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Supreme Court: NCP नेता मोहम्मद फैजल को SC से बड़ी राहत, हत्या की कोशिश मामले में केरल हाईकोर्ट के आदेश पर रोक

Mon, 09 Oct 2023 05:12 PM IST
ज्योति भास्कर न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: ज्योति भास्कर Updated Mon, 09 Oct 2023 05:12 PM IST
सार

राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) के नेता मोहम्मद फैजल को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। देश की सबसे बड़ी अदालत ने हत्या की कोशिश मामले में केरल हाईकोर्ट के आदेश पर रोक लगा दी है।

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Supreme Court stays Kerala HC order NCP Mohammed Faizal attempt to murder case
Supreme Court - फोटो : ANI

विस्तार

सुप्रीम कोर्ट से राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के सांसद मोहम्मद फैजल को बड़ी राहत मिली है। कोर्ट ने सोमवार को उस याचिका को खारिज करने के केरल हाईकोर्ट के आदेश पर रोक लगा दी, जिसमें हत्या के प्रयास के एक मामले में उन्होंने अपनी दोषसिद्धि को निलंबित करने की मांग की थी। 

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कोर्ट से मिली राहत के कारण लोकसभा सांसद के रूप में उनकी अयोग्यता एक साल में दूसरी बार रद्द हो सकती है यानी फिर से उनकी सांसदी बहाल हो सकती है। केरल हाईकोर्ट के तीन अक्तूबर के आदेश पर फैजल को बुधवार को लोकसभा की सदस्यता से अयोग्य घोषित कर दिया गया था। संसद में लक्षद्वीप का प्रतिनिधित्व करने वाले फैजल को इसी साल दो बार अयोग्य घोषित किया जा चुका है।
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तीन अक्तूबर 2023 के आदेश के क्रियान्वयन पर रोक
जस्टिस ऋषिकेश रॉय और न्यायमूर्ति संजय करोल की पीठ ने वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल और अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल केएम नटराज की दलीलें सुनने के बाद कहा कि हाईकोर्ट के तीन अक्तूबर 2023 के आदेश के क्रियान्वयन पर रोक लगा दी गई है। इस अदालत द्वारा याचिकाकर्ता के पक्ष में पहले पारित अंतरिम आदेश को क्रियान्वित किया जाता है।
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सुप्रीम कोर्ट में पहले क्या हुआ?
सुप्रीम कोर्ट ने 22 अगस्त को सांसद के रूप में फैजल के दर्जे को अस्थायी रूप से सुरक्षित रखा था। कोर्ट ने मामले को नए सिरे से तय करने के लिए हाईकोर्ट के पास वापस भेज दिया था। फैजल की ओर से अधिवक्ता कपिल सिब्बल ने कहा कि उच्च न्यायालय ने यह बात नहीं मानी कि मामला राजनीतिक है और तब कांग्रेस और राकांपा के बीच एक संघर्ष था। उन्होंने कहा कि इस मामले में सभी गवाह कांग्रेस कार्यकर्ता हैं और निचली अदालत कोई भी स्वतंत्र गवाह नहीं पेश कर सकी।


क्या है मामला?
दरअसल, लक्षद्वीप की एक सत्र अदालत ने 2009 के लोकसभा चुनाव के दौरान दिवंगत केंद्रीय मंत्री पीएम सईद के दामाद मोहम्मद सलीह की हत्या के प्रयास के लिए फैजल और तीन अन्य को इस साल 11 जनवरी को सजा सुनाई थी।

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