जन्मदिन की बधाई देने के लिए आडवाणी ने किया फोन, मिलने पहुंची सोनिया
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संसद के दोनों सदनों में नोटबंदी पर मचे घमासान के बीच एक खास तस्वीर सदन के भीतर देखने को मिली। कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी भाजपा के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी से अचानक मिलने पहुंची।
सोनिया की आडवाणी से मिलने की वजह थी उनका बर्थडे और आडवाणी की उनको शुभकामनाएं। दरअसल लालकृष्ण आडवाणी ने सोनिया गांधी के 70वें जन्मदिन के मौके पर शुभकामनाएं देने के लिए कांग्रेस अध्यक्ष को फोन किया था।
लेकिन किसी कारणवश आडवाणी की सोनिया गांधी से बात नहीं हो पाई। आखिरकार सदन में सोनिया लालकृष्ण आडवाणी से मुलाकात करने पहुंची। वहीं सोनिया ने लोकसभा स्पीकर सुमित्रा महाजन से मुलाकात की। सोनिया ने इच्छा जताई की वो चाहती हैं कि सदन में बिना हंगामे के चर्चा हो।
ज्योतिरादित्य सिंधिया भी आडवाणी से मिले
कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के साथ ज्योतिरादित्य सिंधिया ने भी भाजपा के वरिष्ठ नेता से सदन में मुलाकात की। उन्होंने आडवाणी से सदन में मचे हंगामे पर कहा कि "आपकी बात मानकर हम सदन में चर्चा के लिए तैयार हैं, लेकिन सत्तादल के सांसद ऐसा नहीं होने देना चाहते।
सूत्रों के मुताबिक आडवाणी ने सिंधिया से कहा कि नोटबंदी पर लोकसभा में चर्चा होनी चाहिए, लेकिन वोट के आधार पर चर्चा की जरूरत नहीं है। लालकृष्ण आडवाणी और भाजपा नेता शांता कुमार ने दोबारा सदन में हंगामे पर नाराजगी जताई है।
इससे पहले भाजपा के वरिष्ठ नेता ने सदन में नोटबंदी पर चल रहे हंगामे पर कहा था कि संसदीय कार्य मंत्री-स्पीकर सदन नहीं चला पा रहे हैं। हंगामा करने वालों को बाहर करने के अलावा इनका वेतन काट लिया जाना चाहिए।
इतना ही नहीं गुस्से से भरे आडवाणी ने यह भी कहा कि वह स्पीकर से कहने जा रहे हैं कि वह सदन नहीं चला रही हैं। ऐसा मैं सार्वजनिक तौर पर भी कहने जा रहा हूं। आडवाणी के उग्र रूप से विपक्ष के साथ ही सत्ता पक्ष भी सन्न रह गया था।