबंध में आदेश एक अप्रैल से प्रभावी होगा। अक्टूबर 2021 में उपभोक्ता मामलों के मंत्रालय ने मार्च 2022 तक स्टॉक की सीमा लगा दी थी और राज्यों को यह तय करने का अधिकार दिया था कि क्या स्टॉक की सीमा उपलब्धता और खपत पैटर्न पर आधारित होनी चाहिए।
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नए आदेश के अनुसार खाद्य तेलों की स्टॉक सीमा खुदरा विक्रेताओं के लिए 30 क्विंटल, थोक विक्रेताओं के लिए 500 क्विंटल, थोक उपभोक्ताओं के लिए 30 क्विंटल यानी बड़ी चेन खुदरा विक्रेताओं और दुकानों के लिए और इसके डिपो के लिए 1,000 क्विंटल होगी। खाद्य तेलों के संसाधक अपनी भंडारण/उत्पादन क्षमता के 90 दिनों तक का स्टॉक कर सकते हैं। तिलहन के लिए खुदरा विक्रेताओं के लिए स्टॉक की सीमा 100 क्विंटल और थोक विक्रेताओं के लिए 2,000 क्विंटल होगी। तिलहन के प्रसंस्करणकर्ताओं को दैनिक इनपुट उत्पादन क्षमता के अनुसार खाद्य तेलों के 90 दिनों के उत्पादन का स्टॉक करने की अनुमति होगी। निर्यातकों और आयातकों को कुछ निर्देशों के साथ इस आदेश के दायरे से बाहर रखा गया है।

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