फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Silence emboldens bully China stands with India targets Trump tariffs

Tariff War: 'चुप्पी धमकाने वालों को ताकत देती है', टैरिफ मामले में US पर बरसा चीन; भारत के पक्ष में कही ये बात

Thu, 21 Aug 2025 08:19 PM IST
निर्मल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली।
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली। Published by: निर्मल कांत Updated Thu, 21 Aug 2025 08:19 PM IST
सार

India-China: चीन के राजदूत शू फेइहोंग ने अमेरिका की ओर से भारत पर लगाए गए टैरिफ का विरोध करते हुए कहा कि उनका देश भारत के साथ मजबूती से खड़ा रहेगा और चुप रहने धौंस जमाने वालों की ताकत और बढ़ती है। उन्होंने भारत-चीन को एशिया के आर्थिक विकास के दो इंजन बताया।

विज्ञापन
Silence emboldens bully China stands with India targets Trump tariffs
शू फेइहोंग (फाइल) - फोटो : वीडियो ग्रैब/एएनआई

विस्तार

चीन के विदेश मंत्री वांग यी के भारत दौरे के एक दिन बाद चीन के राजदूत शू फेइहोंग ने अमेरिका की ओर से भारत पर लगाए गए टैरिफ (शुल्क) का विरोध किया और भारत-चीन सहयोग को और मजबूत करने की बात कही। राजदूत शू ने कहा, अमेरिका ने भारत पर 50 फीसदी तक टैरिफ लगाया है और इससे ज्यादा की भी धमकी दी है। चीन इसका कड़ा विरोध करता है। चुप्पी केवल धौंस जमाने वाले को और ताकत देती है। चीन मजबूत से भारत के साथ खड़ा रहेगा। 

विज्ञापन


'भारत और चीन एशिया के विकास के दो इंजन'
उन्होंने यह भी कहा कि चीन एकतरफा व्यापारिक दबावों के खिलाफ भारत के साथ खड़ा है। शू ने आगे कहा कि भारत और चीन का एक साथ आना न न केवल क्षेत्रीय बल्कि वैश्विक विकास के लिए भी जरूरी है। उन्होंने कहा, इतने बड़े दो देशों के लिए एकता और सहयोग ही साझा विकास का रास्ता है। भारत और चीन की दोस्ती पूरे एशिया के लिए लाभकारी है। हम दोनों एशिया के आर्थिक विकास के दो इंजन हैं। भारत-चीन की एकता पूरी दुनिया के लिए लाभकारी है। हम दोनों की यह जिम्मेदारी है कि दुनिया में बराबरी और संतुलन वाली बहुध्रुवीय व्यवस्था को बढ़ावा दें। 
विज्ञापन

 
ये भी पढ़ें: ओवैसी ने की मोदी सरकार की चीन नीति की आलोचना, सीमा की स्थिति और व्यापार घाटे पर उठाए सवाल
विज्ञापन
विज्ञापन


'भारतीय वस्तुओं का चीनी बाजार में स्वागत'
चीनी राजदूत ने आगे कहा, भारत और चीन के बीच भरोसे को बढ़ाना जरूरी है। उन्होंने कहा, हमें रणनीतिक स्तर पर एक-दूसरे पर भरोसा बढ़ाना चाहिए और आपसी संदेह से बचना चाहिए। हम प्रतिद्वंद्वी नहीं, साझेदार हैं। उन्होंने यह भी कहा, हम भारत के साथ मिलकर रणनीतिक विकास को बढ़ावा देना चाहते हैं और सहयोग का दायरा भी बढ़ाना चाहते हैं। हम भारतीय वस्तुओं का चीनी बाजार में स्वागत करते हैं। 

भारत दौरे पर आए चीनी विदेश मंत्री वांग यी
शू फेइहोंग का यह बयान उस समय आया है, जब 19 अगस्त को चीन और भारत के बीच सीमा विवाद पर विशेष प्रतिनिधियों की 24वीं बैठक हुई है। इस बैठक में वांग यी और राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल शामिल हुए। इसके अलावा, वांग यी ने 18 अगस्त को विदेश मंत्री एस जयशंकर से और फिर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। 

ये भी पढ़ें: तुर्किये की कंपनी सेलेबी ने वापस ली याचिका, 'ऑपरेशन सिंदूर' के दौरान रद्द हुई थी सुरक्षा मंजूरी

दोनों पक्षों ने सीमा पर शांति बनाए रखने की अहमियत दोहराई
शू ने कहा कि इन वार्ताओं में दोनों पक्षों के बीच 10 महत्वपूर्ण सहमतियां बनी हैं। उन्होंने कहा कि दोनों पक्षों ने 23वीं बैठक के बाद हुई प्रगति और कजान (रूस) में शीर्ष नेताओं के बीच बनी सहमति को लागू करने की सराहना की। दोनों पक्षों ने सीमा पर शांति बनाए रखने की अहमियत को दोहराया और इस मुद्दे को सौहार्दपूर्ण बातचीत के जरिए सुलझाने पर सहमति जताई, ताकि भारत-चीन संबंधों का समग्र विकास हो सके।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed