फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   supreme court asks for records of migrant workers

न्यायालय ने राज्यों से प्रवासी कामगारों के रिकॉर्ड का विवरण मांगा

Fri, 31 Jul 2020 09:09 PM IST
Amit Mandal न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Amit Mandal Updated Fri, 31 Jul 2020 09:09 PM IST
विज्ञापन
supreme court asks for records of migrant workers
लॉकडाउन - फोटो : amar ujala

उच्चतम न्यायालय ने शुक्रवार को सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को निर्देश दिया कि वे कोविड-19 की वजह से लॉकडाउन के दौरान अपने घर पहुंचने वाले कामगारों का रिकॉर्ड और इसे रखने के तरीके का विवरण तीन सप्ताह के भीतर पेश करें। शीर्ष अदालत ने कहा कि रास्ते में फंसे हुए सभी कामगारों को 15 दिन के भीतर ट्रेन या दूसरे साधनों से पहुंचाने के बारे में उसके नौ जून के आदेश के बावजूद अभी भी महाराष्ट्र सहित कई राज्यों में कामगार फंसे हुए हैं।

विज्ञापन


न्यायालय ने कहा कि एक भी राज्य या केंद्रशासित प्रदेश ने शीर्ष अदालत के पिछले महीने आदेश के अनुपालन में हलफनामे पर विवरण पेश नहीं किया है। न्यायमूर्ति अशोक भूषण, न्यायमूर्ति आर सुभाष रेड्डी और न्यायमूर्ति एम आर शाह की पीठ ने अपने आदेश में कहा, राज्यों को कामगारों के अपने पैतृक स्थानों पर पहुंचने के बारे में रखे गये रिकॉर्ड और उनके कौशल और रोजगार से संबंधित अन्य विवरण पेश करना है। राज्य और केन्द्र शासित प्रदेश तीन सप्ताह के भीतर इस विवरण के साथ हलफनामे दाखिल करें। 
विज्ञापन


पीठ ने कहा कि राज्यों और केन्द्र शासित प्रदेशों को नौ जून के आदेश पर अनुपालन के बारे में पूर्ण विवरण भी देना चाहिए। शीर्ष अदालत ने नौ जून के आदेश में कामगारों के बारे में अनेक निर्देश दिए थे। न्यायालय ने केंद्र और राज्य सरकारों से कहा था कि अपने घर जाने के इच्छुक श्रमिकों की पहचान कर 15 दिन के भीतर उन्हें ट्रेन और यातायात के दूसरे साधनों से उनके पैतृक स्थान पहुंचाया जाए।
विज्ञापन
विज्ञापन


शीर्ष अदालत ने इन कामगारों की दयनीय स्थिति और समस्याओं का संज्ञान लेते हुये पिछले महीने प्राधिकारियों से कहा था कि सामाजिक दूरी के मानदंडों का उल्लंघन करने वाले कामगारों के खिलाफ दर्ज आपराधिक मामले वापस लेने पर विचार किया जाए।
 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed