खेला होबे दिवस: तारीख बदलने की मांग लेकर राज्यपाल से मिले सुवेंदु अधिकारी, जानिए क्यों है आपत्ति
पश्चिम बंगाल सरकार के खेला होबे दिवस की तारीख पर हिंदू संगठनों के साथ भाजपा ने भी आपत्ति दर्ज कराई है। इसकी तारीख को बदलने की मांग के साथ भाजपा नेता सुवेंदु अधिकारी और कुछ संगठनों के नेताओं ने मंगलवार को राज्यपाल जगदीप धनखड़ से मुलाकात की।
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पश्चिम बंगाल में भाजपा ने दलीय नेता (एलओपी) सुवेंदु अधिकारी ने विभिन्न संगठनों के नेताओं और प्रतिनिधियों के साथ मंगलवार को राज्यपाल जगदीप धनखड़ से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने 'खेला होबे दिवस' की तारीख बदलवाने की मांग की। इस दौरान सुवेंदु अधिकारी के साथ मेचेदा शहर में स्थित जगन्नाथ मंदिर के ट्रस्टियों के चेयरमैन व कई अन्य संगठनों के प्रतिनिधि यहां मौजूद रहे।
Accompanied by revered monks, pleaded the Honourable Governor Shri @jdhankhar1 ji to persuade the WB Govt to change the day of the proposed Khela Hobe divas, as any celebration on this day would only make the Bengalis relive the pain of the gory past. pic.twitter.com/ymmGlA4x0l
— Suvendu Adhikari • শুভেন্দু অধিকারী (@SuvenduWB) August 10, 2021विज्ञापन
बता दें कि राज्य की तृणमूल कांग्रेस सरकार ने 16 अगस्त को 'खेला होबे दिवस' मनाने का एलान किया है। कई हिंदू संगठनों ने इस तारीख पर आपत्ति जताई है। उल्लेखनीय है कि यह आपत्ति इसलिए व्यक्ति की जा रही है क्योंकि साल 1946 में मुस्लिम लीग ने इसी तारीख को सीधी कार्रवाई का दिन घोषित किया था। इसके चलते बड़े स्तर पर हिंसा हुई थी और खूब खून-खराबा हुआ था।
राज्यपाल से मुलाकात के बाद अधिकारी ने एक ट्वीट में ममता बनर्जी सरकार के इस फैसले पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा, '16 अगस्त बंगाल के इतिहास पर एक धब्बा है। यह दिन भयावह रूप से 'डायरेक्ट एक्शन डे' (सीधी कार्रवाई का दिन) या 'ग्रेट कलकत्ता किलिंग्स के रूप में याद किया जाता है। कितनी ही लाशें कुत्तों व गिद्धों के खाने के लिए कई दिनों तक सड़कों पर पड़ी रही थीं।'