प्रवर्तन निदेशालय ने जगन मोहन रेड्डी की 749 करोड़ की संपत्ति जब्त की
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भ्रष्टाचार के मामले में प्रवर्तन निदेशालय ने आज वाईएसआरसीपी नेता जगन मोहन रेड्डी की 749 करोड़ रुपए की संपत्ति जब्त कर ली है। जब्त की गई संपत्तियों में बंजारा हिल्स में स्थित लोटस पाउंड बिल्डिंग, साक्षी टॉवर, बैंगलुरू में स्थित मिनिस्टर एट कॉमर्स बिल्डिंग, व सभी कंपनियों में जगन मोहन रेड्डी द्वारा निवेश किए गए शेयर भी ईडी ने जब्त कर लिए हैं।
प्रवर्तन निदेशालय ने माना है कि जगन मोहन रेड्डी ने चूना पत्थर के भंडार भारती सीमेंट को अवैध रूप से आवंटित किए ते। इस चूना पत्थर भंडार की लागत 152 करोड़ रुपए है।
इससे पहले ईडी कर चुका 863 करोड़ की संपत्ति को जब्त
आप को बता दें कि हवाला से जुड़े एक मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने वाईएसआर कांग्रेस के नेता जगन मोहन रेड्डी और उनके सहयोगियों की 863 करोड़ रुपये की संपत्ति पहले भी जब्त की थी। दरअसल में यह मामला आंध्र प्रदेश में आधारभूत संरचनाओं के निर्माण में भ्रष्टाचार से जुड़ा है।
एजेंसी ने जगन और निम्मागड़ा प्रसाद को अलग से नोटिस जारी किया था। जगन के पिता स्वर्गीय राजशेखर रेड्डी के मुख्यमंत्री रहते समय इनकी कंपनियों पर आंध्र प्रदेश की तत्कालीन सरकार से लाभ लेने का आरोप भी लगा था।
ईडी ने हवाला रोकथाम कानून के तहत 2012 में इस मामले में सीबीआई की एफआईआर के आधार पर एक आपराधिक मुकदमा दायर किया था। ईडी की जांच में कहा गया था कि इस सौदे में दोनों पक्षों के बीच सहमति थी और इनके बीच अवैध धन का हस्तांतरण हुआ।
इसमें यह भी कहा गया था कि जगन और उनके साझेदारों की कंपनियों को तत्कालीन सरकार ने भारी मात्रा में सरकारी जमीन देने के अलावा स्टांप शुल्क, रजिस्ट्रेशन और अन्य शुल्कों में रियायत दी गई।
Published by- Amit kumar