फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   supreme-court-restores-karimganj-election-petition-hafiz-rashid-ahmed-chaudhury-bjp

सुप्रीम कोर्ट से कांग्रेस नेता को राहत: BJP सांसद के निर्वाचन को दी थी चुनौती, चुनाव याचिका बहाल; अब आगे क्या?

Mon, 24 Aug 2026 08:34 PM IST
Devesh Tripathi पीटीआई, नई दिल्ली
पीटीआई, नई दिल्ली Published by: Devesh Tripathi Updated Mon, 24 Aug 2026 08:34 PM IST
सार

सुप्रीम कोर्ट ने असम की करीमगंज लोकसभा सीट से जुड़े चुनाव विवाद में कांग्रेस उम्मीदवार हाफिज राशिद अहमद चौधरी को राहत दी है। अदालत ने उनकी चुनाव याचिका को फिर से सुनवाई के लिए गुवाहाटी हाईकोर्ट की फाइल में बहाल कर दिया। याचिका में भाजपा के कृपानाथ मल्लाह के निर्वाचन को चुनौती दी गई है।

विज्ञापन
supreme-court-restores-karimganj-election-petition-hafiz-rashid-ahmed-chaudhury-bjp
हाफिज राशिद अहमद चौधरी को सुप्रीम कोर्ट से राहत - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स

विस्तार

सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को कांग्रेस उम्मीदवार हाफिज राशिद अहमद चौधरी की चुनाव याचिका बहाल कर दी। चौधरी ने 2024 के लोकसभा चुनाव में असम की करीमगंज सीट से भाजपा के कृपानाथ मल्लाह के निर्वाचन को चुनौती दी थी। पीठ ने अपील स्वीकार करते हुए कहा, "हम चुनाव याचिका को हाईकोर्ट की फाइल में बहाल करते हैं, ताकि ऊपर बताए गए तरीके के अनुसार उस पर विचार किया जा सके।"
विज्ञापन


न्यायमूर्ति जेबी पारदीवाला और न्यायमूर्ति के विनोद चंद्रन की पीठ ने चौधरी की याचिका स्वीकार करते हुए कहा कि उसे चार अप्रैल, 2025 के गुवाहाटी हाईकोर्ट के उस आदेश को बरकरार रखने का कोई कारण नहीं दिखता, जिसमें चुनाव याचिका खारिज कर दी गई थी।
विज्ञापन


चुनाव याचिका को बहाल कर सुप्रीम कोर्ट ने की क्या टिप्पणी?
पीठ ने कहा कि भ्रष्ट आचरण के आरोप साबित होने पर दोषसिद्धि के अलावा अधिकतम छह साल की अयोग्यता जैसे कानूनी परिणाम हो सकते हैं। इसलिए ऐसे मामलों में कानूनी प्रक्रिया का सख्ती से पालन जरूरी है। लौटाए गए उम्मीदवार को निर्धारित प्राधिकारी की ओर से सत्यापित और चुनाव याचिकाकर्ता के अपने हस्ताक्षर से प्रमाणित सही प्रति देना भी जरूरी है।
विज्ञापन
विज्ञापन


पीठ ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के एक पुराने फैसले में यह स्पष्ट किया गया था कि सभी मामलों पर लागू होने वाला कोई सामान्य सिद्धांत तय नहीं किया जा सकता। अदालत ने यह भी स्पष्ट किया था कि केवल पर्याप्त अनुपालन को पर्याप्त नहीं माना जाएगा।

भ्रष्ट आचरण के आरोप पूरी तरह साबित किए जाने चाहिए : सुप्रीम कोर्ट
पीठ ने कहा, "वर्तमान मामले में यह स्वीकार किया गया है कि फॉर्म-25 को शपथपत्र आयुक्त के समक्ष सत्यापित किया गया था, जैसा कि अदालत के समक्ष मूल दस्तावेज में उपलब्ध है। हाईकोर्ट से अनुरोध है कि वह इसकी जांच करे और अगर शपथ पर किए गए सत्यापन का उचित प्रमाणीकरण उपलब्ध है, तो मामले की सुनवाई उसके गुण-दोष के आधार पर करे। अगर ऐसा प्रमाणीकरण उपलब्ध नहीं है, तो भ्रष्ट आचरण के आरोपों को आगे बढ़ाने की अनुमति न दी जाए और अगर कोई अन्य आधार प्रस्तुत किया गया है, तो उस पर गुण-दोष के आधार पर विचार किया जाए।"

पीठ ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के अनुसार भ्रष्ट आचरण के आरोप पूरी तरह साबित किए जाने चाहिए। चुनाव याचिका में अस्पष्टता होने पर भी उसका असर पड़ सकता है। महत्वपूर्ण और गंभीर गलतियों वाली सही प्रति दिए जाने की स्थिति में ऐसी याचिका को प्रारंभिक स्तर पर ही खारिज किया जा सकता है। अदालत ने कहा कि भ्रष्ट आचरण के आरोप का शपथपत्र आयुक्त से सत्यापन न कराया जाना अपने आप में घातक नहीं है, क्योंकि इससे न तो गलत जानकारी दी जाती है और न ही निर्वाचित उम्मीदवार को भ्रमित किया जाता है।

क्या है पूरा मामला?
चौधरी ने पिछले साल चार अप्रैल के गुवाहाटी हाईकोर्ट के फैसले को चुनौती दी थी। हाईकोर्ट ने उनकी याचिका प्रारंभिक स्तर पर यह कहते हुए खारिज कर दी थी कि चुनाव याचिका की प्रति निर्वाचित उम्मीदवार को उचित तरीके से नहीं दी गई थी, कुछ पृष्ठों का सही तरीके से सत्यापन नहीं हुआ था और कुछ पृष्ठ गायब थे।


चौधरी ने मल्लाह के निर्वाचन को चुनौती देते हुए हाईकोर्ट में दायर याचिका में जनप्रतिनिधित्व अधिनियम के तहत भ्रष्ट आचरण के आरोप लगाए थे। मल्लाह ने जनप्रतिनिधित्व अधिनियम के प्रावधानों का पालन नहीं किए जाने का हवाला देते हुए याचिका का विरोध किया था और इसे पूरी तरह खारिज करने की मांग की थी। चौधरी 2024 का लोकसभा चुनाव करीमगंज सीट से भाजपा उम्मीदवार मल्लाह से 18,000 से अधिक वोटों के अंतर से हार गए थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed