फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Supreme Court Colonel Sofiya Qureshi remarks controversy Operation Sindoor mp minister Vijay Shah

सुप्रीम कोर्ट: क्या मंत्री विजय शाह पर दर्ज होगा मुकदमा? कर्नल सोफिया पर टिप्पणी मामले में अभी तक अटकी मंजूरी

Mon, 31 Aug 2026 03:48 PM IST
हिमांशु सिंह चंदेल न्यजू डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यजू डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: हिमांशु सिंह चंदेल Updated Mon, 31 Aug 2026 03:48 PM IST
सार

कर्नल सोफिया कुरैशी पर आपत्तिजनक टिप्पणी के मामले में मध्य प्रदेश के मंत्री कुंवर विजय शाह की मुश्किलें अभी खत्म नहीं हुई हैं। सुप्रीम कोर्ट को बताया गया कि विशेष जांच दल की जांच पूरी हो चुकी है, लेकिन मुकदमा चलाने की मंजूरी अभी बाकी है। मंजूरी मिलते ही आरोपपत्र दाखिल किया जाएगा। आखिर किस मंजूरी का इंतजार है? सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में पहले शाह को क्यों फटकार लगाई थी? आइए, सबकुछ विस्तार से जानते हैं...
 

विज्ञापन
Supreme Court Colonel Sofiya Qureshi remarks controversy Operation Sindoor mp minister Vijay Shah
ऑपरेशन सिंदूर के बाद सोफिया कुरैशी पर टिप्पणी क्यों बनी विवाद? - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स

विस्तार

कर्नल सोफिया कुरैशी को लेकर की गई आपत्तिजनक टिप्पणी के मामले में मध्य प्रदेश के मंत्री कुंवर विजय शाह की मुश्किलें फिलहाल खत्म नहीं हुई हैं। सोमवार को सुप्रीम कोर्ट को बताया गया कि उनके खिलाफ विशेष जांच दल यानी एसआईटी की जांच पूरी हो चुकी है, लेकिन मुकदमा चलाने के लिए सक्षम प्राधिकारी की मंजूरी अभी नहीं मिली है। मंजूरी मिलने के बाद अदालत में आरोपपत्र दाखिल किया जाएगा। इस जानकारी के बाद सुप्रीम कोर्ट ने मामले की सुनवाई आगे टाल दी।

विज्ञापन

आरोपपत्र दाखिल करने में देरी क्यों हो रही?

अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल केएम नटराज ने सुप्रीम कोर्ट को बताया कि एसआईटी की रिपोर्ट में जांच पूरी होने की बात कही गई है और रिपोर्ट सीलबंद लिफाफे में रखी गई है। हालांकि, मुकदमा चलाने के लिए जरूरी मंजूरी का मामला अभी सक्षम प्राधिकारी के पास विचाराधीन है। सरकार की ओर से कहा गया कि जैसे ही मंजूरी मिलेगी, सक्षम अदालत के सामने आरोपपत्र दाखिल कर दिया जाएगा। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत और न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची तथा न्यायमूर्ति वी. मोहना की पीठ ने इन दलीलों को रिकॉर्ड पर लिया।

विज्ञापन


ये भी पढ़ें- समुद्र में सुरक्षा कवच हुआ मजबूत: आईएनएस निपुण नौसेना में शामिल; नौसेना प्रमुख बोले- खतरे से निपटने को तैयार

विज्ञापन
विज्ञापन

विजय शाह ने अपनी सफाई में क्या कहा?

विजय शाह की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता मनिंदर सिंह ने कहा कि मंत्री ने अपनी टिप्पणी के अगले ही दिन सार्वजनिक रूप से माफी मांग ली थी। उन्होंने अदालत से इस माफी को भी ध्यान में रखने का अनुरोध किया। हालांकि, सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि एसआईटी की जांच रिपोर्ट को आखिरकार सक्षम प्राधिकारी के सामने जाना ही है। इससे पहले भी अदालत मंत्री के रवैये पर नाराजगी जता चुकी है और मामले की जांच के लिए विशेष जांच दल गठित किया गया था।

कर्नल सोफिया कुरैशी को लेकर विवाद कैसे शुरू हुआ?

ऑपरेशन सिंदूर के बाद एक वीडियो सामने आया था, जिसमें विजय शाह पर कर्नल सोफिया कुरैशी के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करने का आरोप लगा। ऑपरेशन सिंदूर के दौरान कर्नल सोफिया कुरैशी और विंग कमांडर व्योमिका सिंह मीडिया ब्रीफिंग के कारण प्रमुखता से सामने आई थीं। टिप्पणी को लेकर तीखी आलोचना हुई। मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने भी शाह की भाषा पर कड़ी नाराजगी जताई थी और पुलिस को दुश्मनी तथा नफरत बढ़ाने के आरोप में एफआईआर दर्ज करने का आदेश दिया था। बाद में शाह ने खेद जताते हुए कर्नल सोफिया कुरैशी के प्रति सम्मान व्यक्त किया।

सुप्रीम कोर्ट पहले इस मामले में क्या रुख अपना चुका?

सुप्रीम कोर्ट ने 28 जुलाई 2025 को विजय शाह को उनकी टिप्पणी को लेकर कड़ी फटकार लगाई थी। अदालत ने कहा था कि सार्वजनिक माफी को रिकॉर्ड पर नहीं रखने का रवैया अदालत के धैर्य की परीक्षा लेने जैसा है। इससे पहले 28 मई 2025 को शीर्ष अदालत ने मध्य प्रदेश हाईकोर्ट में चल रही कार्यवाही बंद करने का आदेश देते हुए एसआईटी से स्थिति रिपोर्ट मांगी थी। अब एसआईटी की जांच पूरी हो चुकी है और अगला कदम सक्षम प्राधिकारी की मंजूरी पर निर्भर है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed