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बिहार टॉपर मामले में एसआईटी ने शुरू की जांच, हार्ड डिस्क और कागजात किए जब्त
अमर उजाला ब्यूरो/ पटना
Updated Tue, 07 Jun 2016 08:44 PM IST
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साइंस टॉपर बनाये गये सौरभ श्रेष्ठ और आर्ट्स टॉपर रूबी राय के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज
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बिहार में इंटर टॉपर घोटाला मामले में एसआइटी ने मंगलवार को अपना काम शुरु कर दिया है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के आदेश के बाद एक ओर जहां एसआइटी का गठन किया गया, वहीं देर रात कोतवाली थाने में तीनों टॉपरों के साथ साथ संबंधित अधिकारियों व शिक्षकों पर प्राथमिकी दर्ज करायी गयी।
मंगलवार को एसआईटी की टीम इंस्पेक्टर सोने लाल सिंह और आनंद कुमार के नेतृत्व में बिहार विद्यालय परीक्षा समिति पहुंची, तो दूसरी टीम वैशाली की ओर रवाना हुई। बिहार विद्यालय परीक्षा समिति पहुंचकर टीम ने वहां समिति के अध्यक्ष लालकेश्वर प्रसाद सिंह से करीब घंटे भर कड़ी पूछताछ की।
पूछताछ के दौरान समिति से कई कागजात जब्त करने की सूचना है। सूत्रों की मानें तो समिति कार्यालय से एक खास हार्ड डिस्क को भी जब्त किया गया है। हालांकि पूछताछ के दौरान क्या तथ्य सामने आया, इसकी जनकारी नहीं दी गयी है, लेकिन सूत्रों की मानें तो जो पूछताछ में तथ्य सामने आये हैं, वो आगे के अनुसंधान में कारगर साबित होंगे।
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दुसरी ओर, डीएसपी लॉ एन्ड आर्डर के नेतृत्व में वैशाली पहुंची पुलिस ने वहां जांच शुरु कर दी है। इसके अलावे पटना के राजेन्द्र नगर हाई स्कूल भी जांच के जद में है। दरअसल टॉपरों की कॉपी का मूल्यांकन केन्द्र यहीं था।
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मंगलवार को एसआईटी की टीम इंस्पेक्टर सोने लाल सिंह और आनंद कुमार के नेतृत्व में बिहार विद्यालय परीक्षा समिति पहुंची, तो दूसरी टीम वैशाली की ओर रवाना हुई। बिहार विद्यालय परीक्षा समिति पहुंचकर टीम ने वहां समिति के अध्यक्ष लालकेश्वर प्रसाद सिंह से करीब घंटे भर कड़ी पूछताछ की।
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पूछताछ के दौरान समिति से कई कागजात जब्त करने की सूचना है। सूत्रों की मानें तो समिति कार्यालय से एक खास हार्ड डिस्क को भी जब्त किया गया है। हालांकि पूछताछ के दौरान क्या तथ्य सामने आया, इसकी जनकारी नहीं दी गयी है, लेकिन सूत्रों की मानें तो जो पूछताछ में तथ्य सामने आये हैं, वो आगे के अनुसंधान में कारगर साबित होंगे।
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दुसरी ओर, डीएसपी लॉ एन्ड आर्डर के नेतृत्व में वैशाली पहुंची पुलिस ने वहां जांच शुरु कर दी है। इसके अलावे पटना के राजेन्द्र नगर हाई स्कूल भी जांच के जद में है। दरअसल टॉपरों की कॉपी का मूल्यांकन केन्द्र यहीं था।
किन-किन पर दर्ज हुई प्राथमिकी
उल्लेखनीय है कि सोमवार की आधी रात शिक्षा विभाग ने कोतवाली थाने में बिहार के इंटर की परीक्षा में साइंस टॉपर बनाये गये सौरभ श्रेष्ठ, थर्ड टॉपर राहुल कुमार और आर्ट्स टॉपर रूबी राय, शालिनी राय समेत कई लोगों पर प्राथमिकी दर्ज की है। टॉपरों के अलावा बिशुन देव राय कॉलेज (बीआर कॉलेज) कीरतपुर, भगवानपुर (वैशाली) जहां के दोनों टॉपर थे के निदेशक को भी फर्जीवाड़े का दोषी मानते हुए आरोपी बनाया गया है।
इसमें बीआर कॉलेज के परीक्षा केंद्र के अधीक्षक, मूल्यांकन केंद्र के निदेशक, परीक्षा के दौरान गार्डिंग करने वाले परवेक्ष्ाक व कॉपियों की जांच करने वाले परीक्षक सीधे आरोपी बनाये गये हैं। यह प्राथमिकी माध्यमिक शिक्षा निदेशक राजीव रंजन प्रसाद सिंह ने दर्ज करायी है। कोतवाली पुलिस के अनुसार आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 420, 465, 467, 468, 471 और 120बी के तहत मामला दर्ज किया गया है।
पुलिस पूरे मामले को धोखाधड़ी, आपराधिक षडयंत्र रचने व साजिश रचने के मामले के तौर पर दर्ज कर जांच की प्रक्रिया शुरू कर दी है। वहीं शिक्षा विभाग को बोर्ड के अध्यक्ष लालकेश्वर प्रसाद सिंह के जवाब का इंतजार है। उनसे विभाग ने 24 घंटे में जवाब मांगा है। उनसे पूछा गया है कि जब सब कुछ साफ था तो फिर आखिर न्यायिक कमिटी का गठन क्यों किया था।
इसमें बीआर कॉलेज के परीक्षा केंद्र के अधीक्षक, मूल्यांकन केंद्र के निदेशक, परीक्षा के दौरान गार्डिंग करने वाले परवेक्ष्ाक व कॉपियों की जांच करने वाले परीक्षक सीधे आरोपी बनाये गये हैं। यह प्राथमिकी माध्यमिक शिक्षा निदेशक राजीव रंजन प्रसाद सिंह ने दर्ज करायी है। कोतवाली पुलिस के अनुसार आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 420, 465, 467, 468, 471 और 120बी के तहत मामला दर्ज किया गया है।
पुलिस पूरे मामले को धोखाधड़ी, आपराधिक षडयंत्र रचने व साजिश रचने के मामले के तौर पर दर्ज कर जांच की प्रक्रिया शुरू कर दी है। वहीं शिक्षा विभाग को बोर्ड के अध्यक्ष लालकेश्वर प्रसाद सिंह के जवाब का इंतजार है। उनसे विभाग ने 24 घंटे में जवाब मांगा है। उनसे पूछा गया है कि जब सब कुछ साफ था तो फिर आखिर न्यायिक कमिटी का गठन क्यों किया था।