फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Supreme court gives Centre four more weeks to frame guidelines for ex-gratia to families of COVID victims

कोरोना मृतकों के आश्रितों को मुआवजा: गाइडलाइन बनाने के लिए केंद्र को चार हफ्ते का समय 

Mon, 16 Aug 2021 09:41 PM IST
सुरेंद्र जोशी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: सुरेंद्र जोशी Updated Mon, 16 Aug 2021 09:41 PM IST
सार

सुप्रीम कोर्ट ने देश में कोरोना महामारी के चलते मारे गए लोगों के परिवारों को आर्थिक सहायता देने के नियम कायदे बनाने की कुछ और मोहलत दे दी है। 
 

विज्ञापन
Supreme court gives Centre  four more weeks to frame guidelines for ex-gratia to families of COVID victims
Supreme Court - फोटो : ANI

विस्तार

देश में कोरोना महामारी के कारण मारे गए लोगों के आश्रितों को मुआवजे की उम्मीद बढ़ गई है। सुप्रीम कोर्ट ने मामले की सुनवाई करते हुए सोमवार को केंद्र सरकार को इसकी गाइडलाइंस बनाने के लिए चार सप्ताह का समय दे दिया।  

विज्ञापन


केंद्र सरकार ने शीर्ष कोर्ट से कहा कि गाइडलाइंस बनाने की प्रक्रिया अग्रिम चरण में है। उसके गहन परीक्षण के लिए उसे कुछ और समय चाहिए, ताकि उसे अंतिम रूप देकर लागू किया जा सके। मामले की संक्षिप्त सुनवाई के दौरान जस्टिस डीवाई चंद्रचूड व जस्टिस एमआर शाह की पीठ ने अतिरिक्त सॉलिसीटर जनरल से ऐश्वर्या भाटी से 30 जून को कोर्ट द्वारा दिए गए अन्य आदेशों के पालन के बारे पूछा। इस पर भाटी ने कोर्ट से कहा कि वह दो सप्ताह में हलफनामा दायर करेंगी और आदेश के पालन की पूरी जानकारी दी जाएगी। 
विज्ञापन


इसके बाद पीठ ने मुआवजे की गाइडलाइंस तैयार करने के लिए केंद्र को चार सप्ताह का समय दे दिया। इसके साथ ही पीठ ने अपने अन्य आदेशों के पालन के बारे में केंद्र को स्टेटस रिपोर्ट दाखिल करने का निर्देश देते हुए मामले की अगली सुनवाई दो सप्ताह बाद तय की। 
विज्ञापन
विज्ञापन


बता दें, सुप्रीम कोर्ट ने अपने 30 जून के निर्देश में राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीएमए) को निर्देश दिया था कि वह देश में कोविड-19 के कारण मारे गए लोगों के आश्रितों को आर्थिक सहायता की उपयुक्त गाइडलाइंस बनाकर छह सप्ताह में पेश करे। इस पर केंद्र ने कुछ और समय देने की मांग की थी। 


30 जून के आदेश में ही कोर्ट ने कोरोना मृतकों के मृत्यु प्रमाण पत्र में उसक जिक्र करने को लेकर भी सरल शब्दों में गाइड लाइन जारी करने का निर्देश दिया था, ताकि प्रभावित लोग सरकार की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ ले सकें। इस मामले में वकील रीपक कंसल व गौरव कुमार बंसल ने दो अलग अलग याचिकाएं दायर की थीं। बंसल ने अपनी याचिका में केंद्र व राज्य सरकारों को मृतकों के आश्रितों को चार चार लाख रुपये देने का निर्देश देने का आग्रह किया था। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed